फिर गिड़गिड़ाया Pakistan! भारत से बात करने के लिए सऊदी से गुहार लगाए शहबाज, बोले– बचा लो, बात करा दो
India-Pakistan Tension: आतंकों के खिलाफ भारत की बड़ी कार्रवाई के बाद अब पाकिस्तान बातचीत की भीख मांगता दिखाई दे रहा है।
India-Pakistan Tension (PHOTO CREDIT: SOCIAL MEDIA)
India-Pakistan Tension: भारत के 'ऑपरेशन सिंदूर' के बाद से पाकिस्तान घबराया हुआ है। आतंकों के खिलाफ भारत की बड़ी कार्रवाई के बाद अब पाकिस्तान बातचीत की भीख मांगता दिखाई दे रहा है। अब हाल ही का मामला यह है कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान से फ़ोन पर बात करते हुए भारत से बात करवाने की गुहार लगाई है।
शहबाज शरीफ ने कहा कि वह जम्मू-कश्मीर, आतंकवाद, जल विवाद और व्यापार जैसे सभी लंबित मुद्दों पर भारत के साथ 'सार्थक वार्ता' चाहते हैं। रेडियो पाकिस्तान की रिपोर्ट के मुताबिक, शहबाज शरीफ ने इस बातचीत में यह भी कहा कि पाकिस्तान पश्चिम एशिया में ईरान-इजरायल युद्ध का समाधान भी बातचीत और कूटनीति से चाहता है।
सऊदी अरब के लिए आभार जताते हुए शरीफ ने कहा कि भारत से गतिरोध के वक़्त सऊदी समर्थन के लिए वे बेहद आभारी हैं। इस पर क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान ने पाकिस्तान की भूमिका की प्रशंसा की और क्षेत्रीय शांति में भूमिका अदा करने को अहम बताया।
अमेरिका से भी लगाई थी बात कराने की मिन्नत
यह पहली बार नहीं है जब पाकिस्तान ने भारत से बात करने की इच्छा जाहिर की है। कुछ दिन पहले ही प्रधानमंत्री शरीफ ने अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो से भी यही आग्रह किया था। लेकिन भारत सरकार पहले ही साफतौर पर बता चुका है कि पाकिस्तान के साथ बातचीत मात्र पीओके की वापसी और आतंकवाद पर ही होगी।
भारत की कार्रवाई से हिला पाकिस्तान
22 अप्रैल को दक्षिण कश्मीर के पहलगाम में हुए बड़े आतंकवादी हमले में 26 निर्दोष लोगों को मौत के घाट उतारने के बाद भारत ने पाकिस्तान पर पांच बड़े प्रतिबंध लगाए थे। इसमें सिंधु जल संधि को निलंबित करना, पाकिस्तान उच्चायोग में स्टाफ की कटौती जैसे सख्त कदम शामिल थे।
इसके बाद भारत ने 7 मई को 'ऑपरेशन सिंदूर' के तहत पाकिस्तान और पीओके में कई आतंकी ठिकानों को नष्ट किया। इस कार्रवाई में 100 से ज्यादा आतंकियों को मार गिराया गया, साथ ही पाकिस्तानी सेना के नौ एयरबेस भी तबाह कर दिए गए। बाद में एक लीक हुए पाकिस्तानी डोजियर में यह खुलासा हुआ कि भारत की कार्रवाई इससे भी अधिक व्यापक थी।
दबाव में पाकिस्तान
भारत की सैन्य ताकत और कूटनीतिक कदमों के सामने पाकिस्तान अब बेहद कमज़ोर महसूस कर रहा है। बार-बार वार्ता की गुहार लगा रहा है, लेकिन भारत ने अब तक स्पष्ट रूप से संकेत दे दिया है कि बातचीत तभी होगी, जब आतंकवाद पूर्ण रूप से बंद होगा और पीओके की वापसी पर गंभीरता दिखाई जाएगी।