Meerut News: IIA मेरठ में AI कार्यशाला: उद्यमियों ने सीखी उत्पादकता और व्यवसाय विकास की तकनीक

Meerut News: आईआईए मेरठ ने SMEs उद्यमियों को AI टूल्स से उत्पादकता और व्यवसाय विकास में तेजी लाने की तकनीक सिखाई

Update:2025-10-09 18:42 IST

Entrepreneurs Learn AI Tools at IIA Meerut 

Meerut News: औद्योगिक क्षेत्र में तकनीक की नई लहर अब कृत्रिम बुद्धिमत्ता (Artificial Intelligence) के रूप में सामने है, और इसी को ध्यान में रखते हुए इंडियन इंडस्ट्रीज एसोसिएशन (IIA) मेरठ चैप्टर ने गुरुवार को मोहकमपुर स्थित आईआईए भवन में “उत्पादकता और व्यवसायिक विकास में कृत्रिम बुद्धिमत्ता की भूमिका” विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित की। इस कार्यक्रम का संचालन वाधवानी फाउंडेशन ने किया, जिसमें ऑल इंडिया मैनेजमेंट एसोसिएशन (AIMA) ज्ञान सहयोगी और आईआईए औद्योगिक सहयोगी के रूप में जुड़े थे।

कार्यशाला में 70 से अधिक लघु और मध्यम उद्योग (SME) उद्यमियों ने भाग लिया। प्रतिभागियों को ChatGPT, Google Gemini, Zoom AI, Claude और Napkin AI जैसे आधुनिक टूल्स के प्रयोग से उत्पादकता बढ़ाने और व्यवसायिक प्रक्रियाओं को सुगम बनाने के तरीकों की जानकारी दी गई। इन टूल्स के माध्यम से संचार, रिपोर्टिंग, मार्केट रिसर्च और संचालन को तेज और अधिक कुशल बनाने पर विशेष बल दिया गया।

कार्यक्रम की शुरुआत सुश्री एकता नैयर (AIMA), श्री अनुराग अग्रवाल (राष्ट्रीय उपाध्यक्ष, IIA), श्री राहुल भाटिया (उप निदेशक, AIMA), श्री अंकित सिंघल (अध्यक्ष, IIA मेरठ), श्री गौरव जैन (सचिव, IIA मेरठ) और श्री एस.पी. सिंह (उपाध्यक्ष, MMA) के संबोधन से हुई। वाधवानी फाउंडेशन की ओर से सुश्री श्वेता सिंह ने संगठन की वैश्विक भूमिका पर प्रकाश डालते हुए बताया कि फाउंडेशन 16 से अधिक देशों में एआई को अपनाने और रोजगार सृजन में अहम योगदान दे रहा है।

कार्यशाला का संचालन श्री अलकेश श्रीवास्तव (Smalt & Beryl) ने किया, जिन्होंने व्यावहारिक अभ्यासों और वास्तविक उदाहरणों के माध्यम से प्रतिभागियों को प्रशिक्षित किया। इस दौरान Wadhwani Lift-Off AI नामक एआई आधारित स्किलिंग प्लेटफॉर्म का परिचय कराया गया और Wadhwani Lift-Off Academy नाम से 10 सप्ताह का निःशुल्क ऑनलाइन कार्यक्रम घोषित किया गया, जो 29 अक्टूबर से आरंभ होगा।

कार्यक्रम के समापन पर अध्यक्ष अंकित सिंघल ने कहा कि,

“व्यवसाय की बदलती दुनिया में एआई का ज्ञान अब विकल्प नहीं, आवश्यकता बन चुका है। MSME सेक्टर को प्रतिस्पर्धी बनाए रखने के लिए तकनीकी साक्षरता बेहद जरूरी है।”बैठक में गौरव जैन, अनुराग अग्रवाल, पुनित आनंद, मिलि रस्तोगी, राजीव जैन, देवांग जैन, और अंकुर बास समेत कई सदस्य मौजूद रहे।यह पहल मेरठ औद्योगिक जगत को डिजिटल भारत की दिशा में एक और मजबूत कदम देती है।

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