AGM से पहले TATA संस को बड़ा झटका! चेयरमैन एन चंद्रशेखरन ने छोड़ा पद, शेयरों में बड़ी हलचल

N Chandrasekaran Resigns: टाटा संस के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन ने 18 अगस्त की AGM से पहले इस्तीफा दे दिया है। नोएल टाटा से मतभेद और शेयरहोल्डर्स के साथ तनाव के बीच टाटा ग्रुप में नेतृत्व बदलाव की चर्चा तेज है।

Aditya Kumar Verma
Published on: 12 Aug 2026 11:38 AM IST
N Chandrasekaran Resigns
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N Chandrasekaran Resigns: टाटा संस (Tata Sons) के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। उनका इस्तीफा कंपनी की सालाना आम बैठक यानी एजीएम (Annual General Meeting) से ठीक पहले आया है। टाटा संस की एजीएम 18 अगस्त को होने वाली है। चंद्रशेखरन का मौजूदा कार्यकाल फरवरी 2027 तक है, लेकिन इसके बाद चेयरमैन पद पर बने रहने के लिए उनका दोबारा नियुक्त होना जरूरी होगा।

सूत्रों के मुताबिक, चंद्रशेखरन के दोबारा चेयरमैन पद के लिए नियुक्ति मांगने की संभावना कम है। अगर उनका कार्यकाल अचानक खत्म होता है तो टाटा ग्रुप (Tata Group) में तय समय से पहले नेतृत्व परिवर्तन (Leadership Transition) की स्थिति बन सकती है।

शेयरहोल्डर्स के साथ तनाव के बीच आया इस्तीफा

एन चंद्रशेखरन का इस्तीफा ऐसे समय आया है जब टाटा संस और उसके शेयरहोल्डर्स (Shareholders) के बीच कुछ मुद्दों को लेकर तनाव की बात सामने आ रही है। इसके अलावा टाटा ट्रस्ट्स (Tata Trusts) के चेयरमैन नोएल टाटा (Noel Tata) और एन चंद्रशेखरन के बीच भी मतभेद बताए जा रहे हैं।

हालांकि, टाटा संस की ओर से अभी तक एन चंद्रशेखरन के इस्तीफे पर कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की गई है।

TATA समूह की कंपनियों के शेयरों में गिरावट

चंद्रशेखरन के इस्तीफे की खबर सामने आने के बाद टाटा समूह की कई कंपनियों के शेयरों (Tata Group Stocks) में गिरावट देखने को मिली। टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज यानी टीसीएस (Tata Consultancy Services), टाटा स्टील (Tata Steel) और टाटा पावर कंपनी (Tata Power Company) समेत टाटा समूह की कई कंपनियों के शेयरों में गिरावट आई।

बाजार में चंद्रशेखरन के इस्तीफे की खबर को टाटा समूह के लिए संभावित नेतृत्व बदलाव के तौर पर देखा जा रहा है।

TATA संस और टाटा ट्रस्ट्स के बीच क्या है विवाद?

टाटा संस और टाटा ट्रस्ट्स के बीच बोर्ड में प्रतिनिधित्व (Board Representation), ग्रुप की रणनीति (Group Strategy) और अल्पांश शेयरधारक शापूरजी पल्लोनजी (Shapoorji Pallonji) से बाहर निकलने के प्रस्ताव को लेकर मतभेद हैं।

इन मतभेदों के बीच टाटा ट्रस्ट्स के चेयरमैन नोएल टाटा ने एन चंद्रशेखरन को टाटा संस के चेयरमैन पद पर दोबारा नियुक्त करने के कदम का विरोध किया था। इसके बाद दोनों पक्षों के बीच तनाव और बढ़ने की बात सामने आई।

1987 में टाटा ग्रुप से जुड़े थे चंद्रशेखरन

एन चंद्रशेखरन लंबे समय से टाटा ग्रुप से जुड़े हुए हैं। उन्होंने साल 1987 में टाटा ग्रुप (Tata Group) ज्वाइन किया था। इसके बाद वह 2009 में टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज के सीईओ (TCS CEO) बने।

साल 2017 में उन्होंने टाटा संस के चेयरमैन पद की जिम्मेदारी संभाली। अब उनके इस्तीफे की खबर ने टाटा ग्रुप में नेतृत्व को लेकर चर्चाओं को तेज कर दिया है।

फिलहाल टाटा संस की ओर से इस पूरे घटनाक्रम पर आधिकारिक बयान का इंतजार है। वहीं 18 अगस्त को होने वाली एजीएम के पहले चंद्रशेखरन के पद से हटने की खबर टाटा ग्रुप के लिए बड़े घटनाक्रम के तौर पर सामने आई है।

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Aditya Kumar Verma

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आदित्य कुमार वर्मा उत्तर प्रदेश के पत्रकार हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 8 वर्षों से अधिक का अनुभव प्राप्त है। उन्होंने भारतीय राजनीति, अपराध, स्वास्थ्य और मानवीय सरोकारों से जुड़ी खबरों की व्यापक रिपोर्टिंग की है। उनके पास मास्टर ऑफ जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन (MJMC) की डिग्री है और वे रिपोर्टर, एंकर तथा सब-एडिटर जैसे महत्वपूर्ण पदों पर कार्य कर चुके हैं। साथ ही वो उत्तर प्रदेश की राजनीति, शासन-प्रशासन और नौकरशाही व्यवस्था की गहरी समझ रखते हैं। पत्रकारिता के अलावा उन्हें पुस्तकों का अध्ययन, लेखन, कविता-लेखन और पाठ और यात्राएं करना विशेष रूप से पसंद है। विभिन्न संस्कृतियों और समाजों को करीब से जानने-समझने की उनकी रुचि ने उनके दृष्टिकोण को व्यापक बनाया है, जिसका सकारात्मक प्रभाव उनकी लेखन शैली और रिपोर्टिंग में भी देखने को मिलता है।

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