कब्रिस्तान की जमीन पर बना हैं पीएम आवास योजना का फ्लैट, रहने से लगता डर...
Lucknow News: बसंतकुंज योजना में बने आवासों को लेकर एक व्यक्ति ने दावा किया कि उनके घर के गेट पर कब्रें बनी हुई हैं। वहां रहने से डर लग रहा है।
कब्रिस्तान की जमीन पर बना हैं प्रधानमंत्री आवास योजना का फ्लैट (फोटो: सोशल मीडिया)
Lucknow News: लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) कार्यालय में गुरुवार को जनता अदालत आयोजित हुई। उसमें कई नागरिक गंभीर मामलों की शिकायत लेकर पहुंचे। उनमें सबसे चौंकाने वाली शिकायत प्रधानमंत्री आवास से जुड़ी थी। बसंतकुंज योजना में बने आवासों को लेकर एक व्यक्ति ने दावा किया कि उनके घर के गेट पर कब्रें बनी हुई हैं। वहां रहने से डर लग रहा है। उस जगह रहने से मना कर रहे है।
कब्रिस्तान में मिला पीएम आवाज
शहर के मोहन रोड मौंदा के रहने वाले जितेंद्र यादव ने जनता अदालत में बताया कि उनको बसंतकुंज योजना के पॉकेट-डी में फ्लैट नंबर 47/8 आवंटित हुआ था। रजिस्ट्री होने के बाद अपने परिवार के साथ जनवरी में रहने पहुंचे थे। तो घर के पास तीन कब्रों को देखकर उनकी पत्नी और बच्चे डर गए। इसके बाद से वे मजबूरन किराए के मकान में रह रहे हैं। जितेंद्र ने बताया कि जिस जमीन पर आवास बने हैं, वह पहले बरी कला गांव का कब्रिस्तान हुआ करती थी। उन्होंने 6 महीने पहले शिकायत की थी, तब अधिकारियों ने कब्रें हटवाने का आश्वासन दिया था, अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। इस मामले में अधिकारियों ने समाधान का आश्वासन दिया है।
कर्मचारियों को बिना सूचना निकाला
यूपी दर्शन पार्क के कर्मचारियों की छंटनी का मामला भी जनता अदालत में पहुचा। कर्मचारी शशिकांत वर्मा ने बताया कि उनको 13 अन्य कर्मचारियों के साथ 11 अगस्त को बिना किसी पूर्व सूचना के नौकरी से निकाल दिया गया। उन्हें पिछले पांच महीने का वेतन भी नहीं दिया गया है। उनके द्वारा बकाया मांगने पर धमकी दी गई। इस शिकायत पर एलडीए सचिव विवेक श्रीवास्तव ने अधिशासी अभियंता अजीत कुमार को मामले की जांच के निर्देश दिए हैं। एलडीए अधिकारियों ने बताया कि जनता अदालत का उद्देश्य नागरिकों की समस्याओं का प्रभावी और त्वरित समाधान करना है। सचिव विवेक श्रीवास्तव ने शिकायतों को सुना और अधिकारियों को जल्द कार्रवाई करने के निर्देश दिए है।