keshav maurya Statement

उन्होंने कहा कि हमें अपनी उन पुरानी पंरपराओं की ओर वापस होना होगा। अपनी सोच को बदलना होगा। गांव-शहर में ऐसा माहौल बनाना होगा कि सभी लोग सुकून भरी जिदगी जी सकें। विशेष कर महिलाओं का हर क्षेत्र में सम्मान होना चाहिए।

केशव मौर्य ने प्रदेश की मंत्री स्वाति सिंह के वायरल वीडियो के प्रश्न के जवाब में कहा कि उन्होंने भी वीडियो को देखा है साथ ही मुख्यमंत्री के भी संज्ञान में बाते है अगर किसी प्रकार की कोई शिकायत आती है तो निश्चित ध्यान दिया जायेगा,

प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा है कि जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए सड़क, पुल और पुलियों, आर.ओ.बी आदि का निर्माण कार्य जल्द से जल्द पूरा किया जाए।

डिप्टी सीएम ने कहा कि पहले सेना पर हमले होने के बाद किसी तरह की छूट नहीं थी। पहले मौनी बाबा के पास सेना के लोग फोन करते थे तो वह कहते थे कि पहले हम अमेरिका से पूछ ले, अब ऐसा नहीं है।

उन्होंने ये भी कहा कि सर्व समाज का सम्मान करने वाले देश के प्रधानमंत्री को अमेठी सांसद चौकीदार चोर है कहते हैं। जब सुप्रीम कोर्ट उनसे इस बारे में पूछता है तो कहते हैं कि आवेश में बोल दिया। उनके मुंह से कभी आवेश में भारत माता की जय और वंदे मातरम नहीं निकलता।

गठबंधन पर डिप्टी सीएम ने तंज कंसते हुए कहा कि जो अपने पिता और चाचा का नहीं हुआ, क्या वह नकली बुआ का होगा ? उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव की वजह से गठबंधन की हवा बनने से पहले ही निकल गई। साईकिल पर जैसे ही हाथी संवार हुआ वैसे ही वह पंक्चर हो गयी।

मुरादाबाद के कांठ में आज भाजपा से लोकसभा उम्मीदवार सर्वेश सिंह के समर्थन में एक सभा आयोजित की गई थी , जिसमे बतौर मुख्यातिथि उत्तर प्रदेश के डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य थे, एक यह चुनावी कार्यक्रम डीएवी कॉलेज के परिसर में रखा गया था।

डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने कहाकि मेरा कोई कार्यकर्ता अपने आपको डिप्टी सीएम से कम ना समझे। आगे उन्होंने कहा कि 2019 के लोकसभा चुनाव के परिणाम पर नजर दुनिया के तमाम देशों की भी है और 2019 में मोदी जी के आने पर जो बेल पर घूम रहे हैं वह जेल में जाने की तैयारी कर लें|

सपा-बसपा गठबंधन पर चुटकी लेते हुए केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि बुआ-भतीजे की सरकार ने बारी- बारी से प्रदेश को कंगाल किया। सड़क और अस्पताल जैसी जरूरी सुविधाएं भी लोगों को नहीं दी।

अब तक नवीन तकनीक से सड़क बनाकर विभाग ने 942 करोड़ की बचत की है, जबकि 30.42 लाख घन मीटर पत्थर की बचत कर 12 लाख टन कार्बन उत्सर्जन में कमी लायी गयी। यह दो लाख 59 हजार करोड़ कारों से एक वर्ष में होने वाले कार्बन उत्सर्जन के बराबर है।