QUAD से भारत की छुट्टी! अमेरिका सहित सदस्य देशों ने रची साजिश, इस देश पर लगाया दांव

इंडो-पैसिफिक में QUAD का भविष्य खतरे में! अमेरिका और अन्य सदस्य देशों ने भारत को हटाकर फिलीपींस को शामिल करने पर चर्चा शुरू की।

Shivam Shrivastava
Published on: 5 Nov 2025 7:00 PM IST
QUAD से भारत की छुट्टी! अमेरिका सहित सदस्य देशों ने रची साजिश, इस देश पर लगाया दांव
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इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में बढ़ते भू-राजनीतिक तनावों के बीच क्वाड (QUAD) गठबंधन के भविष्य पर गंभीर प्रश्नचिह्न लग गया है। सूत्रों के अनुसार, अमेरिका भारत के साथ तनावपूर्ण संबंधों के चलते QUAD में भारत की जगह फिलीपींस को शामिल करने पर विचार कर रहा है।

राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने अपने पहले कार्यकाल में क्वाड को दोबारा सक्रिय कर इंडो-पैसिफिक नीति का केंद्र बना दिया था। जापान, भारत, ऑस्ट्रेलिया और अमेरिका इन चार देशों ने मिलकर चीन के विस्तारवादी रवैये को संतुलित करने के उद्देश्य से यह गठबंधन बनाया था। इस कदम से अमेरिका और भारत के संबंधों में नई गहराई आई और क्वाड को “एशिया का नेटो” कहा जाने लगा।

ट्रंप के दूसरे कार्यकाल की शुरुआत में क्वाड पर एक बार फिर जोर दिया गया। जनवरी में शपथ ग्रहण के तुरंत बाद अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने क्वाड विदेश मंत्रियों की बैठक में भाग लिया, जिससे इंडो-पैसिफिक के प्रति ट्रंप सरकार की गंभीरता स्पष्ट हुई।

परंतु कुछ महीनों के भीतर ही भारत-अमेरिका संबंधों में तीखी गिरावट आने लगी। पाकिस्तान को लेकर अमेरिका की स्थिति, भारत पर लगाए गए उच्च व्यापारिक शुल्क, और सीमा विवादों पर भिन्न मतों ने क्वाड को लगभग निष्क्रिय कर दिया। नवंबर में होने वाली प्रस्तावित क्वाड समिट के रद्द होने से संकेत मिला कि यह गठबंधन अब ठंडे बस्ते में है।

“इंडिया-फ्री QUAD” की ओर संकेत

अमेरिकी युद्ध सचिव पीट हेगसेथ ने हाल ही में जापान, ऑस्ट्रेलिया और फिलीपींस के रक्षा मंत्रियों के साथ एक अहम बैठक की। यह कोई औपचारिक क्वाड बैठक नहीं थी, लेकिन इसमें वही मुद्दे उठे जो क्वाड का केंद्र होते हैं साउथ चाइना सी और ईस्ट चाइना सी में चीन की बढ़ती सैन्य गतिविधियां, और क्षेत्रीय अंतरराष्ट्रीय कानूनों का पालन।

इस बैठक को विशेषज्ञों ने “इंडिया के बिना क्वाड समिट” करार दिया है। विश्लेषकों का मानना है कि यह अमेरिका की उस रणनीति की झलक है जिसमें भारत को दरकिनार कर फिलीपींस को नए सहयोगी के रूप में आगे लाया जा रहा है।

क्या फिलीपींस भारत की जगह ले सकता है?

रक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, फिलीपींस की सैन्य और तकनीकी क्षमता भारत की तुलना में काफी कम है। भारत न केवल क्षेत्रीय शक्ति है बल्कि चीन के खिलाफ एक प्रभावी संतुलनकारी देश रहा है। ऐसे में फिलीपींस को शामिल करना क्वाड की सामरिक क्षमता को कमजोर कर सकता है।

कई विश्लेषक इसे “क्वाड के ताबूत में आखिरी कील” बता रहे हैं। उनका कहना है कि भारत जैसे रणनीतिक स्तंभ को हटाकर फिलीपींस जैसे छोटे खिलाड़ी पर भरोसा करना, इंडो-पैसिफिक सुरक्षा ढांचे को भीतर से कमजोर कर देगा।

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Shivam Shrivastava

शिवम उत्तर प्रदेश के एक युवा और उभरते पत्रकार हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में लगभग 4 वर्षों का अनुभव प्राप्त है। वे राजनीति, अपराध, स्वास्थ्य और हाइपरलोकल खबरों की गहरी समझ रखते हैं और समसामयिक मुद्दों पर सटीक व प्रभावशाली रिपोर्टिंग के लिए जाने जाते हैं। उनकी विशेष रुचि डाटा-ड्रिवन पत्रकारिता और विश्लेषणात्मक रिपोर्टिंग में है, जिससे उनकी खबरें अधिक तथ्यात्मक और विश्वसनीय बनती हैं। वे जमीनी स्तर की रिपोर्टिंग के साथ-साथ डिजिटल मीडिया के बदलते स्वरूप को भी समझते हैं। लेखन और रिसर्च में उनकी मजबूत पकड़ उन्हें एक सक्षम और जिम्मेदार पत्रकार के रूप में स्थापित करती है।

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