कौन हैं बी. सुदर्शन रेड्डी? जिन्हें विपक्ष ने बनाया उपराष्ट्रपति पद का उम्मीदवार

Sudarshan Reddy: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने सुदर्शन रेड्डी के नाम की घोषणा की है। विपक्ष के सभी नेताओं के सहमति पर सुदर्शन रेड्डी के नाम पर मुहर लगायी गयी है।

Shishumanjali kharwar
Published on: 19 Aug 2025 1:08 PM IST (Updated on: 19 Aug 2025 1:48 PM IST)
Sudarshan Reddy
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Sudarshan Reddy: विपक्षी गठबंधन इंडिया ब्लॉक की ओर से उपराष्ट्रपति चुनाव के लिए उम्मीदवार का ऐलान कर दिया गया है। विपक्ष ने सुदर्शन रेड्डी को प्रत्याशी घोषित किया है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने सुदर्शन रेड्डी के नाम की घोषणा की है। विपक्ष के सभी नेताओं के सहमति पर सुदर्शन रेड्डी के नाम पर मुहर लगायी गयी है। उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार सुदर्शन रेड्डी सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज हैं। बी. सुदर्शन रेड्डी का मुकाबला एनडीए प्रत्याशी सीपी राधाकृष्णन से होगा। 21 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज बी. सुदर्शन रेड्डी नामांकन दाखिल करेंगे।

बी. सुदर्शन रेड्डी के नाम की घोषणा करते हुए कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि वह भारत के प्रतिष्ठित और प्रगतिशील न्यायविदों में से एक हैं। उनका प्रतिष्ठित कानूनी करियर रहा है। वह आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट के न्यायाधीश, गौहाटी हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश और सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश की जिम्मेदारी निभा चुके हैं। वह सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक न्याय के साहसी समर्थक रहे हैं। अगर उनके निर्णयों को पढ़ेंगे, तो यह पता चल सकेगा कि उन्होंने किस तरह हमेशा गरीबों का पक्ष लिया। इसके साथ ही संविधान व मौलिक अधिकारों की उन्होंने हमेशा रक्षा की।

कौन हैं जस्टिस बी. सुदर्शन रेड्डी?

बी. सुदर्शन रेड्डी का जन्म 8 जुलाई, 1946 को हुआ था। सुदर्शन रेड्डी गोवा के पहले लोकायुक्त हैं। 27 दिसंबर, 1971 को वह हैदराबाद में आंध्र प्रदेश बार काउंसिल में अधिवक्ता के रूप में पंजीकृत हुए थे। आंध्र प्रदेश हाईकोर्ट में रिट और सिविल मामलों में उन्होंने अभ्यास किया। इसके बाद साल 1988-90 के दौरान सुदर्शन रेड्डी ने उच्च न्यायालय में बतौर सरकारी वकील काम किया।

साल 1990 के दौरान छह माह तक केंद्र सरकार के अतिरिक्त स्थायी वकील के रूप में भी उन्होंने कार्य किया। बी. सुदर्शन रेड्डी उस्मानिया विश्वविद्यालय के लिए कानूनी सलाहकार और स्थायी वकील का दायित्व भी निभा चुके हैं। दो मई, 1995 को उन्हें आंध्र प्रदेश उच्च न्यायालय का स्थायी न्यायाधीश नियुक्त किया गया था। साल 2005 में बी. सुदर्शन रेड्डी को गौहाटी हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाया गया था। इसके बाद साल 2007 में वह सर्वोच्च न्यायालय के न्यायाधीश बने और 2011 में रिटायर हुए।

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Shishumanjali kharwar

मीडिया क्षेत्र में 12 साल से ज्यादा कार्य करने का अनुभव। इस दौरान विभिन्न अखबारों में उप संपादक और एक न्यूज पोर्टल में कंटेंट राइटर के पद पर कार्य किया। वर्तमान में प्रतिष्ठित न्यूज पोर्टल ‘न्यूजट्रैक’ में कंटेंट राइटर के पद पर कार्यरत हूं।

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