Raebareli News: सीएम योगी के दौरे से पहले लगे ‘वापस जाओ’ के पोस्टर, सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
Raebareli News: रायबरेली में सीएम योगी के दौरे से पहले ‘वापस जाओ’ के पोस्टर लगाए जाने से हड़कंप मच गया। घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठे।
Raebareli News(Photo-Social Media)
Raebareli News: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सोमवार को प्रस्तावित एक दिवसीय रायबरेली दौरे से पहले शहर में लगाए गए विरोधी पोस्टर चर्चा का विषय बन गए। देर रात शहर के विभिन्न चौराहों और जेल गार्डन रोड पर मुख्यमंत्री के खिलाफ पोस्टर लगाए गए, जो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। पोस्टर लगाए जाने के बाद प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं।
बताया जा रहा है कि ये पोस्टर समाजवादी छात्र सभा रायबरेली की ओर से लगाए गए हैं। डस्टबिन और दीवारों पर लगाए गए पोस्टरों में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को संबोधित करते हुए “रायबरेली के युवाओं को बेरोजगारी देने वाले, प्राइमरी स्कूलों को बंद करने वाले, टूटी सड़कें देने वाले, उद्योग-धंधों से वंचित रखने वाले वापस जाओ” जैसे नारे लिखे गए हैं।
मुख्यमंत्री के आगमन से पहले शहर में सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद किए जाने का दावा किया जा रहा था। इसके बावजूद प्रमुख मार्गों और चौराहों पर विरोधी पोस्टर लगाए जाने से सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं। पोस्टर सामने आने के बाद प्रशासन और पुलिस के स्तर पर इन्हें हटाने की कार्रवाई की जा रही है।
गौरतलब है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज रायबरेली में 879 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली 346 विकास परियोजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास कार्यक्रम में शामिल होंगे। कार्यक्रम का आयोजन फिरोज गांधी डिग्री कॉलेज मैदान में किया जाएगा। कार्यक्रम के दौरान रायबरेली, बछरावां और हरचंदपुर विधानसभा क्षेत्रों से जुड़ी विभिन्न विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया जाएगा। इन परियोजनाओं में सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, सिंचाई और अन्य बुनियादी सुविधाओं से जुड़े कार्य शामिल हैं।
इसके अलावा विभिन्न सरकारी योजनाओं के लाभार्थियों को डीबीटी के माध्यम से करीब 19 करोड़ रुपये की राशि हस्तांतरित की जाएगी। लाभार्थियों को आयुष्मान कार्ड, लैपटॉप, स्वीकृति पत्र और आवास की चाबियां भी वितरित की जाएंगी। सपेरा समुदाय समेत अन्य आवासविहीन परिवारों को आवासीय पट्टे के आवंटन पत्र दिए जाने की भी तैयारी है। मुख्यमंत्री के दौरे और विकास परियोजनाओं के कार्यक्रम के बीच शहर में लगे विरोधी पोस्टरों ने राजनीतिक माहौल को गरमा दिया है। अब पुलिस और प्रशासन के सामने कार्यक्रम को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के साथ-साथ पोस्टर लगाने वालों की पहचान करना भी चुनौती बन गया है।