TRENDING TAGS :
सितंबर 2025 में ऑटो बाजार की तेजी - GST 2.0 और त्योहारी ऑफर्स ने बढ़ाई बिक्री
सितंबर 2025 में GST 2.0 और त्योहारों के ऑफर्स ने भारतीय ऑटो बाजार में पैसेंजर व्हीकल्स, दोपहिया और तिपहिया वाहनों की बिक्री को नई ऊंचाइयों पर पहुंचा दिया।
Auto Market Surges September 2025: सितंबर 2025 भारतीय ऑटो उद्योग के लिए एक यादगार और सकारात्मक महीना साबित हुआ है। SIAM के ताजा आंकड़ों के अनुसार इस महीने पैसेंजर व्हीकल्स, दोपहिया और तिपहिया वाहनों की बिक्री में जबरदस्त वृद्धि देखने को मिली है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तेजी के पीछे सबसे बड़ा कारण GST 2.0 का लागू होना है, जिसने छोटे और मध्यम सेगमेंट के वाहनों पर टैक्स कम कर दिया, जिससे वाहन खरीदना अधिक किफायती और पारदर्शी हुआ। इसके साथ ही पूरे देश में त्योहारी ऑफर्स, डिस्काउंट्स और आसान फाइनेंसिंग विकल्प ने उपभोक्ताओं को आकर्षित किया। नवरात्रि और दीवाली जैसे त्योहारों के समय वाहन निर्माता कंपनियों ने ग्राहकों के लिए विशेष योजनाएं और ऑफर्स पेश किए, जिससे बिक्री में और बढ़ोतरी हुई। इस तरह सितंबर 2025 ने भारतीय ऑटो बाजार में नए रिकॉर्ड बनाए और अगले महीनों के लिए मजबूत उम्मीदें जगाई हैं।
SIAM के आंकड़े
सितंबर 2025 में भारतीय ऑटो बाजार ने शानदार बिक्री प्रदर्शन दर्ज किया। पैसेंजर व्हीकल्स की बिक्री इस महीने 3,72,458 यूनिट्स रही, जो पिछले साल के सितंबर की तुलना में 4.4% अधिक है। दोपहिया वाहनों की बिक्री ने भी जबरदस्त उछाल दिखाया और कुल 21,60,889 यूनिट्स बेची गईं, जो लगभग 7% की वृद्धि दर्शाती है। तिपहिया वाहनों की बिक्री में भी सुधार देखा गया, जो 84,077 यूनिट्स तक पहुंची और 5.5% की बढ़ोतरी दर्ज की गई। वहीं, कमर्शियल वाहन का प्रदर्शन स्थिर रहा, लेकिन हल्का सुधार दिखाई दिया।
ऑटो बिक्री बढ़ने के पीछे के कारण
सितंबर 2025 में भारतीय ऑटो बाजार की वृद्धि के पीछे सबसे बड़ा कारण GST 2.0 की छूट रही। इस सुधार के तहत पैसेंजर व्हीकल्स, दोपहिया और कमर्शियल वाहनों के टैक्स दरों में कमी की गई, खासकर छोटी लंबाई वाले वाहनों और कम इंजन क्षमता वाले दोपहिया वाहनों पर। इससे उपभोक्ताओं के लिए वाहन खरीदना अधिक किफायती और पारदर्शी हो गया, जिससे बाजार में खरीदारी की भावना मजबूत हुई।
साथ ही, पूरे देश में त्योहारी ऑफर्स और फेस्टिवल सेल ने बिक्री को और बढ़ावा दिया। नवरात्रि और दीवाली के दौरान वाहन निर्माता कंपनियों ने भारी डिस्काउंट्स, आसान फाइनेंसिंग विकल्प और नई योजनाएं पेश कीं। प्रमुख ब्रांड जैसे मारुति सुजुकी, टाटा मोटर्स, महिंद्रा, हुंडई, हीरो मोटोकॉर्प और बजाज ऑटो ने उपभोक्ताओं को आकर्षित करने के लिए विशेष ऑफर्स लांच किए, जिससे बिक्री में बढ़ोतरी हुई।
इसके अलावा, ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में मांग में वृद्धि भी देखने को मिली। किसानों की बढ़ी आय और अच्छी फसल के कारण ग्रामीण इलाकों में बाइक की बिक्री में उछाल आया, जबकि शहरों में त्योहारी खरीदारी की भावना ने कार और SUV बिक्री को मजबूत किया। इस तरह GST कटौती, त्योहारी ऑफर्स और बढ़ती मांग ने मिलकर भारतीय ऑटो बाजार को सितंबर 2025 में नए रिकॉर्ड तक पहुंचाया।
त्योहारी सीजन में ब्रांडों ने बढ़ाई बिक्री की रफ्तार
सितंबर 2025 में प्रमुख ऑटो ब्रांडों ने भी शानदार प्रदर्शन किया। मारुति सुजुकी ने त्योहारी सीजन में मजबूत बिक्री दर्ज की और इसका बाजार हिस्सा 35.1% रहा। टाटा मोटर्स ने 60,907 कारें बेचकर 47% सालाना वृद्धि के साथ दूसरे स्थान पर अपनी स्थिति मजबूत की। वहीं, महिंद्रा और हुंडई ने SUV सेगमेंट में सकारात्मक प्रदर्शन दिखाया, जिससे उच्च-इंजन और परिवारिक वाहनों की मांग बढ़ी। दोपहिया वाहन श्रेणी में हीरो मोटोकॉर्प, होंडा, TVS और बजाज ऑटो ने ग्रामीण और शहरी बाजारों में मजबूत पकड़ बनाई और ग्राहकों को आकर्षित किया।
खरीदारी का जोश और आगे की उम्मीदें
SIAM के अनुसार, इस साल त्योहारी सीजन की शुरुआत नवरात्रि से हुई, जिससे Q2 के अंत में खुदरा बिक्री में तेज़ी देखने को मिली। विशेषज्ञों का मानना है कि इस बढ़ती मांग का प्रभाव अगले कुछ महीनों तक बना रहेगा। इस ट्रेंड से यह स्पष्ट होता है कि भारतीय ऑटोमोबाइल सेक्टर लंबी अवधि में मजबूत और स्थिर होने की राह पर है। उपभोक्ताओं का उत्साह, त्योहारी ऑफर्स और GST 2.0 जैसी नीतियां मिलकर ऑटो बाजार को नई ऊर्जा दे रही हैं।


