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Pak ने भारत को फिर बनाया 'निशाना', दिल्ली में तुर्कमान इलाके में बुलडोजर एक्शन पर बौखलाया दुश्मन देश
India Pakistan tensions: दिल्ली में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई पर पाकिस्तान ने भारत पर अल्पसंख्यक उत्पीड़न का आरोप लगाया। फैज-ए-इलाही मस्जिद को लेकर उठे विवाद में प्रशासन ने कार्रवाई को पूरी तरह कानूनी बताया।
India Pakistan tensions: भारत की राजधानी दिल्ली में चला एक स्थानीय प्रशासनिक अभियान अब अंतरराष्ट्रीय बयानबाज़ी का मुद्दा बन गया है। अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई को लेकर पाकिस्तान ने एक बार फिर भारत पर आरोपों की बौछार शुरू कर दी है। दिल्ली के तुर्कमेनिस्तान गेट इलाके में हुई कार्रवाई को लेकर पाकिस्तान ने न सिर्फ सवाल उठाए, बल्कि इसे मुस्लिम विरासत के खिलाफ अभियान तक बता दिया। इस बयान के बाद सियासी हलकों में हलचल तेज हो गई है।
पाकिस्तान का आरोप और तीखा बयान
पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने फैज-ए-इलाही मस्जिद के पास चलाए गए अतिक्रमण विरोधी अभियान पर प्रतिक्रिया देते हुए दावा किया कि यह कार्रवाई अल्पसंख्यकों को निशाना बनाने के लिए की गई। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ताहिर अंद्राबी ने साप्ताहिक प्रेस ब्रीफिंग में कहा कि पाकिस्तान इस पूरे घटनाक्रम पर करीबी नजर बनाए हुए है। उन्होंने आरोप लगाया कि अतिक्रमण हटाने के नाम पर मस्जिदों को निशाना बनाया जा रहा है और इसके पीछे राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ समर्थित एजेंडा काम कर रहा है।
प्रोपेगैंडा और संयुक्त राष्ट्र की दुहाई
पाकिस्तानी प्रवक्ता ने यह भी कहा कि फैज-ए-इलाही मस्जिद सदियों पुरानी है और यह मुस्लिम समुदाय की सांस्कृतिक और ऐतिहासिक विरासत का प्रतीक है। उन्होंने आसपास की प्रॉपर्टी गिराए जाने पर चिंता जताते हुए इसे मुस्लिमों के खिलाफ बड़े अभियान का हिस्सा बताया। यहीं नहीं, पाकिस्तान ने इस मुद्दे को अंतरराष्ट्रीय मंच पर ले जाने की कोशिश करते हुए संयुक्त राष्ट्र से भारत में अल्पसंख्यकों के धार्मिक और सांस्कृतिक अधिकारों की रक्षा की अपील भी कर डाली।
क्या है दिल्ली का जमीनी सच
पाकिस्तान के आरोपों के उलट, दिल्ली में यह कार्रवाई पूरी तरह कानूनी प्रक्रिया के तहत की गई थी। तुर्कमेनिस्तान गेट के पास सैयद फैज-ए-इलाही मस्जिद से सटे इलाके में दिल्ली नगर निगम ने अतिक्रमण विरोधी अभियान चलाया था। यह अभियान दिल्ली हाई कोर्ट के निर्देशों के बाद बुधवार सुबह तड़के शुरू किया गया था। एमसीडी अधिकारियों के मुताबिक, मस्जिद को किसी तरह का कोई नुकसान नहीं पहुंचाया गया।
अवैध निर्माण पर चला बुलडोजर
अधिकारियों ने बताया कि कार्रवाई के दौरान केवल अवैध घोषित संपत्तियों को ही हटाया गया। मस्जिद के पास की जमीन एमसीडी की थी और अभियान से पहले दिल्ली पुलिस को इसकी सूचना दी गई थी। करीब 36 हजार वर्ग फुट क्षेत्र से अतिक्रमण हटाया गया, जिसमें एक मैरिज हॉल, औषधालय और दो मंजिला चहारदीवारी शामिल थी।
हंगामे की कोशिश और पुलिस कार्रवाई
अभियान के दौरान कुछ उपद्रवियों ने माहौल बिगाड़ने की कोशिश की और पथराव किया। हालात को काबू में करने के लिए पुलिस को हल्का बल प्रयोग करना पड़ा। प्रशासन का साफ कहना है कि यह कार्रवाई किसी धार्मिक स्थल के खिलाफ नहीं, बल्कि कानून के तहत अवैध अतिक्रमण हटाने के लिए की गई थी। इसके बावजूद पाकिस्तान ने इसे राजनीतिक रंग देकर एक बार फिर भारत के आंतरिक मामलों में दखल देने की कोशिश की है।


