Sonbhadra News: खतौनी सुधार महाअभियान शुरू, डीएम का सख्त अल्टीमेटम- 5 दिन में पूरा करें अंश निर्धारण
Sonbhadra News: सोनभद्र में डीएम Charchit Gaur के निर्देश पर 5 दिवसीय खतौनी सुधार महाअभियान शुरू किया गया है। अंश निर्धारण के लंबित मामलों को तेजी से निपटाने के लिए अधिकारियों को सख्त चेतावनी दी गई है।
Sonbhadra News: सोनभद्र जिले में लंबे समय से लंबित पड़े अंश निर्धारण मामलों को लेकर प्रशासन ने अब सख्त रुख अपना लिया है। जिलाधिकारी Charchit Gaur के निर्देश पर 12 मई से 16 मई 2026 तक जिलेभर में विशेष ‘अंश निर्धारण महाअभियान’ शुरू किया गया है। इस अभियान का उद्देश्य ग्रामवार खातेदारों और सहखातेदारों की खतौनी में लंबित अंश निर्धारण कार्य को समयबद्ध तरीके से पूरा कराना है। प्रशासन का मानना है कि इस अभियान के जरिए राजस्व अभिलेखों को त्रुटिरहित और अद्यतन बनाया जा सकेगा, जिससे आम लोगों को जमीन, बंटवारे और राजस्व संबंधी मामलों में राहत मिलेगी।
लापरवाही पर होगी कड़ी कार्रवाई
जिलाधिकारी ने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी है कि अभियान में किसी भी स्तर पर ढिलाई या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि यदि किसी अधिकारी या कर्मचारी की शिथिलता सामने आती है तो उसके खिलाफ कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। डीएम के इस सख्त निर्देश के बाद राजस्व विभाग में हलचल तेज हो गई है और सभी तहसीलों में अभियान को लेकर विशेष तैयारी शुरू कर दी गई है।
तहसील स्तर पर बनाई गई कार्ययोजना
जिलाधिकारी ने सभी उप जिलाधिकारियों को निर्देशित किया है कि तहसील स्तर पर सुव्यवस्थित कार्ययोजना तैयार की जाए। साथ ही क्षेत्रीय लेखपालों के लिए स्पष्ट लक्ष्य तय किए जाएं ताकि गांव-गांव अभियान चलाकर तय समय सीमा के भीतर अंश निर्धारण का कार्य पूरा कराया जा सके। प्रशासन का फोकस इस बार सिर्फ अभियान चलाने तक सीमित नहीं है, बल्कि उसकी नियमित मॉनिटरिंग पर भी विशेष जोर दिया जा रहा है।
हर तीन घंटे में देनी होगी रिपोर्ट
अभियान की निगरानी के लिए इस बार तकनीक का भी सहारा लिया गया है। सभी लेखपालों को निर्देश दिए गए हैं कि वे हर तीन घंटे के अंतराल पर अपनी प्रगति गूगल शीट में अपडेट करेंगे। इससे प्रशासनिक अधिकारी लगातार समीक्षा कर सकेंगे और किसी भी स्तर पर लापरवाही या देरी की स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सकेगी।
पहले दिन ही 2811 मामलों का निस्तारण
अभियान के पहले ही दिन प्रशासनिक अमला पूरी तरह सक्रिय नजर आया। शाम 4 बजे तक जिले की चारों तहसीलों में कुल 2811 अंश निर्धारण की कार्रवाई पूरी की गई। इनमें दुद्धी तहसील सबसे आगे रही, जहां 1528 मामलों का निस्तारण किया गया। इसके अलावा रॉबर्ट्सगंज तहसील में 490, घोरावल में 489 और ओबरा तहसील में 304 मामलों का अंश निर्धारण किया गया। जिलाधिकारी ने कहा कि अभियान की प्रतिदिन समीक्षा की जाएगी और तय समय सीमा के भीतर सभी लंबित मामलों का निस्तारण सुनिश्चित कराया जाएगा।