Kanpur News: विद्यालय विलय के खिलाफ ग्रामीणों का विरोध, रोड जाम कर सरकार से स्कूल दोबारा खोलने की मांग

Kanpur News: अध्यापकों द्वारा हाईकोर्ट में भी इसके खिलाफ याचिका दायर की गई, लेकिन हाईकोर्ट ने उनकी याचिका को खारिज करते हुए सरकार के आदेश को वैध ठहराया।

Manoj Singh
Published on: 21 July 2025 12:38 PM IST
Kanpur News: विद्यालय विलय के खिलाफ ग्रामीणों का विरोध, रोड जाम कर सरकार से स्कूल दोबारा खोलने की मांग
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Kanpur News: उत्तर प्रदेश में योगी सरकार ने 50 से कम संख्या वाले प्राइमरी विद्यालयों को बंद करने के निर्देश दे दिए हैं और उन विद्यालयों के अध्यापक व बच्चों को अन्य विद्यालयों में शिफ्ट करने के आदेश जारी किए हैं। वहीं, बच्चों के अभिभावक और विद्यालय के अध्यापकों ने इसका विरोध किया और कई जगह प्रदर्शन भी हुए। अध्यापकों द्वारा हाईकोर्ट में भी इसके खिलाफ याचिका दायर की गई, लेकिन हाईकोर्ट ने उनकी याचिका को खारिज करते हुए सरकार के आदेश को वैध ठहराया।

अब विद्यालय मर्जिंग के कारण जनपद कानपुर देहात के तहसील सिकंदरा के दुजापुर गांव में विरोध प्रदर्शन देखने को मिला। यहां बच्चों के साथ उनके अभिभावकों ने मुख्य सड़क जाम कर अपनी मांगें सरकार तक पहुंचाईं। अभिभावकों का आरोप है कि उनके गांव का विद्यालय बंद कर दिया गया और इसे 3 किलोमीटर दूर रतापुर गांव के विद्यालय में मर्ज कर दिया गया है। इसके कारण बच्चों को विद्यालय जाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है और दुर्घटना का खतरा बढ़ गया है। इस सड़क पर भारी वाहन चलते हैं, जिससे पहले भी एक बच्ची का हाथ टूट गया और एक बच्चे के पैर में चोट आई है।अभिभावकों ने मांग की है कि शराब के ठेके बंद किए जाएं और बंद हुए विद्यालय पुनः खोले जाएं ताकि उनके बच्चे पढ़ाई कर अपना भविष्य सुधार सकें।

साथ ही यह देखा जा रहा है कि प्राइवेट शिक्षा नीति सरकारी शिक्षा नीति पर भारी पड़ रही है, जिसके कारण हर साल सरकारी स्कूलों में बच्चों की संख्या घट रही है। वहीं, गांव से दूर कस्बों में प्राइवेट स्कूलों में बच्चों की संख्या बढ़ती जा रही है। जबकि सरकार सरकारी स्कूलों में बच्चों को मुफ्त किताबें, ड्रेस, खेलकूद के सामान और मिड डे मील भी उपलब्ध कराती है। साथ ही, योग अनुभवी डिग्रीधारक अध्यापकों से शिक्षा कराई जा रही है। इसके विपरीत प्राइवेट स्कूलों में इन सुविधाओं की कमी है, जो स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है।

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Shalini singh

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