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केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने अपने संसदीय क्षेत्र अमेठी के दौरे के दूसरे और अंतिम दिन आज विकास कार्यो की समीक्षा की। कलेक्ट्रेट में राज्य सरकार के मंत्री, विधायक और अधिकारियों के साथ उन्होंने समीक्षा किया।

प्रदेश सरकार की इलेक्ट्रानिक्स विनिर्माण नीति के फलस्वरूप उप्र राज्य में इलेक्ट्रानिक्स उद्योग के लिए एक अनुकूल वातावरण बना है। चीन, ताइवान तथा कोरिया की विश्वप्रसिद्ध अनेक इलेक्ट्रानिक्स उपकरण तथा कम्पोनेन्ट्स निर्माता कम्पनियां पूंजी निवेश के लिए उत्तर प्रदेश में आ रही है।

इस्लामिक स्कालर मुशर्रफ अहमद ने तलाक और इस्लाम विषय पर बड़ी रिसर्च की है। उनके मुताबिक जब किसी पति-पत्नी का झगड़ा बढ़ता दिखाई दे, तो अल्लाह ने कुरान में उनके करीबी रिश्तेदारों और उनका भला चाहने वालों को यह हिदायतें दी है, कि वो आगे बढ़ें और मामले को सुधारने की कोशिश करें।

डॉ पांडेय ने कहा कि राजभर ने गठबंधन में रहते हुए लगातार भाजपा व भाजपा सरकार के खिलाफ आपत्तिजनक बयान दिए। सरकार की नीतियों का विरोध किया और उसके अनुपालन में बाधा उत्पन्न कर अपने संवैधानिक दायित्वों की भी धज्जियां उड़ाईं।

एक्जिट पोल पर भाजपा ने उत्साहित प्रतिक्रिया दी और कहा कि इससे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पक्ष में माहौल का पता चलता है। हालांकि विपक्षी दलों ने एक्जिट पोल को खारिज किया है। चुनाव परिणाम की घोषणा से पहले आये विभिन्न एक्जिट पोल में मौजूदा राजग सरकार की वापसी का पूर्वानुमान जताया गया है।

इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने कहा है कि भारतीय उत्तराधिकार अधिनियम की धारा 57 एवं हाईकोर्ट रूल्स के चैप्टर 30 के तहत वसीयत का प्रोवेट (अधिकार पत्र) जिला जज की कोर्ट से लिया जा सकता है। अधिनियम में हिन्दू, सिक्ख, जैन, बौद्ध को प्रोवेट लेने पर कोई रोक नहीं है।

शबे कद्र मुकद्दस महीने रमजान में आने वाली बड़ी मुबारक रात है। कुरान करीम में पूरी एक सूरत इसी की फजीलत में नाजिल हुई है जिसमें शबे कद्र की रात को एक हजार रातों से अफजल करार दिया गया है।

लोकसभा चुनाव के दौरान आदर्श आचार संहिता के तहत उत्तर प्रदेश में अब तक कुल 184.14 करोड़ रुपये की जब्ती की गई है। इस दौरान आबकारी विभाग द्वारा करीब 43.4 करोड़ रूपये मूल्य की 15,85,536.5 लीटर मदिरा भी जब्त की गई।

सूबे में भले ही सपा-बसपा गठबंधन जोरदार तरीके से चुनावी मैदान में शक्ति प्रदर्शन में लगा हो। लेकिन 11 लोकसभा सीटें ऐसी भी हैं, जहां पिछले दो दशकों में सपा- बसपा को जीत नसीब नहीं हुई है।

लोकसभा चुनाव यानि लोकतंत्र का सबसे बड़ा उत्सव जहां अमीर-गरीब, कला-गोरा, दलित-सवर्ण सभी उत्साह से हिस्सा लेते हैं आज हम आपको कुछ ऐसे ही आकड़ें बताते हैं जो काफी दिलचस्प हैं।