फैन फॉलोइंग हिट, फ्यूचर का क्या? Cockroach Janta Party के अगले कदम पर सस्पेंस बरकरार

Cockroach Janta Party: चीफ जस्टिस सूर्यकांत की टिप्पणी से शुरू हुई 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) ने इंस्टाग्राम पर BJP को पछाड़ा। जानिए इसके फाउंडर अभिजीत दीपके का फ्यूचर प्लान, AAP कनेक्शन और क्या है इसका अनोखा मैनिफेस्टो।

By :  Shivam
Update:2026-05-21 16:03 IST

Cockroach Janta Party: भारत के चीफ जस्टिस सूर्यकांत की एक कथित टिप्पणी के बाद डिजिटल दुनिया में शुरू हुई कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने इस समय इंटरनेट पर तहलका मचा रखा है। महज कुछ ही दिनों के भीतर इस व्यंग्यात्मक और डिजिटल मूवमेंट ने देश की सत्ताधारी पार्टी भारतीय जाना पार्टी (BJP) को भी सोशल मीडिया फॉलोइंग के मामले में पीछे छोड़ दिया है। आलम यह है कि अब आम लोग अपनी रोजमर्रा की समस्याएं और शिकायतें लिखकर सोशल मीडिया पर कॉकरोच जनता पार्टी को टैग कर रहे हैं।

शुरुआत में इसे महज एक ऑनलाइन मजाक या मीम ट्रेंड माना जा रहा था, लेकिन इसकी बढ़ती लोकप्रियता को देखकर अब इसे गंभीर राजनीतिक और सामाजिक चश्मे से देखा जाने लगा है। इंटरनेट पर कुछ लोग इसकी तुलना नेपाल और बांग्लादेश में हुए हालिया हिंसक आंदोलनों से कर रहे हैं, तो कुछ इसे भारत के युवाओं का एक बड़ा 'जेन-जी' (Gen-Z) आंदोलन मान रहे हैं। इस बीच, पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने इन सभी कयासों और आरोपों पर अपनी स्थिति साफ की है।

आम आदमी पार्टी से कनेक्शन और सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस

कॉकरोच जनता पार्टी की अभूतपूर्व सफलता के बाद इसके पीछे के चेहरे, अभिजीत दीपके की पृष्ठभूमि को लेकर कई तरह के दावे किए जा रहे हैं। सोशल मीडिया पर उनकी एक पुरानी तस्वीर तेजी से वायरल हो रही है, जिसमें वह आम आदमी पार्टी (AAP) के वरिष्ठ नेता मनीष सिसोदिया के साथ नजर आ रहे हैं। इस तस्वीर के सामने आने के बाद राजनीतिक गलियारों में आरोप लगने लगे हैं कि यह आंदोलन पूरी तरह से प्रायोजित है और इसके पीछे किसी स्थापित राजनीतिक दल का हाथ है।

इन आरोपों पर खुद अभिजीत दीपके ने सामने आकर सफाई दी है। एक हालिया इंटरव्यू में अभिजीत ने कहा कि भले ही अरविंद केजरीवाल या उनकी पार्टी इस आंदोलन को अपना समर्थन देना चाहें, लेकिन उन्हें नहीं लगता कि जेन-जी का कोई भी युवा इस आंदोलन में किसी स्थापित राजनीतिक दल की एंट्री पसंद करेगा। उन्होंने बताया कि महज 3 दिनों के भीतर इस आंदोलन को जो जनसमर्थन मिला है, वह किसी योजनाबद्ध या पीआर स्ट्रेटेजी के तहत संभव नहीं है। यह असल में देश के युवाओं का वह गुस्सा और हताशा है, जो अब इंटरनेट के जरिए बाहर आ रहा है। फिलहाल अमेरिका में रहकर अपनी पढ़ाई पूरी कर रहे अभिजीत ने यह भी स्वीकार किया कि उनके पास कोई ठोस और लिखित एक्शन प्लान नहीं है, बल्कि वह जनता की राय और उनकी समस्याओं को सुनकर ही आगे की रणनीति तय करेंगे।

इंस्टाग्राम पर बीजेपी से आगे निकली कॉकरोच जनता पार्टी

आंकड़ों की बात करें तो कॉकरोच जनता पार्टी की फैन फॉलोइंग किसी भी मुख्यधारा के राजनीतिक दल को हैरान कर सकती है। महज 6 दिनों के भीतर इस पार्टी के इंस्टाग्राम फॉलोअर्स की संख्या 11.6 मिलियन (1 करोड़ 16 लाख) के पार पहुंच गई है। यह आंकड़ा इसलिए चौंकाने वाला है क्योंकि इस मामले में इसने बीजेपी (87 लाख फॉलोअर्स) और आम आदमी पार्टी (19 लाख फॉलोअर्स) को काफी पीछे छोड़ दिया है, जबकि देश की सबसे पुरानी पार्टी कांग्रेस (1.33 करोड़ फॉलोअर्स) के बेहद करीब पहुंच गई है।

सोशल मीडिया के अन्य प्लेटफॉर्म्स पर भी इस आंदोलन का दबदबा साफ दिख रहा है। एक्स (पहले ट्विटर) पर इसके करीब 2 लाख फॉलोअर्स हो चुके हैं। इंस्टाग्राम पर अब तक करीब 40 वीडियो पोस्ट किए जा चुके हैं, जिनमें से हर वीडियो को लाखों-करोड़ों बार देखा गया है। यदि कुल व्यूज की बात करें तो यह आंकड़ा 350 मिलियन (35 करोड़) को पार कर चुका है। डिजिटल सदस्यता के मामले में भी दावा किया जा रहा है कि अब तक 20 लाख से ज्यादा लोग इस अभियान से जुड़ चुके हैं।

क्या है कॉकरोच जनता पार्टी का अनोखा मैनिफेस्टो?

इस डिजिटल पार्टी ने बहुत कम समय में अपना एक व्यंग्यात्मक और कड़ा मैनिफेस्टो (घोषणापत्र) भी जारी कर दिया है, जो सीधे तौर पर देश की व्यवस्था पर चोट करता है। इसके मैनिफेस्टो में मुख्य रूप से यह मांग की गई है कि किसी भी चीफ जस्टिस को उनके रिटायरमेंट के बाद राज्यसभा या किसी सरकारी पद पर नहीं भेजा जाएगा। इसके अलावा चुनाव के दौरान वोट डिलीट होने या गड़बड़ी होने पर मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) के खिलाफ यूएएपीए (UAPA) के तहत कार्रवाई करने की बात कही गई है।

पार्टी ने अपने घोषणापत्र में संसद और कैबिनेट में महिलाओं को 50 प्रतिशत का आरक्षण देने की वकालत की है। साथ ही बड़े कॉर्पोरेट घरानों जैसे अडाणी और अंबानी द्वारा संचालित मीडिया संस्थानों के लाइसेंस रद्द करने और एक दल से दूसरे दल में जाने वाले यानी दल-बदल करने वाले नेताओं के दोबारा चुनाव लड़ने पर पूरी तरह से रोक लगाने जैसे बड़े वादे शामिल किए हैं।

सदस्यता के लिए तय की गई हैं बेहद दिलचस्प शर्तें

कॉकरोच जनता पार्टी ने अपने संगठन से जुड़ने के लिए जो योग्यताएं तय की हैं, वे पूरी तरह से युवाओं और इंटरनेट संस्कृति (Internet Culture) को ध्यान में रखकर बनाई गई हैं। पार्टी के नियमों के अनुसार, इसका सदस्य बनने के लिए व्यक्ति का अपनी मर्जी से, मजबूरी से या फिर सैद्धांतिक रूप से बेरोजगार होना सबसे पहली शर्त है।

इसके साथ ही आवेदक का शारीरिक रूप से सुस्त होना, दिन में कम से कम 11 घंटे ऑनलाइन वक्त बिताना और पेशेवर स्तर पर सोशल मीडिया पर 'रैंटिंग' यानी अपनी भड़ास निकालने के योग्य होना अनिवार्य बताया गया है। यह पूरा घटनाक्रम चीफ जस्टिस सूर्यकांत की उस टिप्पणी के बाद शुरू हुआ था, जिसमें उन्होंने कथित तौर पर बेरोजगार युवाओं की तुलना कॉकरोच से की थी। हालांकि बाद में उन्होंने इस पर स्पष्टीकरण भी दिया, लेकिन तब तक सोशल मीडिया पर एक डिजिटल आक्रोश की शुरुआत हो चुकी थी, जो अब एक बड़े अभियान का रूप ले चुकी है।

Tags:    

Similar News