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Repo Rate Update: RBI का चौंकाने वाला फैसला - लोन रेट्स स्थिर, दिसंबर तक राहत नहीं!
RBI ने रेपो रेट 5.50% पर स्थिर रखा, EMI में राहत नहीं मिली। महंगाई कम हो रही है और ग्रोथ बढ़ रही है, अब निवेशकों को दिसंबर में राहत की उम्मीद।
Repo Rate Update: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने आम लोगों को बड़ा झटका दिया है। हाल ही में हुई MPC मीटिंग में बैंक ने पॉलिसी रेट यानी रेपो रेट में कोई कटौती नहीं करने का फैसला किया। यह लगातार दूसरी बार है जब RBI ने लोन इंटरेस्ट रेट में कोई बदलाव नहीं किया।
RBI के 6 में से 5 सदस्यों ने रेपो रेट को 5.50% पर ही बनाए रखने का समर्थन किया। इससे पहले अगस्त में भी RBI ने EMI रेट में कोई बदलाव नहीं किया था। कई अर्थशास्त्रियों को उम्मीद थी कि RBI रेपो रेट में 0.25% की कटौती कर सकता है, लेकिन ऐसा नहीं हुआ।
क्यों नहीं किया रेपो रेट में कटौती?
आरबीआई के सामने महंगाई और विदेशी टैरिफ के कारण ग्रोथ में गिरावट का खतरा था। कई जानकारों का कहना है कि रेपो रेट में कटौती न करना एक रणनीतिक फैसला है। दरअसल, अगर अभी रेट में कटौती की जाती, तो इस वित्त वर्ष में अर्थव्यवस्था पर ज़्यादा असर नहीं पड़ता। आरबीआई गवर्नर के संकेतों के अनुसार, दिसंबर में पॉलिसी रेट में कटौती की संभावना हो सकती है। इस साल आरबीआई ने अब तक रेपो रेट में कुल 1% की कटौती की है। फरवरी और अप्रैल में 0.25% की कटौती हुई थी, जबकि जून में 0.50% की बड़ी कटौती की गई थी।
RBI ने वित्त वर्ष के लिए महंगाई का आंकड़ा घटाया
RBI ने इस वित्त वर्ष के लिए महंगाई (inflation) का अनुमान 0.50% घटाकर 2.6% कर दिया है। अगस्त में यह अनुमान 3.1% था और पहले 3.7% तय किया गया था। यह दर्शाता है कि RBI लगातार महंगाई पर नजर रख रहा है।
ग्रोथ के अनुमान में वृद्धि
दूसरी ओर, RBI ने ग्रोथ (GDP growth) के अनुमान में बढ़ोतरी की है। अब MPC ने ग्रोथ को 6.8% बताया है, जबकि पहले यह 6.5% था। अर्थशास्त्रियों को उम्मीद थी कि RBI ग्रोथ अनुमान में बदलाव नहीं करेगी। ट्रंप टैरिफ के असर को भी ध्यान में रखा गया।


