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EMI पर राहत नहींः RBI की बड़ी बैठक खत्म, नहीं हुआ रेपो रेट में बदलाव

आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास ने बताया, "2021-22 के लिए वास्तविक जीडीपी वृद्धि का प्रक्षेपण 10.5% पर बरकरार है।"

Chitra Singh

Chitra SinghBy Chitra Singh

Published on 7 April 2021 5:48 AM GMT

EMI पर राहत नहींः RBI की बड़ी बैठक खत्म, नहीं हुआ रेपो रेट में बदलाव
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 EMI पर राहत नहींः RBI की बड़ी बैठक खत्म, नहीं हुआ रेपो रेट में बदलाव (फोटो- सोशल मीडिया)

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नई दिल्ली: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की मौद्रिक नीति समिति की तीन दिवसीय बैठक का आज खत्म हो गई है। आरबीआई (RBI) के गवर्नर शक्तिकांत दास ने प्रेस कॉन्फ्रेस के माध्यम से समिति द्वारा लिए गए फैसलों के बारे में जानकारी दी है। उन्होंने बताया है कि लोन की ईएमआई (EMI) पर राहत नहीं मिलेगी, क्योंकि आरबीआई (RBI) ने ब्याज की दरों में कोई बदलाव नहीं किए हैं।

आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास ने समिति द्वारा लिए गए फैसलों के बारे में जानकारी देते हुए बताया, "2021-22 के लिए वास्तविक जीडीपी वृद्धि का प्रक्षेपण 10.5% पर बरकरार है।" उन्होंने ये भी बताया है कि "RBI ने रिवर्स रेपो रेट को भी 3.35 फीसदी पर बरकरार रखा है , साथ ही 4% पर रेपो रेट को अपरिवर्तित रखेगा।"

पर्याप्त तरलता के साथ बाज़ार का समर्थन करेगा RBI

वहीं कोरोना मामलों पर RBI गवर्नर शक्तिकांत दास ने कहा है, "COVID-19 मामलों में हाल ही में वृद्धि कुछ राज्य सरकारों द्वारा प्रतिबंधों के कड़े होने के बीच घरेलू विकास के दृष्टिकोण में अनिश्चितता को जोड़ती है।" इसके अलावा RBI गवर्नर ने बताया कि भारतीय रिज़र्व बैंक पर्याप्त तरलता के साथ बाज़ार का समर्थन करेगा।

RBI (फोटो- सोशल मीडिया)

मौद्रिक नीति पर बोलें RBI गवर्नर

शक्तिकांत दास ने आगे बताया, "CPI मुद्रास्फीति के लिए प्रक्षेपण 2021 के Q4 में 5%, 5.2%, 2021-22 के Q1 में, 5.2% भी 2021-22 के Q2 में, 4.4% Q3 में, और Q4 में 5.1% जोखिम के साथ मोटे तौर पर संतुलित है।" उन्होंने बताया, "31 मार्च 2021 को, सरकार ने अगले पांच वर्षों के लिए क्रमशः 2% और 6% के निचले और ऊपरी सहिष्णुता स्तर के साथ मुद्रास्फीति लक्ष्य को 4% पर बनाए रखा, जो कि अप्रैल 2021 से मार्च 2026 तक है।" RBI गवर्नर ने मौद्रिक नीति पर जानकारी देते हुए बताया, "50,000 करोड़ रुपये का ताजा ऋण सभी भारतीय वित्तीय संस्थानों को प्रदान किया जाएगा।"

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