Trump ने अफ्रीकी राष्ट्राध्यक्षों को सरेआम किया बेइज्जत! व्हाइट हाउस में ट्रंप का 'डिप्लोमैटिक ड्रामा',मचा कूटनीतिक भूचाल
Trump insults African leaders: गुरुवार को व्हाइट हाउस में एक खास लंच आयोजित किया गया। मेहमान थे अफ्रीका के पांच देशों के राष्ट्राध्यक्ष सेनेगल, लाइबेरिया, गिनी-बिसाऊ, मॉरिटानिया और गैबोन के नेता। मकसद था व्यापारिक संबंधों को मजबूत करना, दोस्ती का हाथ बढ़ाना।
Trump insults African leaders: डोनाल्ड ट्रंप ये नाम जब भी सुनाई देता है, उसके साथ कोई न कोई विवाद खुद-ब-खुद चला आता है। कभी किसी ट्वीट से दुनिया को चौंका देना, कभी मंच से किसी नेता की बेइज्जती कर देना ट्रंप की राजनीति जितनी अप्रत्याशित है, उनकी जुबान उतनी ही बेकाबू। अबकी बार ट्रंप ने लांघ दी कूटनीति की सारी हदें। व्हाइट हाउस में बुलाया था पांच अफ्रीकी राष्ट्राध्यक्षों को लंच पर, लेकिन कर दी सबके सामने तौहीन!
व्हाइट हाउस में हुआ 'लंच या लानत'?
गुरुवार को व्हाइट हाउस में एक खास लंच आयोजित किया गया। मेहमान थे अफ्रीका के पांच देशों के राष्ट्राध्यक्ष सेनेगल, लाइबेरिया, गिनी-बिसाऊ, मॉरिटानिया और गैबोन के नेता। मकसद था व्यापारिक संबंधों को मजबूत करना, दोस्ती का हाथ बढ़ाना। लेकिन जैसे ही लंच शुरू हुआ, ट्रंप ने एक बार फिर अपनी ‘अद्वितीय शैली’ में कूटनीति को तमाशा बना दिया।
ट्रंप ने शुरुआत से ही अफ्रीकी नेताओं को अपमानित करने की लय पकड़ ली। बातचीत के दौरान उन्होंने नेताओं को अपनी बात जल्दी खत्म करने को कहा, यह कहते हुए कि हमारा कार्यक्रम बहुत व्यस्त है, आपके पास सिर्फ कुछ मिनट हैं। सबसे हैरान करने वाली बात तब हुई जब ट्रंप ने गिनी-बिसाऊ के राष्ट्रपति से उनका और उनके देश का नाम पूछ लिया जबकि यह सब जानकारी राष्ट्रपति को पहले से दी जाती है।
सेनेगल के राष्ट्रपति को बीच में टोका, गिनी-बिसाऊ के नेता से पूछा: तुम कौन हो?
सेनेगल के राष्ट्रपति बासिरू डियोमाये फेय जब अफ्रीका-अमेरिका ट्रेड डील पर बोल रहे थे, तभी ट्रंप ने उन्हें बीच में ही टोक दिया और कहा कि आपकी बातें बाद में सुनी जा सकती हैं, लेकिन हमें आगे बढ़ना है। इतना ही नहीं, जब गिनी-बिसाऊ के राष्ट्रपति उमारो एम्बालू अपनी बात रख रहे थे, तब ट्रंप ने कैमरे के सामने ही उनसे पूछ डाला – तुम कौन हो? और कहां से आए हो? यह सुनते ही कमरे में सन्नाटा छा गया।
विदेशी मेहमानों के साथ ट्रंप की 'बेड डिप्लोमेसी'
यह पहली बार नहीं है जब ट्रंप ने किसी विदेशी नेता का अपमान किया हो। इससे पहले उन्होंने यूक्रेन के राष्ट्रपति जेलेंस्की को अमेरिका यात्रा के दौरान सार्वजनिक रूप से नीचा दिखाया था। अफ्रीकी देशों के साथ उनके रिश्ते वैसे भी हमेशा तनावपूर्ण रहे हैं। श्वेत वर्चस्ववाद को लेकर उनके पुराने बयान और अफ्रीका पर किए गए नस्लवादी कटाक्ष अभी तक लोगों के जेहन में हैं। विशेषज्ञ मानते हैं कि ट्रंप का यह व्यवहार जानबूझकर किया गया हो सकता है। कुछ रिपोर्टों के अनुसार, ट्रंप अफ्रीकी देशों के साथ अमेरिका के टैरिफ विवाद और वहां के राजनीतिक रुख को लेकर पहले से नाराज़ हैं। लेकिन कूटनीतिक मंच पर इस तरह का बर्ताव न सिर्फ अमेरिका की प्रतिष्ठा को ठेस पहुंचाता है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय रिश्तों को भी खतरे में डालता है।
अमेरिका की साख पर सवाल, आलोचना चारों ओर से
अब ट्रंप के इस व्यवहार की आलोचना चारों ओर से हो रही है। अमेरिकी मीडिया से लेकर अंतरराष्ट्रीय विश्लेषक तक इस ‘डिप्लोमैटिक ड्रामा’ पर सवाल उठा रहे हैं। सोशल मीडिया पर ट्रेंड कर रहा है TrumpInsultsAfrica। लोग पूछ रहे हैं क्या व्हाइट हाउस अब अपमान का मंच बन गया है? डोनाल्ड ट्रंप ने जिस तरह से अफ्रीकी नेताओं को बुलाकर लंच टेबल पर ही बेइज्जत किया, वो न सिर्फ अमर्यादित था बल्कि अमेरिका के राष्ट्रपति पद की गरिमा के भी खिलाफ था। अब देखना ये है कि क्या इस बार ट्रंप माफी मांगेंगे या हमेशा की तरह इसे भी झूठी खबर बता कर खारिज कर देंगे।