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‘विपक्ष के नेता नहीं, मदारी हैं राहुल...’, गिरिराज सिंह का बड़ा हमला, सोनिया पर भी उठाए बड़े सवाल
Giriraj Singh Targets Rahul: केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए उन्हें ‘मदारी’ बताया। उन्होंने सोनिया गांधी की नागरिकता और मतदाता सूची में नाम को लेकर भी सवाल उठाए और चुनाव आयोग के मुद्दे पर कांग्रेस को घेरा।
Image Source- Social Media
Giriraj Singh Targets Rahul: मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार (Gyanesh Kumar) के इस्तीफे की मांग को लेकर हो रहे प्रदर्शन के बीच केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह (Giriraj Singh) ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर तीखा हमला बोला है। गिरिराज सिंह ने राहुल गांधी को विपक्ष का नेता मानने से इनकार करते हुए उन्हें ‘मदारी’ तक कह दिया। उन्होंने कहा कि मंच पर बैठकर मजाक करना विपक्ष के नेता का काम नहीं है।
गिरिराज सिंह ने चुनाव आयोग (Election Commission) को लेकर कांग्रेस के रुख पर भी सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने ऐसे 15 चुनाव आयुक्तों (Election Commissioners) को सम्मानित किया है, जिन्होंने अपने पद से इस्तीफा दिया था। गिरिराज सिंह ने सवाल किया कि आज वही कांग्रेस चुनाव आयोग को लेकर सवाल क्यों उठा रही है।
‘राहुल गांधी विपक्ष के नेता नहीं, मदारी हैं’
गिरिराज सिंह ने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि राहुल गांधी सही मायने में विपक्ष के नेता नहीं हैं, बल्कि मदारी हैं। उन्होंने कहा कि मंच पर बैठकर मजाक करना विपक्ष के नेता का काम नहीं है।
उन्होंने राहुल गांधी और कांग्रेस के चुनाव आयोग को लेकर उठाए जा रहे सवालों पर भी हमला बोला। गिरिराज सिंह ने कहा कि कांग्रेस ने पहले ऐसे 15 चुनाव आयुक्तों को सम्मानित किया था, जिन्होंने अपने पद से इस्तीफा दिया था। अब वही कांग्रेस चुनाव आयोग पर सवाल उठा रही है। गिरिराज सिंह ने इसी को लेकर राहुल गांधी पर तंज कसते हुए कहा, ‘आज चोर ही चोरी के खिलाफ बोल रहा है।’
सोनिया गांधी की नागरिकता पर गिरिराज के सवाल
गिरिराज सिंह ने राहुल गांधी की मां सोनिया गांधी (Sonia Gandhi) की नागरिकता को लेकर भी सवाल खड़े किए। उन्होंने पूछा कि सोनिया गांधी ने 15 साल तक भारतीय नागरिकता क्यों नहीं ली।
गिरिराज सिंह ने सवाल किया कि अगर सोनिया गांधी के पास भारतीय नागरिकता नहीं थी, तो उन्होंने वोट कैसे दिया। उन्होंने दावा किया कि इस मामले में कोर्ट ने सोनिया गांधी की याचिका को खारिज कर दिया।
गिरिराज सिंह ने आरोप लगाया कि इस मामले से ध्यान भटकाने के लिए चुनाव आयोग पर हमला किया जा रहा है। उन्होंने कहा, ‘इन लोगों ने खुद ईसी को एक टूल बनाने का काम किया।’
‘सोनिया गांधी ने बिना नागरिकता लिए वोट कैसे डाला?’
गिरिराज सिंह ने राहुल गांधी से सीधे सवाल करते हुए कहा कि उन्हें बताना चाहिए कि उनकी मां ने बिना नागरिकता लिए वोट क्यों डाला। उन्होंने कहा कि अब वह जेल जाएंगी और राहुल गांधी भी अपनी जाति और धर्म नहीं बता रहे हैं।
गिरिराज सिंह ने जनगणना का जिक्र करते हुए राहुल गांधी पर तंज कसा। उन्होंने कहा कि जब जनगणना होगी तो राहुल गांधी को यह बताना होगा कि ‘अर्बन नक्सल’ की जाति क्या है।
क्या है सोनिया गांधी की नागरिकता से जुड़ा मामला?
दरअसल, सोनिया गांधी की नागरिकता से जुड़ा एक मामला दिल्ली की अदालत में चल रहा है। मामला 1983 में भारतीय नागरिकता हासिल करने से तीन साल पहले उनका नाम मतदाता सूची में शामिल किए जाने से जुड़ा है।
इसी मामले में प्राथमिकी दर्ज करने की अपील वाली याचिका पर फिर से सुनवाई का रास्ता साफ हुआ है। सत्र अदालत ने उस मजिस्ट्रेट के आदेश को रद्द कर दिया, जिसमें सोनिया गांधी के खिलाफ आरोपों की जांच का आदेश देने से इनकार कर दिया गया था। इसके बाद इस मामले में दोबारा सुनवाई का रास्ता खुल गया है।
मजिस्ट्रेट के आदेश के खिलाफ दायर हुई थी याचिका
यह मामला राउज एवेन्यू अदालतों की सेंट्रल दिल्ली कोर्ट बार एसोसिएशन के उपाध्यक्ष और अधिवक्ता विकास त्रिपाठी (Vikas Tripathi) की ओर से दायर शिकायत से जुड़ा है। उन्होंने मजिस्ट्रेट अदालत के आदेश के खिलाफ पुनरीक्षण याचिका दाखिल की थी। इसी पुनरीक्षण याचिका पर सुनवाई करते हुए विशेष न्यायाधीश विशाल गोगने (Vishal Gogne) ने मजिस्ट्रेट के आदेश को रद्द कर दिया।
कोर्ट ने आदेश में क्या कहा?
आदेश के अहम हिस्सों को पढ़ते हुए विशेष न्यायाधीश विशाल गोगने ने कहा कि अदालत के आदेश में कानून के प्रति निष्ठा होनी चाहिए, न कि तथ्यों के साथ खिलवाड़। जज ने कहा कि जब इस कसौटी पर अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की ओर से पारित आदेश को देखा गया तो उसमें खामियां नजर आईं।
इस फैसले के बाद सोनिया गांधी की नागरिकता और मतदाता सूची से जुड़ा यह मामला एक बार फिर चर्चा में आ गया है। इसी मुद्दे को लेकर केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह ने राहुल गांधी और कांग्रेस पर हमला बोला है और चुनाव आयोग के खिलाफ चल रहे विरोध प्रदर्शन को भी इसी मामले से जोड़कर सवाल उठाए हैं।


