LPST रैंक होल्डर्स घांस खाने को मजबूर! 34 दिनों से धरने पर बैठे छात्रों का टूटा सब्र, केरल में अनोखा प्रदर्शन

Kerala LPST Rank Holders Protest: केरल में LPST रैंक होल्डर्स का नियुक्ति पत्र जारी करने की मांग को लेकर प्रदर्शन 34वें दिन भी जारी रहा। तिरुवनंतपुरम सचिवालय के सामने अभ्यर्थियों ने प्रतीकात्मक रूप से घास खाकर सरकार के खिलाफ विरोध जताया।

Harsh Srivastava
Published on: 8 Aug 2026 4:07 PM IST (Updated on: 8 Aug 2026 4:07 PM IST)
LPST रैंक होल्डर्स घांस खाने को मजबूर! 34 दिनों से धरने पर बैठे छात्रों का टूटा सब्र, केरल में अनोखा प्रदर्शन
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Kerala LPST Rank Holders Protest: केरल की राजधानी तिरुवनंतपुरम में शनिवार के दिन एक बेहद भावुक और अनोखा विरोध प्रदर्शन देखने को मिला। लोअर प्राइमरी स्कूल टीचर (LPST) परीक्षा के सफल रैंक होल्डर्स ने राज्य सरकार के खिलाफ अपना गुस्सा जताने के लिए सचिवालय के सामने प्रतीकात्मक रूप से घास खाकर प्रदर्शन किया। केरल लोक सेवा आयोग (PSC) की आधिकारिक सूची में स्थान पाने के बावजूद इन योग्य उम्मीदवारों को अभी तक जॉइनिंग लेटर नहीं मिले हैं। युवाओं का यह सड़क पर जारी आंदोलन शनिवार को 34वें दिन में प्रवेश कर चुका है।

34 दिनों से जारी है प्रदर्शन

सचिवालय के बाहर धरना दे रहे प्रदर्शनकारियों ने अपना दुख जाहिर करते हुए बताया कि वे पिछले 34 दिनों से लगातार कड़ाके की धूप और बारिश में विरोध दर्ज करा रहे हैं। इसके बावजूद सरकार की तरफ से कोई राहत भरी खबर नहीं आई है। अभ्यर्थियों का कहना है कि प्रशासन अब उनसे 2 महीने का अतिरिक्त समय मांग रहा है, जबकि पूरी चयन प्रक्रिया पहले ही पूरी की जा चुकी है। अभ्यर्थियों ने आरोप लगाया कि वे हर संभव तरीके से अपनी बात रख चुके हैं, लेकिन सरकार जानबूझकर उनकी मांगों को टालने और नजरअंदाज करने का काम कर रही है।

केरल PAC की परीक्षाओं और मूल्यांकन पर उठे सवाल

यह पूरा विवाद सिर्फ नियुक्तियों में देरी तक सीमित नहीं है, बल्कि केरल पब्लिक सर्विस कमीशन की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। हाल के दिनों में राज्य योजना बोर्ड में चीफ स्तर के महत्वपूर्ण पदों के लिए आयोजित परीक्षाओं के मूल्यांकन में बड़े पैमाने पर धांधली के आरोप लगे हैं। इस गड़बड़ी की शिकायतें सामने आने के बाद राज्य की राजनीति में भूचाल आ गया था, जिसके बाद सरकार को पूरे मामले की आधिकारिक जांच के आदेश जारी करने पड़े थे।

IG एस अजिता बेगम के नेतृत्व में SIT गठित

पीएससी भर्ती परीक्षाओं में सामने आई अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच के लिए केरल सरकार ने मामला क्राइम ब्रांच को सौंप दिया है। गृह विभाग के कड़े निर्देशों के बाद जुलाई के महीने में केरल पुलिस ने मामले की गहन जांच हेतु एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया। इस हाई-प्रोफाइल एसआईटी की कमान सीनियर आईपीएस अधिकारी और इंस्पेक्टर जनरल ऑफ पुलिस (IG) एस अजिता बेगम को सौंपी गई है। टीम को तत्काल प्रभाव से सभी संदिग्ध परीक्षाओं के दस्तावेजों की निष्पक्ष जांच कर रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए गए हैं।

तत्काल नियुक्ति पत्र जारी करने की मांग पर अड़े अभ्यर्थी

केरल पुलिस के आधिकारिक आदेश में स्पष्ट कहा गया है कि हाल ही में हुई सभी परीक्षाओं के आरोपों की प्राथमिकता के आधार पर जांच की जाएगी। एक तरफ जहां एसआईटी की जांच जारी है, वहीं दूसरी तरफ एलपीएसटी अभ्यर्थी अपनी एक ही मुख्य मांग पर डटे हुए हैं। प्रदर्शनकारी युवाओं का साफ कहना है कि जब वे परीक्षा पास करके रैंक लिस्ट में अपनी जगह बना चुके हैं, तो सरकार बिना किसी कारण के उनके अपॉइंटमेंट ऑर्डर को रोकने का काम न करे और तुरंत नियुक्तियां दे।

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हर्ष श्रीवास्तव वाराणसी के रहने वाले पत्रकार और डिजिटल कंटेंट प्रोफेशनल हैं। वर्तमान में वे लखनऊ स्थित न्यूज़ट्रैक में डेस्क इंचार्ज के पद पर कार्यरत हैं। यहां वे कंटेंट प्लानिंग, एडिटोरियल कोऑर्डिनेशन, न्यूज़रूम संचालन के साथ-साथ रिसर्च आधारित एक्सप्लेनर, न्यूज़ फीचर और विश्लेषणात्मक लेख तैयार करते हैं। उनके पास मास्टर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन (MJMC) की डिग्री है। उन्होंने वर्ष 2023 में पत्रकारिता की शुरुआत की और हिन्दुस्तान, टाइम्स इंटरनेट, इंडिया न्यूज़ जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ काम किया है। वाराणसी, दिल्ली और लखनऊ में काम करने के दौरान उन्हें रिपोर्टिंग, कंटेंट राइटिंग और डिजिटल पत्रकारिता का अनुभव प्राप्त हुआ। हर्ष की विशेष रुचि राजनीति, चुनाव, अपराध, सार्वजनिक नीति, सुशासन और समसामयिक विषयों पर शोध-आधारित पत्रकारिता में है। वे गहन रिसर्च, फैक्ट-चेकिंग और सरल भाषा के माध्यम से जटिल विषयों को पाठकों तक सटीक, विश्वसनीय और प्रभावी ढंग से पहुंचाने का प्रयास करते हैं।

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