10 घंटे से ज्यादा हो गए... सुवेंदु अधिकारी के PA मर्डर में हुए अब ये बड़े खुलासे! कौन है चंद्रनाथ रथ का दुश्मन?

Suvendu Adhikari PA Murder: जानकारी में सामने आया है कि हमलावर बहुत देर से चंद्रनाथ रथ की गाड़ी का पीछा कर रहे थे। हमला इतना अचानक और तेज था कि चंद्रनाथ संभल भी नहीं सके।

Priya Singh Bisen
Published on: 7 May 2026 11:12 AM IST (Updated on: 7 May 2026 11:12 AM IST)
Suvendu Adhikari PA Murder
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Suvendu Adhikari PA Murder

Suvendu Adhikari PA Murder: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के परिणाम सामने आने के बाद राज्य में एक बार फिर राजनीतिक हिंसा की आग भड़क उठी है। चुनावी माहौल शांत होने के बावजूद हिंसा और हत्याओं की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। इसी बीच बुधवार देर रात हुई एक सनसनीखेज वारदात ने पूरे बंगाल की राजनीति को झकझोर दिया। भाजपा नेता और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष सुवेंदु अधिकारी के सबसे करीबी सहयोगी और निजी सहायक (PA) चंद्रनाथ रथ की गोली मारकर हत्या कर दी गई। इस घटना के अबतक 10 घंटे से अधिक बीत चुके हैं, लेकिन अब तक कई बड़े खुलासे सामने आ चुके हैं।

देर रात हुआ खूनी हमला

जानकारी के अनुसार, बीते बुधवार रात करीब 10:10 बजे चंद्रनाथ रथ अपनी स्कॉर्पियो से मध्यमग्राम स्थित घर वापस लौट रहे थे। जैसे ही उनकी गाड़ी उत्तरी 24 परगना जिले के दोहरिया इलाके में पहुंची, तभी कुछ हमलावरों ने उनकी कार को घेर लिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक सबसे पहले एक छोटी कार ने उनकी स्कॉर्पियो को रोकने का प्रयास किया। इसके बाद बाइक सवार हमलावर बेहद करीब पहुंचे और ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी।

जानकारी में सामने आया है कि हमलावर बहुत देर से चंद्रनाथ रथ की गाड़ी का पीछा कर रहे थे। हमला इतना अचानक और तेज था कि चंद्रनाथ संभल भी नहीं सके। गोलीबारी के बाद आरोपी मौके पर अपनी कार छोड़कर मोटरसाइकिल से भाग निकले।

विदेशी पिस्टल से हत्या की आशंका

अब तक की जानकारी में यह बात सामने आई है कि इस हत्या में किसी अत्याधुनिक विदेशी हथियार का प्रयोग किया गया। सूत्रों का दावा है कि हमलावरों ने ऑस्ट्रियन ग्लॉक पिस्टल से फायरिंग की थी। घटनास्थल से कई कारतूस बरामद किए गए हैं, जिन्हें फोरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है।

पुलिस अधिकारियों का मानना है कि जिस तरह से हमला किया गया, उससे साफ संकेत मिलता है कि पूरी वारदात की पहले से प्लानिंग की गई थी। हमलावरों ने रेकी करने के बाद सही वक़्त और लोकेशन चुनकर हमला किया।

अस्पताल पहुंचने से पहले हो चुकी थी मौत

फायरिंग में चंद्रनाथ रथ बेहद गंभीर रूप से घायल हो गए थे। उनके साथ मौजूद ड्राइवर बुद्धदेव बेर भी गोली लगने से घायल हो गए। दोनों को रात करीब 10:40 बजे अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने चंद्रनाथ को मृत घोषित कर दिया।

अस्पताल के डॉक्टरों के मुताबिक, चंद्रनाथ के सीने में दो गोलियां लगी थीं, जबकि एक गोली पेट में धंसी हुई थी। ज्यादा खून बहने की कारण उनकी हालत बेहद गंभीर हो गई थी। वहीं ड्राइवर बुद्धदेव बेर का इलाज कोलकाता के अस्पताल में जारी है और उसकी हालत भी नाजुक बताई जा रही है।

पोस्टमार्टम के लिए बनाया गया 3 डॉक्टरों का पैनल

हत्या के बाद चंद्रनाथ रथ के शव को बारासात अस्पताल भेजा गया, जहां पोस्टमार्टम की तैयारी की गई। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पोस्टमार्टम के लिए 3 डॉक्टरों का ख़ास पैनल बनाया गया है। सुवेंदु अधिकारी भी पोस्टमार्टम के दौरान अस्पताल पहुंच सकते हैं। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से यह स्पष्ट हो सकेगा कि कितनी गोलियां लगीं और किस दूरी से फायरिंग की गई थी। पुलिस को उम्मीद है कि रिपोर्ट जांच में बड़ा सुराग दे सकती है।

CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस

घटना के बाद पुलिस और फोरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी। घटनास्थल से बरामद कार को जब्त कर लिया गया है। पुलिस आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि हमलावरों की पहचान की जा सके।

जानकारी के मुताबिक, जिस कार का प्रयोग किया गया था, उसे हाल ही में पेंट किया गया था और उस पर फर्जी नंबर प्लेट लगाई गई थी। जांच में सामने आया है कि नंबर प्लेट सिलीगुड़ी रीजनल ट्रांसपोर्ट ऑफिस में रजिस्टर्ड एक गाड़ी की थी। उस नंबर के असली मालिक विलियम जोसफ ने दावा किया है कि उसे इस बारे में कोई जानकारी नहीं है कि उसकी गाड़ी का नंबर किसने प्रयोग किया।

पुलिस यह भी जांच कर रही है कि हमलावर स्थानीय थे या बाहर से आए थे। बताया जा रहा है कि बाइक सवार आरोपियों ने हेलमेट पहन रखे थे, जिससे उनकी पहचान नहीं हो सकी।

BJP ने बताया ‘टारगेट किलिंग’

चंद्रनाथ रथ की हत्या के बाद BJP ने इसे सीधे तौर पर “टारगेट किलिंग” करार दिया है। सुवेंदु अधिकारी ने घटना को “दिल दहला देने वाली” बताते हुए कहा कि यह हमला पूरी तरह से सुनियोजित था।

उन्होंने कहा, “हमलावरों ने पहले से रेकी की थी। जिस तरीके से हमला किया गया, उससे यह स्पष्ट है कि यह कोई साधारण अपराध नहीं है। हालांकि हम अभी किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंचना चाहते क्योंकि पुलिस जांच कर रही है।” इसे लेकर सुवेंदु अधिकारी ने पार्टी कार्यकर्ताओं से शांति बनाए रखने और कानून हाथ में न लेने की भी अपील की।

TMC ने भी की CBI जांच की मांग

वहीं तृणमूल कांग्रेस ने भी इस हत्या की कड़ी निंदा की है। TMC ने कोर्ट की निगरानी में CBI जांच की मांग करते हुए कहा कि चुनाव बाद हिंसा में उनके भी कई कार्यकर्ताओं की हत्या हुई है।

पार्टी ने आरोप लगाया कि बीते कुछ दिनों में हुई कई घटनाओं के पीछे “BJP समर्थित बदमाशों” का हाथ हो सकता है। हालांकि TMC ने चंद्रनाथ रथ की हत्या को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

बंगाल की राजनीति में बढ़ा तनाव

विधानसभा चुनाव के परिणाम सामने आने के मात्र 48 घंटे के अंदर हुई इस हाई-प्रोफाइल हत्या ने बंगाल की राजनीति में तनाव और बढ़ा दिया है। राज्य में पहले से जारी चुनाव बाद हिंसा के बीच यह घटना सुरक्षा व्यवस्था और कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर रही है।

अब सबकी नज़रें पुलिस जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी हुई है। सवाल यह भी उठ रहा है कि आखिर चंद्रनाथ रथ की हत्या के पीछे कौन था और क्या यह केवल राजनीतिक रंजिश का मामला है या फिर इसके पीछे कोई बड़ा साजिशी नेटवर्क काम कर रहा था।

Priya Singh Bisen

Priya Singh Bisen

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