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Chandauli News: आरपीएफ की बड़ी कार्रवाई, ट्रेन से चार नाबालिग बच्चों का रेस्क्यू; एक अभियुक्त गिरफ्तार
Chandauli News: चेकिंग के दौरान, सामान्य कोच में चार नाबालिग लड़कों को एक व्यक्ति के साथ डरे सहमे हालत में देखा गया।
आरपीएफ की बड़ी कार्रवाई, ट्रेन से चार नाबालिग बच्चों का रेस्क्यू (photo: social media )
Chandauli News: चंदौली के पंडित दीन दयाल उपाध्याय नगर मंडल के वरीय अधिकारियों के निर्देश पर, प्रभारी निरीक्षक आरपीएफ डीडीयू के नेतृत्व में आरपीएफ, सीआईबी और बचपन बचाओ आंदोलन की एक संयुक्त टीम ने डीडीयू स्टेशन पर चेकिंग अभियान चलाया। इस अभियान के दौरान, गाड़ी संख्या 12987 अप सियालदाह अजमेर एक्सप्रेस प्लेटफार्म संख्या 07 पर पहुंची। चेकिंग के दौरान, सामान्य कोच में चार नाबालिग लड़कों को एक व्यक्ति के साथ डरे सहमे हालत में देखा गया।
संदेह होने पर नाबालिग बच्चों से पूछताछ की गई, तो उन्होंने बताया कि वे सभी मेटल की कंपनी में काम करने के लिए जयपुर जा रहे हैं और उनके साथ बैठा व्यक्ति उन्हें वहां लेकर जा रहा है। प्राथमिक पूछताछ में मामला बाल मजदूरी का प्रतीत होने पर सभी नाबालिग बच्चों और उन्हें साथ ले जा रहे व्यक्ति को गाड़ी से उतारा गया।
जयपुर में मेटल की कंपनी में काम करने के लिए ले जाया जा रहा था
पूछताछ में चारों नाबालिग बच्चों को साथ लेकर जा रहे व्यक्ति ने अपना नाम राजीव कुमार (उम्र 21 वर्ष) पुत्र मुन्ना मांझी, निवासी अहमदाबाद, थाना खुदागंज, जिला नालंदा, बिहार बताया। सभी नाबालिग बच्चे भी थाना खुदागंज, जिला नालंदा के निवासी हैं, जिनमें से दो की उम्र चौदह वर्ष और दो की पंद्रह वर्ष है। पूछताछ के क्रम में नाबालिग बच्चों ने बताया कि उन्हें पकड़े गए आरोपी द्वारा जयपुर में मेटल की कंपनी में काम करने के लिए ले जाया जा रहा था, जहाँ उन्हें प्रतिदिन 12 घंटे काम करने के बदले ₹14,000 प्रति माह दिए जाने का वादा किया गया था।
मामला बाल मजदूरी और बाल तस्करी का संदिग्ध पाकर, इन सभी को आवश्यक पूछताछ और कार्यवाही हेतु रेल्वे सुरक्षा बल पोस्ट डीडीयू पर संयुक्त रूप से शालीनता पूर्वक काउंसलिंग किया गया। उक्त सभी चार नाबालिग बच्चों को देखभाल एवं संरक्षण हेतु रेलवे चाइल्ड हेल्पडेस्क डी.डी.यू. को सही सलामत सुपुर्द किया गया। उक्त आरोपी राजीव कुमार को गिरफ्तार कर लिया गया और उसे लिखित शिकायत पत्र के साथ कोतवाली पुलिस मुगलसराय को सुपुर्द किया गया है, जहाँ अग्रिम विधिक कार्यवाही की जा रही है।


