Top

ममता पर टिप्पणी कर विवाद में आए बाबुल सुप्रियो, ट्वीट किया डिलीट, जानें क्या है मामला

चुनाव के दौरान भाषा की मर्यादा को खंडित करना नेताओं की आदत सी हो गई है। तभी तो वह अपनी चुनावी जनसभा में कुछ भी बोल जाते हैं।

raghvendra

raghvendraBy raghvendra

Published on 28 Feb 2021 10:04 AM GMT

ममता पर टिप्पणी कर विवाद में आए बाबुल सुप्रियो, ट्वीट किया डिलीट, जानें क्या है मामला
X
Mamta Banerjee and Babul Supriyo photo soshal media
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print
  • Facebook
  • Twitter
  • Whatsapp
  • Telegram
  • Linkedin
  • Print

कोलकाता। चुनाव के दौरान भाषा की मर्यादा को खंडित करना नेताओं की आदत सी हो गई है। तभी तो वह अपनी चुनावी जनसभा में कुछ भी बोल जाते हैं। मजे की बात यह है कि जब ऐसे नेताओं की तरफ से की गई अशोभनीय टिप्पणी पर विवाद होने लगते हैं तो ये लोग बड़ी बेशर्मी के साथ मीडिया पर तोड़—मरोड़कर प्रस्तुत करने का आरोप लगाकर अपना पल्ला झाड़ लेते हैं। वहीं अब केंद्रीय मंत्री बाबुल सुप्रियो पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर टिप्पणी करके चर्चा में आ गए हैं।

उन्होंने मीम के साथ ममता बनर्जी पर ट्वीट किया था, जिसमें लिखा था, 'बेटी पराया धन होती है, इस बार विदा कर देंगे...।' बता दें कि बाबुल सुप्रियो ने एक तस्वीर ट्वीट किया था, जिसमें ममता बनर्जी की फोटो लगी थी और उसमें लिखा था— 'मैं बंगाल की बेटी हूं।' इसी तस्वीर में नीचे अमित शाह की फोटो लगी थी, जिसके साथ लिखा था— 'बेटी पराया धन होती है। इस बार बिदा कर देंगे।' हालांकि विरोध होने पर उन्होंने अपना ट्वीट हटा दिया है।

बाबुल सुप्रियो का ट्वीट

इसे भी पढ़ें: पश्चिम बंगाल में पुलिस का बड़ा एक्शन, बीजेपी के प्रचार वाहन में तोड़फोड़ करने में पांच गिरफ्तार

बाबुल सुप्रियो ने अपने इस ट्वीट पर सफाई देते हुए कहा कि यह मीम बीजेपी की आसनसोल जिला यूनिट की तरफ से किया गया था। जिसे उन्होंने शेयर करते हुए कैप्शन में लिखा था, 'कर ही देंगे इस बार विदा।' यह ट्वीट शेयर करते ही बाबुल सुप्रियो कई लोगों के निशाने पर आ गए। तृणमूल समर्थकों के साथ ही बड़ी संख्या में लोग सोशल मीडिया पर उनकी आलोचना करने लगे। हालांकि आलोचकों के निशाने पर आते ही बाबुल सुप्रियो ने अपना ट्वीट हटा दिया है। इतना ही नहीं उनके इस ट्वीट के विरोध में ट्विटर पर #BanglaNijerMeyekeiChay ट्रेंड करने लगा, जिसका मतलब होता है कि बंगाल अपनी अपनी बेटी को चाहता है।



वहीं पश्चिम बंगाल की महिला एवं बाल कल्याण मंत्री डॉ. शशि पंजा ने भी बाबुल सुप्रियो के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए लिखा, 'बाबुल सुप्रियो जी देश में महिलाओं की स्थिति को लेकर मुझे चिंता हो रही है। यदि जनप्रतिनिधि ही इस तरह की हरकत करेंगे, तो आगे क्या होगा। इस तरह की भाषा से मैं बेहद अचंभित हूं कि बीजेपी में इस तरह का लिंगभेद है।' उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल अपनी बेटियों के सम्मान के लिए जाना जाता है और इसबार भी अपनी बेटी का अपमान नहीं होने देगा। गौरतलब है कि टीएमसी ने ममता बनर्जी को बंगाल की बेटी बताकर इस बार चुनाव कैंपेन की शुरुआत की है।

इसे भी पढ़ें: शिवराज सिंह चौहान ने बंगाल में दिया नया चुनावी नारा, बोले- ‘2 मई को दीदी तो गई’

raghvendra

raghvendra

राघवेंद्र प्रसाद मिश्र जो पत्रकारिता में डिप्लोमा करने के बाद एक छोटे से संस्थान से अपने कॅरियर की शुरुआत की और बाद में रायपुर से प्रकाशित दैनिक हरिभूमि व भाष्कर जैसे अखबारों में काम करने का मौका मिला। राघवेंद्र को रिपोर्टिंग व एडिटिंग का 10 साल का अनुभव है। इस दौरान इनकी कई स्टोरी व लेख छोटे बड़े अखबार व पोर्टलों में छपी, जिसकी काफी चर्चा भी हुई।

Next Story