Hapur News: नि:शुल्क ई-रिक्शा एंबुलेंस सेवा शुरू, CMO बोले- 'गोल्डन आवर' में मिलेगा मरीजों को इलाज

Hapur News: हापुड़ में स्वास्थ्य विभाग और रोटरी क्लब की पहल से नि:शुल्क ई-रिक्शा एंबुलेंस सेवा शुरू हुई। अब संकरी गलियों से भी मरीजों को समय पर अस्पताल पहुंचाने में मिलेगी मदद।

By :  Avnish Pal
Update:2026-07-31 19:30 IST

नि:शुल्क ई-रिक्शा एंबुलेंस सेवा शुरू, CMO बोले- 'गोल्डन आवर' में मिलेगा मरीजों को इलाज (Photo- Newstrack)

Hapur News: उत्तर प्रदेश के हापुड़ जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सुलभ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। अब शहर की संकरी गलियों, घनी आबादी

वाले मोहल्लों और भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में रहने वाले मरीजों को अस्पताल पहुंचाने के लिए घंटों इंतजार नहीं करना पड़ेगा। मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. किशोर कुमार आहूजा ने शुक्रवार को नि:शुल्क ई-रिक्शा एंबुलेंस सेवा का शुभारंभ किया। यह अनूठी पहल रोटरी क्लब हापुड़ के सहयोग से शुरू की गई है, जिसका उद्देश्य जरूरतमंद मरीजों को समय पर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना है।

स्वास्थ्य विभाग का मानना है कि यह सेवा उन इलाकों में बेहद कारगर साबित होगी, जहां सामान्य एंबुलेंस का पहुंचना मुश्किल होता है। इससे मरीजों को समय पर अस्पताल पहुंचाकर उनकी जान बचाने की संभावना भी बढ़ेगी।

संकरी गलियों की सबसे बड़ी समस्या का मिला समाधान

हापुड़ शहर के कई पुराने मोहल्लों और घनी आबादी वाले क्षेत्रों में सड़कें इतनी संकरी हैं कि चार पहिया एंबुलेंस का प्रवेश संभव नहीं हो पाता। ऐसे में मरीजों को चारपाई, व्हीलचेयर या निजी वाहनों के सहारे मुख्य सड़क तक लाना पड़ता है, जिससे इलाज में देरी होती है।

नई ई-रिक्शा एंबुलेंस इसी समस्या का समाधान लेकर आई है। यह छोटी गलियों में आसानी से पहुंचकर मरीजों को सुरक्षित तरीके से नजदीकी अस्पताल, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र या मेडिकल सुविधा तक पहुंचाएगी।

बुजुर्गों, दिव्यांगों और गंभीर मरीजों को मिलेगी सबसे बड़ी राहत

इस सेवा का सबसे अधिक लाभ बुजुर्गों, दिव्यांगों, गर्भवती महिलाओं, दुर्घटना में घायल लोगों और गंभीर रूप से बीमार मरीजों को मिलेगा।आपातकालीन स्थिति में हर मिनट महत्वपूर्ण होता है और यह ई-रिक्शा एंबुलेंस उसी "गोल्डन आवर" का बेहतर उपयोग सुनिश्चित करने में मदद करेगी।

पूरी तरह नि:शुल्क रहेगी सेवा

रोटरी क्लब हापुड़ के पदाधिकारियों ने बताया कि यह सेवा पूरी तरह नि:शुल्क रहेगी। मरीजों या उनके परिजनों से किसी प्रकार का शुल्क नहीं लिया जाएगा। क्लब का उद्देश्य समाज के जरूरतमंद लोगों तक समय पर स्वास्थ्य सहायता पहुंचाना है।

CMO डॉ. किशोर कुमार आहूजा का बयान

मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. किशोर कुमार आहूजा ने कहा, "शहर के कई ऐसे क्षेत्र हैं जहां सामान्य एंबुलेंस का पहुंचना संभव नहीं हो पाता। ऐसे मामलों में मरीज को अस्पताल तक लाने में काफी समय लग जाता है। ई-रिक्शा एंबुलेंस इस चुनौती का प्रभावी समाधान साबित होगी। हमारा प्रयास है कि हर मरीज को 'गोल्डन आवर' के भीतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध हो, क्योंकि समय पर इलाज मिलने से कई गंभीर मरीजों की जान बचाई जा सकती है। रोटरी क्लब द्वारा शुरू की गई यह निशुल्क सेवा स्वास्थ्य विभाग के प्रयासों को और मजबूत करेगी तथा आमजन को बड़ी राहत मिलेगी।"

स्वास्थ्य सेवाओं में नई शुरुआत

स्वास्थ्य विभाग और रोटरी क्लब की इस संयुक्त पहल को शहर की आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं के लिए बड़ा कदम माना जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि भविष्य में इस तरह की और ई-रिक्शा एंबुलेंस जोड़ी जाती हैं, तो शहर के हर मोहल्ले तक तेजी से चिकित्सा सहायता पहुंचाना संभव हो सकेगा।यह पहल न केवल मरीजों को समय पर अस्पताल पहुंचाने में मदद करेगी, बल्कि हापुड़ में आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को भी नई मजबूती प्रदान करेगी।

Tags:    

Similar News