भारत, चीन और यूरोप की तिकड़ी, क्या है मार्क कार्नी का 'न्यू वर्ल्ड ऑर्डर' प्लान, कनाडा बनेगा लीडर?

Canada New World Order: अमेरिकी टैरिफ और ट्रंप की नीतियों से चिंतित कनाडा अब नए वैश्विक व्यापार मॉडल की ओर बढ़ रहा है, जहां अमेरिका पर निर्भरता कम की जाएगी।

Update:2026-01-16 17:08 IST

Canada New World Order

Canada New World Order: कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी मौजूदा वैश्विक व्यापार व्यवस्था को नए सिरे से परिभाषित करने की कोशिश में जुटे हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की आक्रामक व्यापार नीतियों और भारी टैरिफ के बीच कार्नी का मानना है कि अमेरिका अब पहले जैसा भरोसेमंद साझेदार नहीं रहा। उनका साफ कहना है कि अमेरिका स्थायी रूप से बदल चुका है, ऐसे में कनाडा के लिए केवल वॉशिंगटन पर निर्भर रहना भविष्य के लिए जोखिम भरा हो सकता है। इसी सोच के तहत कार्नी ने “न्यू वर्ल्ड ऑर्डर” की बात कही है।

चीन दौरा और बदली कूटनीति

13 जनवरी को मार्क कार्नी चीन पहुंचे, जो पिछले आठ वर्षों में किसी कनाडाई प्रधानमंत्री की पहली चीन यात्रा थी। बीजिंग में उन्होंने राष्ट्रपति शी जिनपिंग से मुलाकात की और कृषि, ऊर्जा, निवेश व सप्लाई चेन जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने के संकेत दिए। कार्नी ने इस दौरान कहा कि दुनिया एक नए आर्थिक और राजनीतिक दौर में प्रवेश कर रही है, जिसमें कनाडा को सक्रिय भूमिका निभानी होगी।

अमेरिका पर निर्भरता कम करने की रणनीति

कनाडा की अर्थव्यवस्था लंबे समय से अमेरिका पर निर्भर रही है। वर्ष 2024 में कनाडा के करीब 75 प्रतिशत निर्यात अमेरिका गए। इसके मुकाबले चीन ने कनाडा के कुल निर्यात का 4 प्रतिशत से भी कम हिस्सा खरीदा। कार्नी चाहते हैं कि कनाडा चीन, भारत और यूरोप जैसे बड़े बाजारों के साथ अपने व्यापारिक रिश्ते मजबूत करे। उनका लक्ष्य अगले दस वर्षों में अमेरिका के बाहर होने वाले कनाडाई व्यापार को दोगुना करना है। इसी कड़ी में वे चीन के बाद कतर और स्विट्जरलैंड भी गए और यूरोपीय संघ के नेताओं से भी मुलाकात कर चुके हैं।

भारत के साथ नई साझेदारी की तैयारी

मार्क कार्नी जल्द ही भारत दौरे पर आने वाले हैं, जहां व्यापार और निवेश पर अहम बातचीत होगी। भारत और कनाडा दोनों ही अमेरिकी टैरिफ का सामना कर रहे हैं। ऐसे में दोनों देशों के बीच कॉम्प्रिहेंसिव इकोनॉमिक पार्टनरशिप एग्रीमेंट (CEPA) पर बातचीत फिर शुरू करने की तैयारी है। लक्ष्य है कि 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को 50 अरब डॉलर तक पहुंचाया जाए।

ट्रंप की नीतियों से बढ़ी चिंता

डोनाल्ड ट्रंप ने कनाडा के स्टील, एल्यूमिनियम, लकड़ी और ऑटो सेक्टर पर भारी टैरिफ लगाए हैं। इसके अलावा कनाडा को अमेरिका का “51वां राज्य” कहने जैसे बयान भी दिए गए। इन नीतियों ने कनाडा को मजबूर किया है कि वह अपने आर्थिक भविष्य को एक देश तक सीमित न रखे।

मोनरो डॉक्ट्रिन जैसी सोच का विरोध

ट्रंप की 2025 की नेशनल सिक्योरिटी स्ट्रेटेजी में पश्चिमी गोलार्ध में अमेरिकी दबदबे की बात कही गई है, जिसे कनाडा मोनरो डॉक्ट्रिन जैसी सोच मानता है। कार्नी का मानना है कि सहयोग और बहुपक्षीय व्यवस्था ही स्थिर भविष्य की कुंजी है। 

Tags:    

Similar News