अभिजीत दीपके, PM मोदी या...युवाओं की सबसे पहली पसंद कौन? सर्वे के नतीजों ने उड़ाए दिग्गजों के होश

PM Modi Youth Popularity: जंतर-मंतर पर हुए CJP छात्र आंदोलन के बाद आए C-Voter सर्वे ने युवाओं की पसंद को लेकर बड़ा खुलासा किया है। पीएम मोदी, राहुल गांधी और अभिजीत दीपके में कौन बना युवाओं की पहली पसंद?

Harsh Srivastava
Published on: 7 Aug 2026 5:54 PM IST
अभिजीत दीपके, PM मोदी या...युवाओं की सबसे पहली पसंद कौन? सर्वे के नतीजों ने उड़ाए दिग्गजों के होश
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PM Modi Youth Popularity: राजधानी दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के नेतृत्व में हुए बड़े छात्र प्रदर्शन के बाद देश का सियासी पारा चढ़ गया है। इस राष्ट्रव्यापी आंदोलन के ठीक बाद युवाओं और आम नागरिकों की नब्ज टटोलने के लिए सी-वोटर (Cvoter) द्वारा एक विस्तृत सर्वेक्षण आयोजित किया गया। इस ताजा अध्ययन के परिणाम हाल ही में इंडिया टुडे न्यूज़ चैनल पर प्रसारित किए गए, जिसमें प्रतियोगी परीक्षाओं के पेपर लीक मामले, सरकारी कदमों की प्रभावशीलता और शिक्षा प्रणाली में जरूरी बदलावों को लेकर जनता के स्पष्ट विचार सामने आए हैं।

शिक्षा प्रणाली में सुधार के लिए कड़े कानून की सबसे ज्यादा मांग

सर्वेक्षण में जब नागरिकों से पूछा गया कि शिक्षा के क्षेत्र में सुधार लाने हेतु शासन की पहली प्राथमिकता क्या होनी चाहिए, तो जनता ने विभाजित राय दी।

आंकड़ों के मुताबिक:

31.7 फीसदी लोगों ने कहा कि देश में सख्त एंटी-पेपरलीक कानून बनाना सबसे जरूरी कदम है।

27.2 फीसदी उत्तरदाताओं की मांग थी कि संबंधित केंद्रीय मंत्री को पद से इस्तीफा देना चाहिए।

16.7 फीसदी नागरिकों ने माना कि व्यापक सुधारों के लिए विशेषज्ञ विशेषज्ञों का एक पैनल गठित हो।

11.9 फीसदी लोगों का विचार था कि नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) की संरचना में बड़े बदलाव किए जाएं।

6.9 फीसदी ने अन्य विकल्पों का चयन किया, जबकि 5.7 फीसदी लोगों ने इस विषय पर कोई स्पष्ट राय नहीं जताई।

सरकारी कार्रवाई से आधी से ज्यादा आबादी अब भी असंतुष्ट

हालांकि केंद्र सरकार ने विवाद के बाद पेपर लीक रोकथाम से जुड़े नियमों में संशोधन किया है और एक उच्चस्तरीय विशेषज्ञ समिति का गठन भी किया है, परंतु जनमानस में असंतोष बरकरार है। सर्वे में जब यह प्रश्न पूछा गया कि क्या आप सरकार द्वारा उठाए गए कदमों से संतुष्ट हैं, तो 50.7 फीसदी उत्तरदाताओं ने 'नहीं' में जवाब देकर अपनी नाराजगी दर्ज कराई। इसके विपरीत केवल 33.2 फीसदी लोगों ने 'हां' कहकर संतुष्टि जाहिर की, जबकि 16.1 फीसदी नागरिकों ने इस प्रश्न पर 'पता नहीं' का विकल्प चुना।

संसद में हुई बहस पर बंटी जनता की राय

संसद के भीतर इस संवेदनशील मुद्दे पर हुई चर्चा को लेकर भी मिला-जुला रुझान देखने को मिला। जब लोगों से पूछा गया कि क्या संसद में पेपर लीक पर संतोषजनक और सार्थक बहस हुई, तब 39 फीसदी प्रतिभागियों का मानना था कि चर्चा पर्याप्त नहीं थी। वहीं 35.6 फीसदी लोगों ने बहस को संतोषजनक माना, और 25.3 फीसदी उत्तरदाताओं ने इस पर अपनी कोई प्रतिक्रिया नहीं दी।

जन आंदोलन के बाद भी PM मोदी बने हुए हैं युवाओं के पसंदीदा नेता

इस सर्वेक्षण का सबसे रोचक पहलू युवा वर्ग के बीच नेताओं की लोकप्रियता से जुड़ा रहा। व्यापक छात्र असंतोष के बावजूद 39.8 फीसदी वोट हासिल करके प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी युवाओं के बीच पहले स्थान पर अपनी पकड़ बनाए हुए हैं। कांग्रेस नेता राहुल गांधी 27.9 फीसदी समर्थन के साथ दूसरे पायदान पर रहे। वहीं अनोखे तरीके से सीजेपी गठित कर आंदोलन का चेहरा बने अभिजीत दीपके को 12.6 फीसदी युवाओं ने अपनी पसंद बताया और वे तीसरे स्थान पर रहे।

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हर्ष श्रीवास्तव वाराणसी के रहने वाले पत्रकार और डिजिटल कंटेंट प्रोफेशनल हैं। वर्तमान में वे लखनऊ स्थित न्यूज़ट्रैक में डेस्क इंचार्ज के पद पर कार्यरत हैं। यहां वे कंटेंट प्लानिंग, एडिटोरियल कोऑर्डिनेशन, न्यूज़रूम संचालन के साथ-साथ रिसर्च आधारित एक्सप्लेनर, न्यूज़ फीचर और विश्लेषणात्मक लेख तैयार करते हैं। उनके पास मास्टर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन (MJMC) की डिग्री है। उन्होंने वर्ष 2023 में पत्रकारिता की शुरुआत की और हिन्दुस्तान, टाइम्स इंटरनेट, इंडिया न्यूज़ जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ काम किया है। वाराणसी, दिल्ली और लखनऊ में काम करने के दौरान उन्हें रिपोर्टिंग, कंटेंट राइटिंग और डिजिटल पत्रकारिता का अनुभव प्राप्त हुआ। हर्ष की विशेष रुचि राजनीति, चुनाव, अपराध, सार्वजनिक नीति, सुशासन और समसामयिक विषयों पर शोध-आधारित पत्रकारिता में है। वे गहन रिसर्च, फैक्ट-चेकिंग और सरल भाषा के माध्यम से जटिल विषयों को पाठकों तक सटीक, विश्वसनीय और प्रभावी ढंग से पहुंचाने का प्रयास करते हैं।

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