हे भगवान...भारत को WHO की इनती बड़ी चेतावनी, दिन पर दिन COVID-19 से भी खतरनाक होते जा रहा 'निपाह वायरस'
WHO Nipah Virus Warning: भारत में निपाह वायरस के मामलों को लेकर WHO ने चेतावनी जारी की है। पश्चिम बंगाल में मिले केस गंभीर हैं, लेकिन वायरस के फैलने का खतरा फिलहाल कम बताया गया है।
WHO Nipah Virus Warning
WHO Nipah Virus Warning: विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने भारत में सामने आए निपाह वायरस के मामलों को लेकर सतर्कता बरतने की सलाह दी है। WHO के महानिदेशक डॉ. टेड्रोस एडनॉम घेब्रेसियस ने कहा है कि निपाह वायरस के संक्रमण गंभीर प्रकृति के होते हैं, लेकिन राहत की बात यह है कि हाल में सामने आए मामले केवल भारत तक ही सीमित हैं। किसी अन्य देश से इस वायरस के संक्रमण की पुष्टि नहीं हुई है।
पश्चिम बंगाल के मामलों पर WHO की नजर
डब्ल्यूएचओ( WHO) प्रमुख ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर एक पोस्ट के जरिए पश्चिम बंगाल में सामने आए दो मामलों का जिक्र किया। उन्होंने बताया कि वर्ष 1998 में निपाह वायरस की पहली पहचान के बाद यह पश्चिम बंगाल में तीसरा मौका है जब इस वायरस के केस सामने आए हैं। स्वास्थ्य एजेंसियां इन मामलों को गंभीरता से लेते हुए पूरी निगरानी कर रही हैं।
संपर्क में आए लोगों की निगरानी तेज
डॉ. घेब्रेसियस के अनुसार, भारत में स्वास्थ्य अधिकारी 190 से अधिक ऐसे लोगों पर नजर बनाए हुए हैं, जो संक्रमित मरीजों के संपर्क में आए थे। अब तक इनमें से किसी में भी संक्रमण के लक्षण नहीं मिले हैं। उन्होंने कहा कि निगरानी और टेस्टिंग की प्रक्रिया को और तेज कर दिया गया है। अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में रोकथाम एवं नियंत्रण के सभी जरूरी उपाय लागू किए गए हैं। साथ ही लोगों को जागरूक किया जा रहा है कि वे किस तरह खुद को सुरक्षित रख सकते हैं।
वायरस फैलने का खतरा कम
WHO ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल निपाह वायरस के फैलने का जोखिम कम है। संगठन के मुताबिक यात्रा या व्यापार पर किसी तरह की रोक लगाने की जरूरत नहीं है। अभी तक इंसान से इंसान में बड़े स्तर पर संक्रमण फैलने के कोई ठोस सबूत नहीं मिले हैं, जो एक राहत भरी खबर है।
पश्चिम बंगाल में मिले दो मरीज
हाल ही में पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले में निपाह वायरस के दो मामले सामने आए थे। दोनों मरीज नर्सिंग स्टाफ से जुड़े थे। अधिकारियों के अनुसार, इलाज के बाद दोनों की हालत में सुधार हुआ है और उनकी रिपोर्ट निगेटिव आई है। पुरुष नर्स को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है, जबकि महिला नर्स को वेंटिलेटर से हटाकर निगरानी में रखा गया है। दोनों में दिसंबर 2025 के अंत में लक्षण दिखे थे और जनवरी 2026 की शुरुआत में उन्हें भर्ती कराया गया था।
निपाह वायरस क्या है और कितना खतरनाक?
निपाह वायरस को इंसानों में फैलने वाले सबसे खतरनाक वायरसों में गिना जाता है। इसकी संक्रमण दर के बाद मृत्यु दर 40 से 75 प्रतिशत तक हो सकती है। यह वायरस शरीर की इम्यून सिस्टम को कमजोर कर देता है और उसे गलत दिशा में काम करने पर मजबूर करता है। यह आमतौर पर चमगादड़ों से इंसानों में फैलता है या दूषित भोजन के जरिए संक्रमण करता है।