Krishna Janmashtami Bhog: कृष्ण जन्माष्टमी पर राशि के अनुसार भोग, शुभ योग और पूजा विधि

Krishna Janmashtami Bhog: इस साल की जन्माष्टमी बहुत खास है, इस दिन अगर आप अपनी राशि के अनुसार पूजा और भोग लगाते है तो कृष्ण की कृपा बरसेगी, जानिए शुभ योग , विधि और भोग

Suman  Mishra
Published on: 16 Aug 2025 9:21 AM IST (Updated on: 16 Aug 2025 3:23 PM IST)
Krishna Janmashtami Bhog: कृष्ण जन्माष्टमी पर राशि के अनुसार भोग, शुभ योग और पूजा विधि
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Krishna Janmashtami Bhog जन्माष्टमी पर श्रीकृष्ण को भोग: आज जन्माष्टमी है। इसको लेकर हर तरफ तैयारी जारी है, लोग लड्डू गोपाल की सेवा में लगे है। आज रात जन्मोत्सव का आनंद लेंगे।कान्हा के जन्म के उत्सव में हर छोटी बड़ी तैयारी का ध्यान रखा जाता है। उसमें भी चढाये जाने वाले प्रसाद का भी खास महत्व होता है। अगर जन्माष्टमी पर कान्हा को जो भोग लगाते है वो राशि के अनुसार हो तो फलदायी होता है।

जन्माष्टमी के दिन कन्हैया को छप्पन भोग चढ़ाया जाता हैं। लेकिन भगवान कृष्ण को सबसे अधिक पसंद माखन मिश्री, पंचामृत और पंजीरी होती है। कहते हैं कि भगवान कृष्ण को जो प्रसाद चढ़ाया जाता है उस भोग को बाल भोग कहा जाता है। कहा जाता है कि परिवार की सुख शांति के लिए श्रीकृष्ण के समक्ष सच्चे ह्रदय से जो मांगे वो पूरा होगा। इस बार जन्माष्टमी पर राशि अनुसार भोग चढाये और बाल गोपाल की कृपा पाएं।

जन्माष्टमी पर राशि अनुसार भोग

मेष राशि के जातक के पंचामृत से श्रीकृष्ण की पूजा करें तो लाभ होगा। प्रेम संबंधों में चल रही परेशानी दूर होंगी। गाय के दूध से भगवान कृष्ण की पूजा करें।

वृषभ राशि के जातकों कृष्ण भगवान को सफेद मक्खन का भोग जरूर लगाएं। श्रीकृष्ण को सफेद रंग काफी प्रिय है जीवन में सुख सुविधाओं में वृद्धि होगी ।

मिथुन राशि के जातक भगवान कृष्ण को मिश्री का भोग लगाएं। गन्ने के रस से प्रभु का अभिषेक कर सकते हैं।जातक के मन में चल रही हर इच्छाएं पूर्ण होंगी सभी काम पूरे होंगे।

कर्क राशि के जातक दूध में तुलसी डालकर भगवान कृष्ण को भोग लगाएं। कच्चे दूध से भगवान कृष्ण का अभिषेक जरूर करें।जातक के जीवन में चल रही कठिनाइयां दूर होंगी।

सिंह राशि के जातक जन्माष्टमी के दिन जातक गुलाब के शरबत से भगवान का अभिषेक करें, श्रीकृष्ण को झूला जरूर झुलाएं और केसर की बर्फी का भोग लगाएं। शादी की समस्या खत्म होगी। वैवाहिक जीवन में खुशहाली आएगी।

कन्या राशि श्रीकृष्ण को लड्डू का भोग लगाएं और गन्ने के रस से कान्हा का अभिषेक करें।जातकों का भाग्योदय होगा। व्यवहार में सकारात्मक परिवर्तन आएगा।

तुला राशि के भगवान कृष्ण को सफेद मक्खन का भोग लगाएं। लस्सी से श्रीकृष्ण का अभिषेक करें। धन संबंधी परेशानी दूर होंगी। रुपए-पैसों को लेकर चिंताएं दूर होंगी।

वृश्चिक राशि के जातक के जन्माष्टमी पर पूजा का शीघ्र पल मिलेगा। इस राशि के जातक भगवान कृष्ण को गाय के दूध से भोग लगाएं। पंचामृत से उनका अभिषेक करें।

धनु राशि के जातक श्रीकृष्ण को बेसन की बर्फी का भोग जरूर लगाएं। हल्दी और दूध से बाल गोपाल का अभिषेक करें।जातकों को जन्माष्टमी के दिन शुभ समाचार मिलेंगे।

मकर राशि के जातक गंगाजल से कृष्ण का अभिषेक करें। पढ़ाई-लिखाई में बेहतर करेंगे। एकाग्रता बढ़ेगी और करियर में तरक्की मिलेगी।

कुंभ राशि के जातक जन्माष्टमी पर देशी घी की मिठाई से कन्हैया को भोग लगाएं। पंचामृत से उनका अभिषेक करना ना भूले। घर में खुशहाली आएगी।

मीन राशि के जातक जन्माष्टमी पर बेसन की बर्फी से श्रीकृष्ण को भोग लगाएं। केसर युक्त दूध से उनका अभिषेक करें। व्यापार में सफलता मिलेगी ,कष्ट दूर होंगे।

जन्माष्टमी 2025 शुभ योग

इस बार जन्माष्टमी पर16 अगस्त को कईं शुभ योग बनेंगे, जो इस दिन को और खास बना रहा । इस दिन वृद्धि, ध्रुव, ध्वजा और श्रीवत्स नाम के शुभ योग रहेंगे। इनके अलावा बुधादित्य और गजलक्ष्मी नाम के राजयोग भी ग्रहों की विशेष स्थिति के चलते बनेंगे।अमृतसिद्धि योग और सर्वार्थसिद्धि योग भी दिन को खास बना रहा है। इसमें पूजा का फल मिलता है।

जन्माष्टमी व्रत-पूजा विधि

जन्माष्टमी व्रत करना चाहते हैं तो ब्रह्मचर्य का पालन करें। 16 अगस्त, शनिवार की सुबह जल्दी उठकर स्नान आदि करने के बाद हाथ में जल-चावल लेकर व्रत-पूजा का संकल्प लें। दिन में सिर्फ एक अपनी इच्छा अनुसार फलाहार करें।दिन भर मन ही मन श्रीकृष्ण के मंत्रों का जाप करें। किसी की बुराई न करें, न ही किसी पर क्रोध करें। रात्रि पूजन से पहले पूरी पूजन सामग्री एक स्थान पर इकट्ठा करके रखें। शुभ मुहूर्त में घर में किसी साफ स्थान पर भगवान का पालना रखकर इसे अच्छी तरह से सजाएं और लड्डू गोपाल का चित्र या प्रतिमा स्थापित करें। इसके बाद पूजा करना शुरू करें।

सबसे पहले कुमकुम से भगवान को तिलक करें। फूल चढ़ाएं। शुद्ध घी का दीपक जलाएं। इसके बाद पूजन सामग्री जैसे- अबीर, गुलाल, इत्र, नारियल, फूल, फल आदि अर्पित करें। पूजा करते समय ऊं नमो भगवते वासुदेवाय नम: मंत्र का जाप करें। भगवान को भोग लगाएं। भोग में तुलसी के पत्ते जरूर रखें। परिवार सहित भगवान की विधि-विधान से आरती करें। रात को सोएं नहीं, भजन-कीर्तन करते रहें। साथ ही भगवान को पालने को झूला देते रहें जैसे छोटे बच्चे को झूलाते हैं। अगले दिन ब्राह्मणों को विधि-विधान से व्रत का पारण करें। पारण के बाद प्रसाद खाकर व्रत पूर्ण करें और फिर भोजन करें। इस तरह जन्माष्टमी का व्रत-पूजा करने से भगवान श्रीकृष्ण की कृपा से घर-परिवार में सुख-समृद्धि बनी रहती है।

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Suman  Mishra

Suman Mishra

एस्ट्रोलॉजी एडिटर

मैं वर्तमान में न्यूजट्रैक और अपना भारत के लिए कंटेट राइटिंग कर रही हूं। इससे पहले मैने रांची, झारखंड में प्रिंट और इलेक्ट्रानिक मीडिया में रिपोर्टिंग और फीचर राइटिंग किया है और ईटीवी में 5 वर्षों का डेस्क पर काम करने का अनुभव है। मैं पत्रकारिता और ज्योतिष विज्ञान में खास रुचि रखती हूं। मेरे नाना जी पंडित ललन त्रिपाठी एक प्रकांड विद्वान थे उनके सानिध्य में मुझे कर्मकांड और ज्योतिष हस्त रेखा का ज्ञान मिला और मैने इस क्षेत्र में विशेषज्ञता के लिए पढाई कर डिग्री भी ली है Author Experience- 2007 से अब तक( 17 साल) Author Education – 1. बनस्थली विद्यापीठ और विद्यापीठ से संस्कृत ज्योतिष विज्ञान में डिग्री 2. रांची विश्वविद्यालय से पत्राकरिता में जर्नलिज्म एंड मास कक्मयूनिकेश 3. विनोबा भावे विश्व विदयालय से राजनीतिक विज्ञान में स्नातक की डिग्री

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