UBT Crisis: उद्धव ठाकरे की बढ़ी धड़कने! इमरजेंसी मीटिंग से गायब हुए सांसद, बगावत की सुगबुगाहट हुई तेज

Uddhav Thackeray UBT Crisis: शिवसेना (यूबीटी) में एक बार फिर बड़ी टूट की आहट है। उद्धव ठाकरे द्वारा मातोश्री पर बुलाई गई आपातकालीन बैठक से शिरडी सांसद भाऊसाहेब वाकचौरे समेत 3 लोकसभा सांसद गायब रहे।

Harsh Srivastava
Published on: 14 Jun 2026 12:39 PM IST
UBT Crisis: उद्धव ठाकरे की बढ़ी धड़कने! इमरजेंसी मीटिंग से गायब हुए सांसद, बगावत की सुगबुगाहट हुई तेज
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Uddhav Thackeray UBT Crisis: महाराष्ट्र की राजनीति में एक बार फिर बहुत बड़ा भूचाल आता हुआ दिखाई दे रहा है। शिवसेना (यूबीटी) के खेमे में आज उस समय हड़कंप मच गया जब पार्टी प्रमुख उद्धव ठाकरे द्वारा बुलाई गई बेहद जरूरी और आपातकालीन बैठक से तीन बड़े चेहरे गायब मिले। उद्धव ठाकरे ने रविवार को मुंबई स्थित अपने आवास 'मातोश्री' पर दिल्ली से लौटे सभी सांसदों की एक अति महत्वपूर्ण बैठक बुलाई थी। लेकिन इस बैठक के शुरू होने से ठीक पहले शिरडी लोकसभा सीट से सांसद भाऊसाहेब वाकचौरे अचानक लापता हो गए और उनका कोई सुराग नहीं मिल सका। इसके अलावा दो अन्य सांसदों के भी न पहुंचने से उद्धव गुट की धड़कनें काफी बढ़ गई हैं।

सांसद भाऊसाहेब वाकचौरे का फोन बंद

राजनैतिक गलियारों में सबसे ज्यादा चर्चा शिरडी के सांसद भाऊसाहेब वाकचौरे को लेकर हो रही है। रविवार सुबह से ही उनका मोबाइल फोन पूरी तरह से बंद आ रहा है। अंदरूनी सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, वाकचौरे पिछले दो दिनों से अपने परिवार के साथ कहीं अज्ञात स्थान पर चले गए हैं। चौंकाने वाली बात यह है कि शिरडी में उनके घर पर भी ताला लटका हुआ है और उनका निजी सहायक भी उनके साथ मौजूद नहीं है। सहायक का फोन भी बंद होने के कारण सस्पेंस और ज्यादा गहरा गया है। दोपहर साढ़े बारह बजे शुरू हुई इस अग्निपरीक्षा वाली बैठक में उनका शामिल न होना कई नए कयासों को जन्म दे रहा है।

2 और सांसदों ने बनाई दूरी, बगावत की सुगबुगाहट हुई तेज

लापता हुए वाकचौरे के अलावा सांसद संजय जाधव और नागेश पाटिल अष्टिकर ने भी मातोश्री की इस आपातकालीन बैठक से अपने पैर पीछे खींच लिए हैं। हालांकि, इन दोनों नेताओं ने संगठन को संदेश भेजा है कि वे कुछ बेहद जरूरी और व्यक्तिगत कारणों की वजह से मुंबई की इस रणनीतिक बैठक में हिस्सा नहीं ले पा रहे हैं। लेकिन राजनैतिक पंडितों का मानना है कि संसद के आगामी सत्र की तैयारी के नाम पर बुलाई गई इस बैठक से एक साथ तीन लोकसभा सांसदों का दूरी बना लेना महज एक इत्तेफाक नहीं हो सकता। लोकसभा में उद्धव गुट के पास कुल नौ सांसद हैं, ऐसे में तीन का न आना पार्टी के लिए बड़ा झटका है।

एकनाथ शिंदे का 'ऑपरेशन टाइगर'

इस समय पूरे महाराष्ट्र में मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के 'ऑपरेशन टाइगर' की जोरदार चर्चा हो रही है। सत्तापक्ष और शिंदे गुट के रणनीतिकार लगातार यह दावा कर रहे हैं कि उद्धव गुट के नौ में से कम से कम सात सांसद उनके पाले में आने को पूरी तरह तैयार हैं। इसी टूट के डर से उद्धव ठाकरे ने दिल्ली से अपने सभी सांसदों को तत्काल चार्टर्ड प्लेन से मुंबई पहुंचने का फरमान सुनाया था। उद्धव गुट के रणनीतिकार अरविंद सावंत, अनिल देसाई और ओमराजे निंबालकर जैसे वफादारों के सहारे अपने कुनबे को एकजुट रखने की आखिरी कोशिश में जुटे हैं। यदि यह बगावत सच साबित होती है, तो सूबे में एक बार फिर शिवसेना के दो फाड़ होने की कहानी दोहराई जाएगी।

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Harsh Srivastava

Hi! I am Harsh Srivastava, currently working as a Content Writer and News Coordinator at Newstrack. I oversee content planning, coordination, and contribute with in-depth articles and news features, especially focusing on politics and crime. I started my journey in journalism in 2023 and have worked with leading publications such as Hindustan, Times of India, and India News, gaining experience across cities including Varanasi, Delhi and Lucknow. My work revolves around curating timely news, in- depth research, and delivering engaging content to keep readers informed and connected.

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