AC और फ्रिज पर मिलने वाली ‘5-स्टार रेटिंग’ कौन देता है और बिजली बचत से इसका क्या संबंध है?
Star Rating Meaning: धीरे-धीरे हमारे बीच यह धारणा इतनी मजबूत हो चुकी है कि 5-स्टार का अर्थ केवल कम बिजली खर्च करने वाला उपकरण नहीं। बल्कि ‘सबसे अच्छा’, ‘सबसे टिकाऊ’ और ‘सबसे उच्च गुणवत्ता वाला’ उपकरण भी मान लिया जाता है।
एसी की सही क्षमता का चुनाव
एसी में सही क्षमता का चुनाव भी स्टार रेटिंग जितना ही महत्वपूर्ण है। यदि कमरे के लिए 1.5 टन की आवश्यकता है और ग्राहक केवल सस्ता समझकर 1 टन का 5-स्टार एसी लगा देता है, तो मशीन लंबे समय तक लगभग पूरी क्षमता पर चल सकती है, कमरा अपेक्षित रूप से ठंडा नहीं होगा और बिजली बचत का अनुमान बिगड़ सकता है। दूसरी ओर आवश्यकता से बहुत बड़ा एसी जल्दी तापमान घटाकर बंद हो सकता है लेकिन आर्द्रता नियंत्रण खराब कर सकता है। इसलिए सही टन भार, कमरे का क्षेत्रफल, धूप, मंजिल, खिड़कियाँ और लोगों की संख्या को ध्यान में रखना चाहिए। 5-स्टार का अर्थ यह नहीं कि क्षमता चयन के नियम समाप्त हो जाते हैं।
फ्रिज में भी क्षमता और उपयोग का यही सिद्धांत है। तीन सदस्य वाले परिवार को यदि केवल स्टार के आकर्षण में अत्यंत बड़ा 600 लीटर फ्रिज खरीद दिया जाए, तो वह छोटा 3- या 4-स्टार फ्रिज लेने की तुलना में कुल अधिक बिजली खर्च कर सकता है। ऊर्जा दक्षता का पहला नियम केवल अधिक कुशल मशीन खरीदना नहीं, बल्कि जरूरत के अनुरूप आकार की मशीन खरीदना है। यह वही सिद्धांत है जिसे ऊर्जा नीति में “सर्विस लेवल” के साथ दक्षता कहा जाता है—उपकरण आवश्यक सेवा दे, लेकिन अनावश्यक क्षमता और ऊर्जा उपयोग न बढ़ाए।
समय समय पर बदलते हैं मानक
उपभोक्ता को पुराने और नए स्टार लेबल की तुलना करते समय एक और बात समझनी चाहिए। BEE समय-समय पर मानकों को अधिक कठोर करता है क्योंकि बाजार में तकनीक सुधरती रहती है। यदि दस वर्ष तक वही 5-स्टार सीमा बनी रहे, तो लगभग हर नई मशीन धीरे-धीरे 5-स्टार बन जाएगी और रेटिंग का तुलना वाला उद्देश्य खत्म हो जाएगा। इसलिए मानक आगे बढ़ाए जाते हैं ताकि निर्माताओं को अधिक दक्ष तकनीक विकसित करने का दबाव मिले। इसका परिणाम यह है कि जिस मॉडल को कभी शीर्ष रेटिंग मिलती थी। समान ऊर्जा प्रदर्शन होने पर बाद के वर्षों में नीचे की श्रेणी में आ सकता है। इस व्यवस्था को एक प्रकार की चलती हुई दक्षता सीढ़ी समझना चाहिए। इससे बाजार लगातार ऊर्जा बचत की ओर धकेला जाता है।
BEE स्टार प्रणाली का एक और महत्वपूर्ण आर्थिक प्रभाव यह है कि उसने ऊर्जा दक्षता को छिपे इंजीनियरिंग गुण से निकालकर ग्राहक के सामने दिखाई देने वाली प्रतिस्पर्धा में बदल दिया। स्टार लेबल आने से पहले ग्राहक प्रायः रंग, आकार, ब्रांड और कीमत की तुलना करता था। यह जानना कठिन था कि दो समान फ्रिजों में कौन वर्ष भर कम बिजली लेगा। लेबल ने ऊर्जा को भी बाजार की तुलना का हिस्सा बना दिया। कंपनियों ने 4-स्टार और 5-स्टार मॉडल को प्रमुखता से प्रचारित करना शुरू किया और अधिक दक्ष कंप्रेसर, बेहतर इन्सुलेशन तथा इलेक्ट्रॉनिक नियंत्रण विकसित करने में व्यावसायिक रुचि बढ़ी। इस अर्थ में स्टार लेबल केवल ग्राहक सूचना नहीं, उद्योग नीति का भी साधन है। BEE स्वयं बताता है कि ऊर्जा लेबल उपभोक्ता को जीवनकाल की चलाने की लागत पर विचार करने देता है और मानक तथा लेबल अन्य नीति उपायों के लिए साझा ऊर्जा-दक्षता मानदंड का काम कर सकते हैं।
इस कार्यक्रम की विश्वसनीयता को समझते समय सरकारी और निर्माता की भूमिका अलग-अलग देखना भी आवश्यक है। सरकार और BEE नियम, दक्षता सीमाएँ, परीक्षण पद्धति और लेबलिंग व्यवस्था बनाते हैं तथा अनुपालन पर निगरानी करते हैं। निर्माता उस निर्धारित व्यवस्था के अनुरूप मॉडल पंजीकृत करता है और लेबल पर घोषित तकनीकी जानकारी के लिए जिम्मेदार होता है। परीक्षण प्रयोगशालाएँ निर्धारित मानक के अनुसार ऊर्जा प्रदर्शन मापती हैं। BEE बाद में बाजार से नमूने लेकर सत्यापन परीक्षण कर सकता है। इसलिए यह कहना सही नहीं कि ‘BEE खुद हर मशीन को टेस्ट करके स्टार देता है।’ और यह कहना भी उतना ही गलत है कि ‘कंपनी खुद सितारे छाप लेती है।’ वास्तविकता इन दोनों के बीच की नियामकीय व्यवस्था है—मानक BEE का, तकनीकी अनुपालन निर्माता का, परीक्षण नियमानुसार और सरकारी सत्यापन की संभावना निरंतर बनी रहती है।
यदि कोई मॉडल घोषित ऊर्जा प्रदर्शन में असफल हो जाए तो व्यवस्था में केवल चेतावनी का प्रावधान नहीं है। BEE के अनुसार उसे स्टार स्तर ठीक करने, विज्ञापन में बदलाव करने, दोष दूर करने या बाजार से स्टॉक वापस लेने तक का निर्देश दिया जा सकता है। उपभोक्ता हित में असफल मॉडल और कंपनी का विवरण सार्वजनिक किए जाने की व्यवस्था भी है। यही प्रवर्तन तंत्र रेटिंग को केवल सजावटी लेबल से अधिक विश्वसनीय बनाता है।
उपकरण का सही इस्तेमाल भी जरूरी
उपयोगकर्ता स्वयं भी उच्च स्टार रेटिंग के लाभ को नष्ट कर सकता है। 5-स्टार AC को 18 डिग्री पर, खुले दरवाजे और गंदे फिल्टर के साथ चलाने पर वह व्यवहारिक रूप से खराब दक्षता देगा; उचित तापमान, साफ फिल्टर और बंद कमरे में चलने वाला कम स्टार मॉडल कई परिस्थितियों में कम कुल बिजली खर्च कर सकता है। इसी प्रकार 5-स्टार फ्रिज को गर्म चूल्हे के पास रखना, बार-बार दरवाजा खोलना या गैस्केट खराब रहने देना उसकी खपत बढ़ा देगा। इसलिए ऊर्जा दक्षता उपकरण और व्यवहार दोनों का परिणाम है।
BEE स्टार रेटिंग की विश्वसनीयता पर सबसे संतुलित निष्कर्ष यही होगा कि यह भारत में ऊर्जा दक्षता की तुलना का मजबूत और उपयोगी नियामकीय संकेतक है, लेकिन इसे गुणवत्ता, टिकाऊपन और वास्तविक बिजली बिल की पूर्ण गारंटी नहीं समझना चाहिए। इसकी विश्वसनीयता इस तथ्य से आती है कि मानक सरकारी ढाँचे में तय होते हैं, उत्पाद पंजीकरण होता है, परीक्षण पद्धतियाँ निर्धारित होती हैं और BEE बाजार से मॉडल लेकर सत्यापन परीक्षण कर सकता है। नकली या गलत लेबलिंग को नियंत्रित करने के लिए QR-आधारित सत्यापन व्यवस्था भी विकसित की गई है।
अंततः AC या फ्रिज खरीदते समय सबसे समझदार दृष्टिकोण केवल “5 स्टार ही लेना है” नहीं, बल्कि यह पूछना है कि समान क्षमता वाले मॉडलों में सालाना ऊर्जा खपत कितनी है, उपकरण कितने घंटे चलेगा, अतिरिक्त कीमत कितने वर्षों में बिजली बचत से वापस आएगी, वारंटी कितनी है, सेवा कैसी है और मॉडल की BEE रेटिंग वर्तमान है या पुराने मानक की। यदि उपयोग बहुत अधिक है, तो 5-स्टार मॉडल का आर्थिक लाभ अक्सर मजबूत हो सकता है। यदि उपयोग कम है, तो 3- या 4-स्टार मॉडल भी कुल लागत में बेहतर सौदा हो सकता है। और यदि लंबी उम्र सबसे बड़ी प्राथमिकता है, तो स्टार रेटिंग के साथ विश्वसनीयता और सेवा गुणवत्ता का अलग मूल्यांकन आवश्यक है।
इस प्रकार किसी फ्रिज या AC पर लगे पाँच छोटे सितारे वास्तव में एक बहुत बड़े सरकारी और तकनीकी तंत्र का अंतिम दिखाई देने वाला हिस्सा हैं। ऊर्जा संरक्षण अधिनियम से शुरू हुई नीति, 2002 में BEE की स्थापना, 2006 में मानक एवं लेबलिंग कार्यक्रम, उपकरण-विशिष्ट दक्षता मानक, पंजीकरण, परीक्षण और बाजार सत्यापन—इन सभी के बाद वह छोटा-सा लेबल ग्राहक तक पहुँचता है। उसका सही अर्थ यह नहीं कि मशीन हर मामले में ‘पाँच सितारा’ है। बल्कि यह कि अपनी निर्धारित श्रेणी में वह लागू BEE मानक के अनुसार ऊर्जा उपयोग में उच्च दक्षता वाले स्तर पर है। बिजली की बचत के लिए यह महत्वपूर्ण और भरोसेमंद मार्गदर्शक है; मशीन की लंबी उम्र के लिए यह केवल एक अप्रत्यक्ष गुण हो सकता है, गारंटी नहीं।