Hapur: हापुड़ में आधी रात का एनकाउंटर: उद्योगपति के घर डकैती डालने वाला 50 हजार का इनामी बदमाश ढेर
Hapur News: हापुड़ में पुलिस मुठभेड़ में उद्योगपति के घर डकैती कांड का वांछित 50 हजार का इनामी बदमाश श्याम मारा गया। मुठभेड़ में एक हेड कांस्टेबल भी घायल हुआ।
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Hapur News: जनपद में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के बीच गुरुवार देर रात एक ऐसा घटनाक्रम सामने आया जिसने पूरे जिले में सनसनी फैला दी। करीब दो सप्ताह पहले एक उद्योगपति के घर हुई हाई-प्रोफाइल डकैती में वांछित 50 हजार रुपये का इनामी बदमाश श्याम उर्फ सुंदर पुलिस के साथ हुई मुठभेड़ में मारा गया। बदमाश ने गिरफ्तारी से बचने के लिए पुलिस टीम पर अंधाधुंध फायरिंग की, जिसमें एक हेड कांस्टेबल गोली लगने से घायल हो गया। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने बदमाश को ढेर कर दिया।इस मुठभेड़ को हाल के समय में हापुड़ पुलिस की सबसे बड़ी कार्रवाई माना जा रहा है, क्योंकि मारा गया बदमाश न केवल उद्योगपति डकैती कांड का मुख्य आरोपी था बल्कि कई जिलों में दर्ज संगीन मुकदमों के चलते पुलिस के लिए सिरदर्द बना हुआ था।
रात के अंधेरे में शुरू हुआ पीछा, खेतों तक पहुंच गई पुलिस
पुलिस अधीक्षक कुंवर ज्ञानंजय सिंह के अनुसार गुरुवार देर रात थाना हापुड़ नगर के प्रभारी निरीक्षक मनीष चौहान अपनी टीम के साथ बुलंदशहर रोड पर चेकिंग अभियान चला रहे थे। इसी दौरान एक स्प्लेंडर मोटरसाइकिल पर सवार युवक पुलिस को देखकर अचानक रास्ता बदलने लगा।संदेह होने पर पुलिस ने उसे रुकने का संकेत दिया, लेकिन उसने मोटरसाइकिल की गति बढ़ा दी और मौके से भाग निकला। पुलिस टीम ने तत्काल उसका पीछा शुरू कर दिया। कंट्रोल रूम के माध्यम से जिलेभर में अलर्ट जारी किया गया और आसपास की पुलिस टीमों को सक्रिय कर दिया गया।कुछ ही मिनटों में थाना हापुड़ देहात प्रभारी पारस मलिक अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंच गए। इसके बाद दोनों थानों की पुलिस ने संयुक्त रणनीति बनाकर बदमाश को घेरने की कार्रवाई शुरू की।
चारों तरफ पुलिस देखकर बौखलाया बदमाश
लगातार पीछा किए जाने के बाद बदमाश ग्राम गोदी की ओर जाने वाले मार्ग पर पहुंच गया। जब उसे महसूस हुआ कि पुलिस ने उसे चारों तरफ से घेर लिया है, तो उसने मोटरसाइकिल छोड़ दी और खेतों की ओर भाग निकला।भागते-भागते वह एक ट्यूबवेल के पास पहुंचा और वहीं छिपकर पुलिस की गतिविधियों पर नजर रखने लगा। पुलिस टीम धीरे-धीरे उसकी घेराबंदी कर रही थी। इसी दौरान बदमाश ने अचानक अवैध पिस्टल निकालकर पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी।रात के सन्नाटे में गोलियों की आवाज गूंजने लगी। पुलिसकर्मियों ने सुरक्षित स्थान लेकर मोर्चा संभाला, लेकिन बदमाश लगातार फायरिंग करता रहा।
गोली लगने से घायल हुआ हेड कांस्टेबल
मुठभेड़ के दौरान पुलिस के हेड कांस्टेबल मनोज कुमार बदमाश की गोली का शिकार हो गए। गोली लगते ही वह घायल होकर गिर पड़े। साथी पुलिसकर्मियों ने उन्हें सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया, लेकिन उस समय भी बदमाश लगातार गोलियां बरसा रहा था।एक तरफ घायल पुलिसकर्मी की जान बचाने की चुनौती थी तो दूसरी तरफ हथियारबंद बदमाश को काबू करने का दबाव। इसके बावजूद पुलिस टीम ने साहस और संयम का परिचय दिया।पुलिस पर जानलेवा हमला होने के बाद पुलिस टीम ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की। कुछ देर चली गोलीबारी के बाद एक गोली बदमाश श्याम को जा लगी। गंभीर रूप से घायल होने के बाद वह जमीन पर गिर पड़ा।पुलिस टीम ने तत्काल उसे कब्जे में लिया और उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके साथ ही लंबे समय से पुलिस को चुनौती दे रहे एक इनामी अपराधी का अंत हो गया।
उद्योगपति डकैती कांड के बाद से तलाश में थी पुलिस
पुलिस अधिकारियों के अनुसार मारा गया बदमाश श्याम उर्फ सुंदर, थाना पटवाई जनपद रामपुर क्षेत्र का रहने वाला था। वह 1 जून 2026 को हापुड़ देहात क्षेत्र के गिरधारीनगर में हुई सनसनीखेज डकैती की घटना में वांछित था।
बताया जाता है कि डकैती के दौरान बदमाशों ने उद्योगपति के परिवार और चौकीदार को बंधक बना लिया था। इसके बाद घर में रखी नकदी, जेवरात और अन्य कीमती सामान लूटकर फरार हो गए थे। इस घटना ने पूरे जिले में कानून व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए थे।वारदात के बाद पुलिस ने कई टीमें गठित की थीं और लगातार आरोपियों की तलाश की जा रही थी। जांच के दौरान श्याम का नाम मुख्य आरोपियों में सामने आया था।
पहले भी हो चुकी थी गिरफ्तारी, फिर भी बच रहा था श्याम
पुलिस रिकॉर्ड बताते हैं कि उद्योगपति डकैती कांड में शामिल एक अन्य आरोपी को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका था। उससे पूछताछ के दौरान श्याम और उसके अन्य साथियों की भूमिका सामने आई थी।इसके बाद पुलिस ने श्याम पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित कर दिया था। पिछले कई दिनों से पुलिस उसकी तलाश में उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में दबिश दे रही थी, लेकिन वह लगातार ठिकाने बदलकर गिरफ्तारी से बच रहा था।
अपराध की दुनिया का बड़ा नाम था श्याम
पुलिस के अनुसार श्याम कोई नया अपराधी नहीं था। उसके खिलाफ रामपुर, मुरादाबाद और आसपास के कई जिलों में डकैती, लूट, गैंगस्टर एक्ट और अन्य गंभीर अपराधों के मुकदमे दर्ज थे।अपराध जगत में वह एक शातिर और खतरनाक बदमाश के रूप में जाना जाता था। पुलिस का मानना है कि वह सक्रिय अपराधी गिरोह से जुड़ा हुआ था और लगातार बड़ी वारदातों को अंजाम देने की फिराक में रहता था।
मुठभेड़ स्थल से क्या-क्या हुआ बरामद?
मुठभेड़ के बाद पुलिस ने घटनास्थल की घेराबंदी कर सघन तलाशी अभियान चलाया। तलाशी के दौरान पुलिस को आरोपी के कब्जे से एक अवैध पिस्टल,कई जिंदा कारतूस,खोखा कारतूस, बिना नंबर की स्प्लेंडर मोटरसाइकिल बरामद हुई।पुलिस इन बरामद सामानों की फोरेंसिक जांच कराने की तैयारी कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इन हथियारों का इस्तेमाल अन्य घटनाओं में भी हुआ था या नहीं।
एसपी का सख्त संदेश
पुलिस अधीक्षक कुंवर ज्ञानंजय सिंह ने कहा कि हापुड़ पुलिस अपराधियों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है। जो भी अपराधी कानून को चुनौती देगा, उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।उन्होंने कहा कि पुलिस पर हमला करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा और आम नागरिकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है।
जिलेभर में चर्चा का विषय बनी मुठभेड़
50 हजार रुपये के इनामी बदमाश के एनकाउंटर की खबर सामने आते ही पूरे जिले में चर्चा शुरू हो गई। उद्योगपति डकैती कांड के बाद से लोग पुलिस की कार्रवाई का इंतजार कर रहे थे। ऐसे में मुख्य आरोपी के मारे जाने को पुलिस की बड़ी सफलता माना जा रहा है।