Dhadak 2 क्या वास्तव में हैं? साउथ की फिल्म Pariyerum Perumal की रीमेक, जाने कहानी
Dhadak 2 Story: सिद्धांत चतुर्वेदी और तृप्ति डिमरी की फिल्म धड़क 2 आज सिनेमाघरों में रिलीज हो चुकी है चलिए जानते हैं क्या है फिल्म की कहानी
Dhadak 2 Story And Review (Image Credit- Social Media)
Dhadak 2 Review: 2018 में रिलीज हुई फिल्म धड़क जिसमें जान्हवी कपूर और ईशांत खट्टर लीड रोल में थे। ये फिल्म मराठी फिल्म सैराट की रीमेक थी। अब जाकर धड़क 2 आ रही है। जबसे धड़क 2 को अनॉउंस किया गया है। कहा जा रहा है कि Dhadak 2 साउथ की फिल्म परियेरूम पेरूमल की रीमेक बताई जा रही थी। जिसकी वजह से कहीं ना कहीं फिल्म को देखने के लिए दर्शकों के मन में दिलचस्पी कम होने लगी। क्योंकि ये फिल्म पहले ही प्राइम वीडियो पर 2018 में आ चुकी है। इस फिल्म का दर्शकों ने काफी पसंद किया था। जो फिल्म पहले ही दर्शक देख चुके हैं, उसे दुबारा क्यों देखना पसंद करेंगे। लेकिन फिल्म के रिलीज होने के बाद ये सच्चाई सामने आ गई हैं कि Dhadak 2 की कहानी रीमेक है या नहीं वैसे Dhadak 2 को देखने के बाद लोगों ने रिव्यू देना शुरू कर दिया है।
धड़क 2 की कहानी क्या है (Dhadak 2 Story In Hindi)-
Dhadak 2 दो विपरीत वर्गों से आने वाले प्रेमियों की कहानी है। नीलेश एक निचली जाति से ताल्लुक रखता है। और उन्होंने कोटे के तहत नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ लॉ में एडमिशन पाया है। वहीं उनकी क्लासमेंट विधिशा उर्फ विधि एक ऊँची जाति के परिवार से बदल आती है। दोनों के बीच गहरी दोस्ती है और जल्द ही यह रिश्ता प्यार में बदल जाता है। विधि की बहन निमिशा की शादी तय होती है और विधि नीलेश को शादी में शामिल होने के लिए आमंत्रित करती है। विधि का परिवार इस आमंत्रण से खुश नहीं होता, लेकिन फिर भी वे नीलेश को समारोह ें आने की अनुमति दे देते हैं। नीलेश पूरे उत्साह के साथ शादी में शामिल होता है लेकिन वहाँ जो कुछ होता है। वो उसकी जिंदगी का सबसे बड़ा झटका बन जाता है। इसके बाद क्या होगा। इसको जानने के लिए आपको पूरी फिल्म देखी पड़ेगी।
क्या धड़क 2 परियेरुम पेरुमल रीमेक है (Is Dhadak 2 Pariyerum Peruma Remake)-
बता दे कि Dhadak 2 पूरी तरह से तो 2018 में रिलीज हुई फिल्म परियेरूम पेरूमल का आधिकारिक हिंदी रीमेक नहीं है। लेकिन फिल्म की कहानी कहीं ना कहीं उसी से प्रभावित नजर आती है। राहुल बडवेलकर और शाजिया इकबाल की एडॉप्ट की गई कहानी साधारण होते हुए भी गहराई से झकझोरने वाली है। यह सीन-बाय-सीन रीमेक नहीं है। बल्कि इसमें काफी हद तक नयापन देखने को मिला है। इस फिल्म में जातिवाद सच्चाई को जिस तरह से दिखाया गया है वो साहसी काम है।