china army

भारत और चीन के बीच समझौता हुआ है जिसके अनुसार पैंगोंग लेक से सैनिकों की वापसी होगी। दोनों ही देश की सेनाएं पैंगोंग लेक के नॉर्थ-साउथ इलाके से अपनी-अपनी सेनाओं को पीछे हटाएंगे। इस बीच खबर आ रही है कि दोनों देश की सेनायें अपने-अपने जगह से वापस लौट रहे हैं।

बीते कई हफ्तों से भारत और चीन के बीच सीमा पर चल रहा विवाद अब कम होता दिखाई दे रहा है। ये राहत की खबर सोमवार को लाइन ऑफ एक्च्यूअल कंट्रोल से मिली  है।

पूर्वी लद्दाख में लाइन ऑफ एक्च्यूअल कंट्रोल पर भारत-चीन दोनों देशों के बीच तनातनी अभी तक लगातार जारी है। साथ ही खबर आ रही है कि गलवान नदी के तट पर चीनी सेना की दिक्कते काफी ज्यादा बढ़ सकती हैं।

पूर्वी लद्दाख सीमा पर भारत-चीन के बीच तनातनी दिन-प्रति-दिन बढ़ती ही जा रही है। गलवान घाटी में चीनी हस्तक्षेप के बाद अब चीनी सेना ने पैंगॉन्ग लेक के आस-पास के इलाके में अपनी मुस्तैदी बढ़ा दी है।

चीनी सेना के बारे में कहा जाता है कि इस सेना का प्रशिक्षण काफी ज्यादा खतरनाक तरीके से कराया जाता है। जिससे कि ये किसी भी घातक सेना से टक्कर ले सके।

कोरोना वायरस के आज के समय में पूरी दुनिया परेशान है। चीन के वुहान से फैले इस वायरस ने दुनिया के हर देश को तबाही की कगार पर लाकर खड़ा कर दिया है। ऐसे में चीन ने एक बार फिर 11 अप्रैल को पूरी दुनिया के सामने अपनी ताकत का प्रदर्शन किया।

दुनिया की सबसे बड़ी हैकिंग 2017 में की गई थी। इस हैकिंग से लाखों लोगों की निजता का हनन हुआ। सबसे बड़ी संख्या में कंज्यूमर डेटा हैक करने के लिए अमेरिका ने चीनी सेना के चार लोगों को आरोपी बनाया है।

चीन अपनी सेना को अत्याधुनिक तकनीक से लैस कर रहा है। चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) लगातार कई योजनाएं तैयार कर रही है। चीनी सेना आयरन मैन सूट की तैयारी कर रही है।

नई दिल्ली: सिक्किम के डोकलाम का मामला शांत होने का नाम नहीं ले रहा है। भारत और चीन के बीच तनातनी बरकरार है। लद्दाख के पांगोंग झील के पास सीमा पर चीनी सैनिको द्वारा भारतीय फ़ौज पर पत्थर फेंकने के मामले में अब चीन ने घटना होने से इनकार किया है। भारत सरकार पहले ही …

नई दिल्ली : तिब्बती धर्मगुरु दलाई लामा ने बुधवार को कहा कि डोकलाम क्षेत्र में भारत और चीनी सैनिकों के बीच जारी विवाद ‘ज्यादा गंभीर नहीं है।’ दलाई लामा ने एडिटर्स गिल्ड ऑफ इंडिया द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में ‘स्वतंत्र प्रेस और नैतिकता के महत्व’ पर वार्षिक राजेंद्र माथुर व्याख्यान देने के बाद एक प्रश्न के …