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PAK पर फारूक अब्दुल्ला का ऐसा बयान, भड़क गई BJP! कहा- पाकिस्तान चले जाइए
Farooq Abdullah Pakistan Statement: फारूक अब्दुल्ला ने कश्मीर मुद्दे पर पाकिस्तान की भूमिका को लेकर बयान दिया। BJP ने पलटवार करते हुए उनके खिलाफ पुलिस कार्रवाई की मांग की।
Farooq Abdullah Controversy
Farooq Abdullah Pakistan Statement: कश्मीर (Kashmir) की सियासत में बयानबाजी का पारा ऐसा चढ़ा है कि एक तरफ नेशनल कॉन्फ्रेंस (National Conference) के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला (Farooq Abdullah) पाकिस्तान को कश्मीर मुद्दा अंतरराष्ट्रीय मंचों पर उठाने का श्रेय दे रहे हैं, तो दूसरी तरफ भारतीय जनता पार्टी (BJP) उनसे पूछ रही है कि आखिर पड़ोसी मुल्क की तारीफों के पीछे क्या तर्क है? शनिवार को बारामूला में दिए गए उनके बयान ने राजनीतिक गलियारों में नई बहस छेड़ दी है। फारूक का दावा है कि कश्मीर का मुद्दा दुनिया में उठते रहने से कश्मीरियों की पहचान बची हुई है, जबकि बीजेपी ने इसे पाकिस्तान समर्थक बयान बताते हुए उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग कर दी है। अब कश्मीर के सवाल पर सियासी तीर चल रहे हैं और दोनों पक्ष अपने-अपने तर्कों के साथ मैदान में हैं।
'पाकिस्तान मुद्दा उठाता है, इसलिए बची है हमारी पहचान'
उत्तर कश्मीर (North Kashmir) के बारामूला जिले में पार्टी के एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए फारूक अब्दुल्ला ने केंद्र सरकार को लेकर अविश्वास जताया। उन्होंने सवाल किया कि जम्मू-कश्मीर (Jammu and Kashmir) के लोगों को दिल्ली से न्याय की कितनी उम्मीद रखनी चाहिए। उन्होंने लोगों से साहस बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि अगर वे मजबूती से खड़े नहीं रहे, तो उनकी पहचान और अस्तित्व पर संकट आ सकता है।
फारूक अब्दुल्ला के मुताबिक, कश्मीर मुद्दे पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा जारी है और पाकिस्तान लगातार इसे उठाता रहा है। उन्होंने कहा कि दुनिया में यह बात बनी हुई है कि कश्मीर का फैसला अभी नहीं हुआ है और यही स्थिति कश्मीरियों के लिए अहम है। उनके इस बयान को लेकर अब राजनीतिक विवाद तेज हो गया है।
मुस्लिमों पर ज्यादती का आरोप, गांधी-नेहरू के भारत का किया जिक्र
नेशनल कॉन्फ्रेंस प्रमुख ने बीजेपी शासित राज्यों में मुसलमानों के खिलाफ कार्रवाई का आरोप भी लगाया। उन्होंने मस्जिदों को ढहाने, घरों पर बुलडोजर चलाने और दुकानों को तोड़े जाने का मुद्दा उठाया।
फारूक अब्दुल्ला ने कहा कि जम्मू-कश्मीर के लोगों ने कभी भारतीय होने से इनकार नहीं किया। उन्होंने महात्मा गांधी, जवाहरलाल नेहरू और मौलाना अबुल कलाम आजाद के भारत का जिक्र करते हुए कहा कि उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि सत्ता की राजनीति के लिए हिंदुओं और मुसलमानों को एक-दूसरे के खिलाफ खड़ा किया जाएगा। उन्होंने देश के सामाजिक ताने-बाने को नुकसान पहुंचने की बात कही और उम्मीद जताई कि मौजूदा दौर भी समाप्त होगा।
BJP का पलटवार, पुलिस कार्रवाई की मांग
फारूक अब्दुल्ला के बयान पर बीजेपी की जम्मू-कश्मीर इकाई के प्रवक्ता अल्ताफ ठाकुर ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने इसे पाकिस्तान समर्थक और राष्ट्रविरोधी बयान बताते हुए पुलिस से उनके खिलाफ मामला दर्ज करने की मांग की।
ठाकुर ने कहा कि संवैधानिक पदों पर रहने वाले नेताओं को पाकिस्तान के नैरेटिव को राजनीतिक वैधता नहीं देनी चाहिए। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि यदि फारूक अब्दुल्ला को पाकिस्तान से इतना लगाव है, तो उन्हें वहीं चले जाना चाहिए।
बीजेपी प्रवक्ता ने पाकिस्तान के कब्जे वाले जम्मू-कश्मीर (PoJK) का जिक्र करते हुए दावा किया कि वहां के लोग पाकिस्तान के शासन से परेशान हैं और भारत में शामिल होना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान ने आतंकवाद को बढ़ावा देकर जम्मू-कश्मीर को हिंसा, भय और अनिश्चितता के दौर में धकेला है।
'पाकिस्तान को रक्षक बताना गलत'
अल्ताफ ठाकुर ने आरोप लगाया कि फारूक अब्दुल्ला का बयान आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में सुरक्षाबलों और आम नागरिकों के बलिदान की अनदेखी करता है। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान को कश्मीरियों का रक्षक बताना उसके इतिहास और नीतियों से मेल नहीं खाता।
बीजेपी नेता के मुताबिक, जम्मू-कश्मीर के लोग शांति और विकास चाहते हैं, न कि ऐसी राजनीतिक बयानबाजी जो पाकिस्तान के प्रचार को फायदा पहुंचाए।


