Azamgarh News : आजमगढ़ सीएमओ का सख्त निर्देश, आयुष्मान आरोग्य मंदिरों की होगी नियमित जांच
Azamgarh News : आजमगढ़ सीएमओ ने आयुष्मान आरोग्य मंदिरों के नियमित संचालन, निरीक्षण और टीकाकरण व्यवस्था पर दिए सख्त निर्देश।
Azamgarh News: मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. एन. आर. वर्मा ने जनपद के समस्त अधीक्षकों, प्रभारी चिकित्साधिकारियों एवं अन्य संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि अपने-अपने विकास खंडों के अंतर्गत संचालित समस्त आयुष्मान आरोग्य मंदिरों का नियमित निरीक्षण एवं प्रभावी मॉनिटरिंग सुनिश्चित करें।उन्होंने कहा कि सभी प्रभारी अपनी-अपनी टीमों के माध्यम से अपने ब्लॉक के सभी आयुष्मान आरोग्य मंदिरों का भ्रमण कर निरीक्षण करें तथा उसकी विस्तृत रिपोर्ट मुख्य चिकित्साधिकारी कार्यालय को प्रेषित करें।
सीएमओ ने बताया कि जनपद स्तरीय नोडल अधिकारियों एवं अन्य टीमों द्वारा भी परिधीय चिकित्सालयों एवं आयुष्मान आरोग्य मंदिरों का औचक निरीक्षण किया जाएगा, जिससे स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता एवं नियमित संचालन सुनिश्चित हो सके।उन्होंने सभी अधीक्षकों एवं प्रभारियों को विशेष रूप से निर्देशित किया कि बुधवार एवं शनिवार को किसी प्रकार की बैठक आयोजित न की जाए, क्योंकि इन दिनों आयोजित होने वाले नियमित टीकाकरण सत्रों पर इसका प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। उन्होंने कहा कि टीकाकरण कार्यक्रम शासन की अत्यंत महत्वपूर्ण प्राथमिकताओं में शामिल है, इसलिए इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
मुख्य चिकित्साधिकारी ने यह भी निर्देशित किया कि सभी प्रभारी यह सुनिश्चित करें कि आयुष्मान आरोग्य मंदिर प्रतिदिन निर्धारित समय पर खुलें एवं निर्धारित समय पर बंद हों। कई स्थानों से आयुष्मान आरोग्य मंदिरों के बंद रहने अथवा उनके खुलने एवं बंद होने के समय में अनियमितता संबंधी शिकायतें लगातार प्राप्त हो रही हैं, जो अत्यंत गंभीर विषय है।डॉ. वर्मा ने स्पष्ट किया कि किसी भी प्रकार की शिथिलता, लापरवाही अथवा अनियमितता पाए जाने पर संबंधित प्रभारी पूर्ण रूप से उत्तरदायी होंगे।
ऐसी स्थिति संबंधित क्षेत्र के अधिकारी के लिए गंभीर त्रुटी मानी जाएगी तथा तत्काल आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित की जाएगी।उन्होंने समस्त क्षेत्रीय डिप्टी सीएमओ को निर्देशित किया कि अपने भ्रमण कार्यक्रम के दौरान आयुष्मान आरोग्य मंदिरों का अनिवार्य रूप से निरीक्षण करें तथा वहां पाई जाने वाली किसी भी लापरवाही अथवा अनियमितता पर तत्काल प्रभाव से आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करें।