China Job Crisis: चीन में 'नकली ऑफिस' में बैठकर रोजगार तलाश रहे युवा, तनाव घटाने का अनोखा ट्रेंड

China Job Crisis: चीन में बेरोजगारी के बीच युवा रोजाना 350 से 600 रुपये देकर नकली ऑफिस में बैठ रहे हैं, जहां वे नौकरी तलाशने के साथ कामकाजी रूटीन भी बनाए रखते हैं।

Newstrack Network
Published on: 25 Aug 2026 7:38 PM IST
Youth looking for jobs sitting in fake offices in China, unique trend of stress relief
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चीन में 'नकली ऑफिस' में बैठकर रोजगार तलाश रहे युवा, तनाव घटाने का अनोखा ट्रेंड (Photo- Social Media)

China Job Crisis: सुबह तैयार होकर घर से निकलना, ऑफिस पहुंचना, डेस्क पर बैठकर कंप्यूटर खोलना और काम में जुट जाना... लेकिन न तो कोई आधिकारिक नौकरी है और न ही महीने के अंत में मिलने वाला वेतन। चीन में युवाओं के बीच भीषण बेरोजगारी और निराशा के बीच एक हैरान करने वाला सामाजिक ट्रेंड सामने आया है। नौकरी न मिलने से परेशान जेन-जी (Gen-Z) युवा अब कामकाजी माहौल का अनुभव करने और दिन बिताने के लिए बाकायदा पैसे चुकाकर 'नकली ऑफिस' (Fake Offices) की कुर्सियां किराए पर ले रहे हैं।

प्रतिष्ठित मैगजीन फॉर्च्यून की रिपोर्ट के अनुसार, 'प्रीटेंड टू वर्क' (Pretend to Work) मॉडल पर चलने वाले ये नकली ऑफिस युवाओं को काम करने जैसा माहौल, वाई-फाई, डेस्क और मीटिंग रूम जैसी सुविधाएं किराए पर मुहैया करा रहे हैं।

रोजाना ₹350 से ₹600 का किराया देकर पा रहे 'कामकाजी रूटीन'

चीन के बेरोजगार युवा इन नकली दफ्तरों में एक दिन बैठने के लिए 30 से 50 युआन (करीब 350 से 600 रुपये) तक का भुगतान कर रहे हैं:

प्रमुख शहरों में तेजी से प्रसार: यह ट्रेंड शेनझेन, शंघाई, नानजिंग, वुहान, चेंगदू और कुनमिंग जैसे चीन के प्रमुख महानगरों में तेजी से फैल रहा है।

क्या करते हैं दिनभर: इन दफ्तरों में बैठकर युवा नई नौकरियों के लिए आवेदन भेजते हैं, रिज्यूमे अपडेट करते हैं, फ्रीलांसिंग प्रोजेक्ट्स निपटाते हैं या अपने छोटे स्टार्टअप आइडियाज पर काम करते हैं।

युवा क्यों चुन रहे हैं नकली ऑफिस?

विशेषज्ञों और समाजशास्त्रियों के अनुसार, घर में खाली बैठने के मुकाबले यह विकल्प युवाओं को मानसिक संबल दे रहा है:

दैनिक अनुशासन और रूटीन: सुबह तैयार होकर कहीं जाने का रूटीन बना रहता है, जिससे आलस्य और अवसाद से बचाव होता है।

पारिवारिक व सामाजिक दबाव से राहत: घर पर माता-पिता और पड़ोसियों के तानों या बार-बार पूछे जाने वाले सवालों से बचने में मदद मिलती है।

अकेलापन दूर होना: अपने जैसे ही संघर्ष कर रहे अन्य युवाओं के बीच बैठकर बात करने से मानसिक तनाव और बर्नआउट कम होता है।

पेशेवर सुविधाएं: हाई-स्पीड इंटरनेट, शांत वातावरण और ऑफिस जैसी बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध होती हैं।

आंकड़ों में चीन का युवा बेरोजगारी संकट

चीन के राष्ट्रीय सांख्यिकी ब्यूरो के आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार:

जेन-जी और 16 से 24 वर्ष के आयु वर्ग में बेरोजगारी दर जून के 14.9 प्रतिशत से बढ़कर जुलाई में 17.9 प्रतिशत पर पहुंच गई। यह हाल के वर्षों में दर्ज दूसरा सबसे ऊंचा स्तर है।

फॉर्च्यून की रिपोर्ट के मुताबिक, कॉलेजों से निकलने वाले करीब 14.5% स्नातक युवा अभी भी नियमित रोजगार पाने में पूरी तरह असमर्थ हैं।

'कठोर जॉब मार्केट के खिलाफ शांत विरोध'

समाजशास्त्रियों का मानना है कि यह ट्रेंड केवल समय काटने का जरिया नहीं है, बल्कि चीन के अत्यधिक प्रतिस्पर्धी और थकाऊ जॉब मार्केट के खिलाफ युवाओं का एक 'शांत विरोध' भी है। लंबे समय तक नौकरी तलाशने के बाद मिले बर्नआउट के चलते युवा अब इसे मजबूरी के साथ-साथ एक नए सामंजस्य के रूप में देख रहे हैं।

"जब तक युवाओं को बेहतर करियर अवसर नहीं मिल जाते, तब तक ये नकली ऑफिस उनके लिए एक सुरक्षित सहारा बन रहे हैं। यह युवाओं को इस कठिन दौर से मानसिक रूप से टूटे बिना बाहर निकालने का एक व्यावहारिक समाधान साबित हो रहा है।"

— क्रिस्टियन याओ, शोधकर्ता

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