धर्मेंद्र प्रधान के खूब ठाट-बाट! 12 किलो चांदी, आधा किलो से ज्यादा सोना, जानें पूरी सम्पत्ति
Dharmendra Pradhan Net Worth: विपक्ष के वार के बीच धर्मेंद्र प्रधान की संपत्ति चर्चा में, हलफनामे से सामने आया पूरा सच
Dharmendra Pradhan Net Worth: पेपर लीक विवाद ने देश की शिक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं और इसके साथ ही केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान भी राजनीतिक निशाने पर आ गए हैं। विपक्ष लगातार उनसे इस्तीफे की मांग कर रहा है, जबकि सरकार का कहना है कि जिम्मेदारी तय होगी, लेकिन कार्रवाई व्यवस्था सुधारने और दोषियों पर होगी।
सियासत में अक्सर ऐसा होता है कि किसी नेता की कुर्सी पर सवाल उठते ही उसकी संपत्ति, राजनीतिक सफर और निजी जीवन भी चर्चा के केंद्र में आ जाते हैं। धर्मेंद्र प्रधान के साथ भी कुछ ऐसा ही हो रहा है। जो नेता अब तक चुनावी रणनीति और संगठन के लिए चर्चा में रहते थे, वह इन दिनों पेपर लीक विवाद के कारण सुर्खियों में हैं।
ओडिशा से दिल्ली तक का सफर
धर्मेंद्र प्रधान का जन्म 26 जून 1969 को ओडिशा के तालचर में हुआ था। ओडिशा से निकलकर राष्ट्रीय राजनीति में पहचान बनाने वाले प्रधान बीजेपी के प्रमुख नेताओं में शामिल हैं। संगठन से लेकर सरकार तक उन्होंने कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाली हैं।
केंद्रीय मंत्री बनने के बाद उनका प्रभाव पार्टी के भीतर लगातार बढ़ा, लेकिन अब शिक्षा मंत्रालय की जिम्मेदारी के साथ उनके सामने सबसे बड़ी चुनौती परीक्षा व्यवस्था को लेकर उठ रहे सवालों का जवाब देना है।
हलफनामे में दर्ज आय का हिसाब
2024 के चुनावी हलफनामे के मुताबिक वित्त वर्ष 2022-23 में धर्मेंद्र प्रधान की सालाना आय 12.75 लाख रुपये दर्ज की गई थी। वहीं उनकी पत्नी मृदुला ठाकुर की वार्षिक आय 49.92 लाख रुपये रही।
राजनीति में जहां भाषणों में करोड़ों की योजनाओं और बड़े फैसलों की चर्चा होती है, वहीं नेताओं की निजी संपत्ति का हिसाब-किताब भी जनता के सामने चुनावी हलफनामों के जरिए पहुंच जाता है।
बैंक, निवेश और वित्तीय संपत्ति
धर्मेंद्र प्रधान और उनके परिवार ने बैंक जमा, फिक्स्ड डिपॉजिट, म्यूचुअल फंड और बीमा योजनाओं में निवेश किया है। 2024 के हलफनामे के अनुसार बैंक खातों, एफडी और पीपीएफ सहित उनके परिवार के पास करीब 2.47 करोड़ रुपये की जमा राशि थी। इसके अलावा करीब 80.40 लाख रुपये का म्यूचुअल फंड निवेश और 67.72 लाख रुपये की बीमा पॉलिसियां दर्ज हैं। यानी राजनीति में जहां रोज नए आरोप-प्रत्यारोप का निवेश चलता है, वहीं नेताओं की असली वित्तीय संपत्ति का हिसाब चुनावी दस्तावेजों में दर्ज रहता है।
ओडिशा से दिल्ली-एनसीआर तक संपत्ति
धर्मेंद्र प्रधान के पास ओडिशा और दिल्ली-एनसीआर में अचल संपत्तियां हैं। 2024 के मूल्यांकन के मुताबिक उनके पास ओडिशा में करीब 12 लाख रुपये की कृषि भूमि और 20.50 लाख रुपये की गैर-कृषि भूमि दर्ज है।
वहीं धर्मेंद्र प्रधान और उनकी पत्नी के नाम कुल करीब 1.98 करोड़ रुपये की आवासीय संपत्तियां हैं। इनमें उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद के इंदिरापुरम में एक अपार्टमेंट और ओडिशा के भुवनेश्वर में एक आवासीय संपत्ति शामिल है।
कार, सोना और चांदी का भी हिसाब
हलफनामे के मुताबिक धर्मेंद्र प्रधान के नाम 2011 मॉडल की होंडा सिटी कार दर्ज है। इसे तो हाथी का दांत ही माना जाए। उनकी पत्नी के नाम कई व्यावसायिक वाहन हैं। आभूषणों की बात करें तो धर्मेंद्र प्रधान के पास 200 ग्राम सोना और 2.5 किलोग्राम चांदी है, जबकि उनकी पत्नी के पास 500 ग्राम सोना और 10 किलोग्राम चांदी दर्ज है।
31 लाख रुपये से ज्यादा की देनदारी
संपत्ति के साथ हलफनामे में देनदारियों का भी जिक्र होता है। धर्मेंद्र प्रधान पर पंजाब नेशनल बैंक और आईडीबीआई बैंक से कुल 31.38 लाख रुपये का कर्ज दर्ज है। यानी चुनावी हलफनामे नेताओं की संपत्ति से लेकर कर्ज तक का पूरा आर्थिक रिपोर्ट कार्ड सामने रख देते हैं।
परिवार और बच्चों की पढ़ाई
धर्मेंद्र प्रधान के दो बच्चे हैं। उनकी बेटी नैमिषा प्रधान ने अमेरिका की प्रतिष्ठित टफ्ट्स यूनिवर्सिटी के द फ्लेचर स्कूल ऑफ लॉ एंड डिप्लोमेसी से एलएलएम की डिग्री हासिल की है। वहीं उनका बेटा निशांत प्रधान अभी पढ़ाई कर रहे हैं और राजनीति से दूर हैं।
विवादों के बीच संपत्ति से ज्यादा परीक्षा व्यवस्था पर नजर
फिलहाल धर्मेंद्र प्रधान की चर्चा उनकी संपत्ति से ज्यादा शिक्षा मंत्रालय की चुनौतियों को लेकर हो रही है। पेपर लीक विवाद ने सरकार के सामने बड़ा सवाल खड़ा किया है कि परीक्षा व्यवस्था को कितना भरोसेमंद बनाया जा सकता है।
राजनीति में आरोपों की परीक्षा हमेशा चलती रहती है, लेकिन जनता की नजर उस रिजल्ट पर होती है जिसमें व्यवस्था पर भरोसा वापस लौटे। धर्मेंद्र प्रधान के लिए भी इस समय सबसे बड़ी परीक्षा यही है।