Jharkhand Rajya Sabha Election: '56 नहीं अब 61...', झारखंड राज्यसभा चुनाव को ‘इंडिया’ गठबंधन ने बिछायी सियासी बिसात

Jharkhand Rajya Sabha Election: झारखंड में राज्यसभा की दो सीटों के लिए 18 जून को होने वाले चुनाव से पहले राजनीतिक माहौल पूरी तरह गरमा गया है। सत्तारूढ़ इंडिया गठबंधन और विपक्षी एनडीए दोनों अपनी-अपनी जीत के दावे कर रहे हैं।

Shishumanjali kharwar
Published on: 17 Jun 2026 8:31 AM IST (Updated on: 17 Jun 2026 8:31 AM IST)
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Jharkhand Rajya Sabha Election: झारखंड में राज्यसभा की दो सीटों के लिए 18 जून को होने वाले चुनाव से पहले राजनीतिक माहौल पूरी तरह गरमा गया है। सत्तारूढ़ इंडिया गठबंधन और विपक्षी एनडीए दोनों अपनी-अपनी जीत के दावे कर रहे हैं। विधानसभा में स्पष्ट बहुमत होने के बावजूद महागठबंधन लगातार अपने विधायकों की एकजुटता दिखाने में जुटा है, जबकि संख्या बल में पीछे होने के बावजूद एनडीए रणनीतिक बढ़त हासिल करने की कोशिश कर रहा है। चुनाव से पहले होटल राजनीति, मॉक पोल और क्रॉस वोटिंग की चर्चाओं ने मुकाबले को बेहद दिलचस्प बना दिया है।

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की मौजूदगी में मॉक पोल

राज्यसभा चुनाव की तैयारियों के तहत मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में इंडिया गठबंधन के विधायकों की अहम बैठक आयोजित की गई। इस दौरान विधायकों को मतदान प्रक्रिया का प्रशिक्षण दिया गया और मॉक पोल भी कराया गया। संसदीय कार्य मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने बताया कि मॉक पोल में झामुमो उम्मीदवार बैद्यनाथ राम को 29 वोट और कांग्रेस प्रत्याशी प्रणव झा को 27 वोट मिले। उन्होंने दावा किया कि किसी भी विधायक का वोट अमान्य नहीं हुआ। विधानसभा अध्यक्ष का वोट झामुमो के खाते में जाएगा, जबकि माले विधायक अरूप चटर्जी बैठक में शामिल नहीं हो सके, लेकिन उनका समर्थन कांग्रेस उम्मीदवार को मिलने की उम्मीद है। मंत्री योगेंद्र प्रसाद ने कहा कि महागठबंधन पूरी तरह एकजुट है और दोनों उम्मीदवारों की जीत सुनिश्चित है।

‘56 नहीं 61’ के नारे ने बढ़ाई राजनीतिक हलचल

राजनीतिक गलियारों में उस समय चर्चा और तेज हो गई जब झामुमो महासचिव विनोद पांडेय ने सोशल मीडिया पर “56 नहीं 61” का नारा दिया। इस बयान को लेकर कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं। माना जा रहा है कि महागठबंधन को अपने घोषित आंकड़े से अधिक वोट मिलने का भरोसा है। बैठक के बाद कांग्रेस नेताओं ने भाजपा पर तीखे हमले किए। मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने आरोप लगाया कि भाजपा कॉरपोरेट हितों के लिए राजनीति कर रही है। वहीं मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि खरीद-फरोख्त के आरोप झेलने वाली भाजपा अब अपने ही विधायकों को होटल में रखने को मजबूर है।

एनडीए ने भी संभाला मोर्चा

दूसरी ओर एनडीए ने भी चुनाव को प्रतिष्ठा का प्रश्न बना लिया है। भाजपा और उसके सहयोगी दलों के विधायक रांची के एक होटल में ठहराए गए हैं। भाजपा नेताओं का कहना है कि यह कदम चुनावी प्रशिक्षण और रणनीतिक बैठकों के लिए उठाया गया है। भाजपा नेता आदित्य साहू ने कहा कि राजनीति केवल संख्या का खेल नहीं है, बल्कि रणनीति भी उतनी ही महत्वपूर्ण होती है। उन्होंने कांग्रेस पर भी खरीद-फरोख्त के प्रयासों का आरोप लगाया।

पोलिंग और काउंटिंग एजेंटों की घोषणा

चुनाव को लेकर सभी प्रमुख दलों ने अपने पोलिंग और काउंटिंग एजेंट नियुक्त कर दिए हैं। कांग्रेस ने के. राजू और सीरी बेला प्रसाद को पोलिंग एजेंट तथा सांसद नासिर हुसैन को काउंटिंग एजेंट बनाया है। झामुमो ने विनोद पांडेय और सुदिव्य कुमार को जिम्मेदारी सौंपी है। वहीं भाजपा ने अमर कुमार बाउरी को पोलिंग एजेंट और भानु प्रताप शाही को काउंटिंग एजेंट नियुक्त किया है। 18 जून को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक मतदान होगा, जबकि मतगणना शाम 5 बजे शुरू होगी। अब सभी की निगाहें चुनाव परिणाम पर टिकी हैं, जो झारखंड की राजनीति में नए समीकरण तय कर सकते हैं।

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Shishumanjali kharwar

मीडिया क्षेत्र में 12 साल से ज्यादा कार्य करने का अनुभव। इस दौरान विभिन्न अखबारों में उप संपादक और एक न्यूज पोर्टल में कंटेंट राइटर के पद पर कार्य किया। वर्तमान में प्रतिष्ठित न्यूज पोर्टल ‘न्यूजट्रैक’ में कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत हूं।

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