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‘वोट चोरी करने वालों को बचा नहीं पाएंगे मोदी-शाह...’, दिल्ली जाने से पहले तेजस्वी यादव की चुनौती
Tejashwi Yadav Targets Modi: तेजस्वी यादव दिल्ली में विपक्ष के प्रदर्शन में शामिल होने के लिए पटना से रवाना हुए। उन्होंने वोट चोरी के आरोपों, ज्ञानेश कुमार और प्रदर्शनकारियों पर पुलिस कार्रवाई को लेकर केंद्र सरकार, बीजेपी और आरएसएस पर निशाना साधा।
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Tejashwi Yadav Targets Modi: बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष और राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के कार्यकारी अध्यक्ष तेजस्वी यादव रविवार को पटना से दिल्ली के लिए रवाना हो गए। वह राहुल गांधी के बुलावे पर दिल्ली के जंतर-मंतर पर होने वाले विपक्ष के प्रदर्शन में शामिल होंगे। पटना एयरपोर्ट पर मीडिया से बातचीत के दौरान तेजस्वी यादव ने केंद्र सरकार, भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी), राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर निशाना साधा। उन्होंने दिल्ली में छात्रों और प्रदर्शनकारियों के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि लोकतंत्र की आवाज दबाने की कोशिश की जा रही है।
पुलिस कार्रवाई पर भड़के तेजस्वी
तेजस्वी यादव ने दिल्ली में छात्रों और प्रदर्शनकारियों के खिलाफ हुई पुलिस कार्रवाई को निंदनीय बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदर्शनकारियों को दबाने के लिए पुलिस के साथ आरएसएस के लोगों का भी इस्तेमाल किया जा रहा है। तेजस्वी के मुताबिक, देश की जनता पूरी स्थिति देख रही है और इस तरह की कार्रवाई से लोकतंत्र की आवाज को दबाया नहीं जा सकता।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र को कुचलने वालों का जाना तय है और जनता अपनी आवाज उठाने के लिए सड़कों पर उतरेगी। तेजस्वी ने आरोप लगाया कि देश में अघोषित आपातकाल (Undeclared Emergency) जैसी स्थिति पैदा की जा रही है। उनके मुताबिक, एक व्यक्ति को बचाने के लिए पूरी दिल्ली को छावनी में तब्दील कर दिया गया है।
‘वोट चोरी करने वालों को बचा नहीं पाएंगे मोदी-शाह’
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर निशाना साधते हुए तेजस्वी यादव ने चुनाव में गड़बड़ी और वोट चोरी (Vote Chori) के आरोप दोहराए। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह चाहे जितनी कोशिश कर लें, लोकतंत्र को कुचलने और चुनाव में कथित षड्यंत्र रचने वालों को बचाया नहीं जा सकेगा।
तेजस्वी यादव ने चुनाव प्रक्रिया को लेकर अपनी आपत्तियां दोहराते हुए केंद्र सरकार और बीजेपी पर सवाल उठाए। उनके आरोपों के मुताबिक, चुनाव में कथित गड़बड़ियों के लिए जिम्मेदार लोगों को बचाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि मोदी और शाह की कोशिशों के बावजूद ऐसे लोगों को बचाया नहीं जा सकेगा।
पत्रकारों और नेताओं को हिरासत में लेने पर उठाए सवाल
तेजस्वी यादव ने आरोप लगाया कि दिल्ली में प्रदर्शनकारियों के साथ पत्रकारों और नेताओं को भी हिरासत में लिया जा रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब लोकतंत्र में शांतिपूर्ण प्रदर्शन (Peaceful Protest) करना हर नागरिक का अधिकार है, तो विपक्षी नेताओं और प्रदर्शनकारियों को जंतर-मंतर पर अपनी बात रखने से क्यों रोका जा रहा है।
उन्होंने यह भी कहा कि दिल्ली पुलिस के खिलाफ मुकदमा दर्ज होने की बात सामने आई है। तेजस्वी के मुताबिक, प्रदर्शनकारियों को न्याय मिलना चाहिए और लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखने वालों के साथ उचित व्यवहार किया जाना चाहिए। उन्होंने पुलिस की कार्रवाई को लेकर केंद्र सरकार से भी सवाल किए।
जीतन राम मांझी की टिप्पणी पर जताई नाराजगी
केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी की प्रदर्शनकारियों को लेकर की गई टिप्पणी पर भी तेजस्वी यादव ने नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज उठाने वाले लोगों के साथ इस तरह का व्यवहार करना उचित नहीं है। तेजस्वी ने प्रदर्शनकारियों का समर्थन करते हुए उनके खिलाफ की जा रही कार्रवाई पर सवाल खड़े किए।
उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस बल कम पड़ने के कारण बीजेपी की ओर से आरएसएस के लोगों को उतारा जा रहा है। तेजस्वी ने इस मामले में केंद्र सरकार और बीजेपी की भूमिका पर भी सवाल उठाए। हालांकि, आरएसएस के लोगों को शामिल किए जाने को लेकर उन्होंने जो आरोप लगाए, वे उनके अपने दावे हैं।
लोकतंत्र की रक्षा के लिए एकजुट होने की अपील
तेजस्वी यादव ने देश के नागरिकों से संविधान और लोकतंत्र की रक्षा के लिए एकजुट होने की अपील की। उन्होंने कहा कि सरकार ट्रेन, विमान, मेट्रो या सड़क के जरिए लोगों के आवागमन को रोकने की कोशिश करे, फिर भी जनता अपनी आवाज उठाना बंद नहीं करेगी।
तेजस्वी यादव अब दिल्ली में जंतर-मंतर पर होने वाले विपक्ष के प्रदर्शन में शामिल होकर इन मुद्दों को उठाएंगे। उनके बयानों से साफ है कि वह प्रदर्शन के दौरान चुनाव प्रक्रिया, मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार, प्रदर्शनकारियों के खिलाफ पुलिस कार्रवाई और शांतिपूर्ण विरोध के अधिकार को लेकर केंद्र सरकार और बीजेपी पर निशाना साधेंगे। इस दौरान वोट चोरी के आरोप और लोकतंत्र की रक्षा का मुद्दा भी विपक्ष के प्रदर्शन में प्रमुखता से उठाया जा सकता है।


