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PM Modi Norway Visit: प्रधानमंत्री मोदी ने आइसलैंड की पीएम से की मुलाकात, रणनीतिक साझेदारी मजबूत करने पर जोर
PM Modi Norway Visit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ओस्लो में आइसलैंड की पीएम क्रिस्ट्रुन फ्रॉस्टाडॉटिर से मुलाकात कर भारत-नॉर्डिक सहयोग को मजबूत करने पर चर्चा की।
PM Modi Norway Visit
PM Modi Norway Visit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को ओस्लो में अपनी आइसलैंड की समकक्ष क्रिस्ट्रुन फ्रॉस्टाडॉटिर के साथ द्विपक्षीय बैठक की। इस बैठक में विदेश मंत्री एस. जयशंकर, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल, विदेश सचिव विक्रम मिस्री और अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे।
प्रधानमंत्री मोदी इस समय नॉर्वे के दो दिवसीय दौरे पर हैं।
विदेश मंत्रालय (एमईए) ने कहा कि यह शिखर सम्मेलन अप्रैल 2018 में स्टॉकहोम और मई 2022 में कोपेनहेगन में हुए पिछले दो शिखर सम्मेलनों की कड़ी को आगे बढ़ाते हुए भारत-नॉर्डिक देशों के रिश्तों को और रणनीतिक बनाएगा। इसमें खासकर टेक्नोलॉजी, इनोवेशन, ग्रीन ट्रांजिशन, नवीकरणीय ऊर्जा, सस्टेनेबिलिटी, ब्लू इकॉनमी, रक्षा, अंतरिक्ष और आर्कटिक जैसे क्षेत्रों पर फोकस होगा।
सोमवार को प्रधानमंत्री मोदी ने ओस्लो में भारत-नॉर्वे व्यापार और रिसर्च समिट में हिस्सा लिया। यहां उन्होंने भारत और ईएफटीए के बीच व्यापार और आर्थिक साझेदारी समझौते के बाद दोनों देशों के बीच बढ़ते सहयोग पर बात की।
इस कार्यक्रम में 50 से ज्यादा कंपनियों के सीईओ और भारत और नॉर्वे के व्यापार और रिसर्च सेक्टर से 250 से अधिक लोग शामिल हुए। इस दौरान भारतीय और नॉर्वेजियन कंपनियों के बीच कई समझौते भी हुए।
प्रधानमंत्री मोदी सोमवार को अपनी पांच देशों की यात्रा के चौथे चरण में नॉर्वे पहुंचे। एक विशेष पहल के तहत नॉर्वे के प्रधानमंत्री जोनास गहर स्टोर ने एयरपोर्ट पर खुद उनका स्वागत किया। इस मौके पर भारत में नॉर्वे की राजदूत मे-एलिन स्टेनर, नॉर्वे में भारत की राजदूत ग्लोरिया गांगटे और कई वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद थे।
अपने दौरे के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने ओस्लो के रॉयल पैलेस में किंग हेराल्ड-वी से भी मुलाकात की। दोनों नेताओं ने भारतीय और नॉर्वेजियन कंपनियों के बीच बढ़ते सहयोग पर चर्चा की, खासकर नई तकनीकों के क्षेत्र में।
प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने कहा कि प्रधानमंत्री ने नॉर्वे की प्राकृतिक सुंदरता की सराहना की और बताया कि भारत और नॉर्वे की पुरानी दोस्ती साझा मूल्यों, लोकतंत्र, कानून के शासन और जनता-केंद्रित शासन पर आधारित होकर लगातार मजबूत हो रही है।


