lifestyle

भाई-बहन के पवित्र बंधन का पर्व रक्षा बंधन 15 अगस्त को है। इस पर्व का बहनों को खासतौर पर इंतजार रहता है। राखी सावन के पूर्णिमा को होती है। लेकिन बहने इसका इंतजार हर साल बेसब्री से करती है। इस दिन बहने भाइयों की कलाई पर राखी बांधती है

मोजे सेक्स ड्राइव पर भी काफी असर डालते हैं। रिसर्च में इस बात का खुलासा हुआ है कि महिलाओं की सेक्स ड्राइव मोजे पहनने से बढ़ जाती है। ऐसा इसलिए क्योंकि इससे उनका दिमाग काफी रिलैक्स हो जाता है और फिर वो सेक्स को एंजॉय कर पाती हैं।

कडलिंग हेल्दी और हैपी रिश्ते का संकेत होता है। इसलिए हमेशा एक दूसरे को प्यार से गले जरूर लगाया करिए। बोले तो एक-दूसरे को जादू की झप्पी जरूर दीजिए। यकीन मानिए रिश्ता काफी बेहतर हो जाएगा।

आज कल जैसे जल्दी रिलेशनशिप बनते हैं वैसे जल्दी टूट भी जाते हैं। वर्तमान समय में बहुत जल्दी ब्रेकअप हो जाता है। इसकी कई वजहे हैं, लेकिन सबसे बड़ी वजह स्मार्टफोन हैं। कहीं ना कहीं फोन आपके रिश्ते को खराब कर रहा है।

इस दुनिया में दो तरह के लोग होते हैं एक मर्द और एक औरत। मर्दों को अपनी मर्दानगी दिखाने का शौक होता है, लेकिन इस मर्दानगी की परिभाषा को लेकर लोगों के मन में कई गलतफहमियां हैं। आईए जानते हैं मर्दों के अंदर की उन खूबियों को जिनसे वह असली मर्द बनते हैं।

लखनऊ: आज की ख़राब लाइफस्टाइल की वजह से हमारी सेहत भी डाउन रहती है। ऐसे में कई बार पैसे खर्च करने के बाद भी हमे वो रिजल्ट नहीं मिल पाता, जो हम चाहते हैं। इसलिए हम काफी कमजोर हो रहे हैं। अगर आप भी एनर्जेटिक रूटीन चाहते हैं तो ये खबर आपके लिए हैं। दरअसल, …

महिलाओं की उम्र जैसे-जैसे बढ़ने लगती है उनकी शारीरिक संबंधों को लेकर रुचि कम होने लगती है। हालांकि इस बात के पीछे कई कारण हैं, जो इस प्रकार हैं- साथी की कमी, महिला का विधवा हो जाना, मासिक धर्म का बन्द होना, साथी का खराब स्वास्थ्य और रिश्ते से संबंधित कारण।

हिन्दू धर्म में शादियां बहुत से रीति-रिवाजों के साथ-साथ धूमधाम से की जाती है। शादी को रीति-रिवाजों से करने पीछे का कारण हैं रिश्ते की पवित्रता। जब दो लोग किसी बंधन में बंधते हैं तो गांठ सिर्फ दो लोगों के बीच नहीं बंधती, बल्कि उन दो लोगों से जुड़ें प्रत्येक प्राणी भी उनसे जुड़ जाते है।

कभी- कभी हम अपनी आदतों की वजह से कम उम्र में ही ज्यादा दिखने लगते है।अपनी उम्र से ज़्यादा बड़ी दिखती हैं। ये केवल जीन्स के कारण नहीं बल्कि

ऐसे में पेरेंट्स पर बच्चों की पढ़ाई की जिम्मेदारी बढ़ जाती है। सभी माता-पिता की चाहत होती है कि उनके बच्चे पढ़-लिखकर भविष्य में नाम कमाएं। लेकिन इस पढ़ाई-लिखाई के साथ ही कुछ नया करने की चाह होना भी जरूरी हैं। ऐसे में पेरेंट्स को बच्चों को पढ़ाते समय कुछ टिप्स आजमाने चाहिए