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बरेलीः लापता तीन बहनों की लाशें मिलीं, दो के हाथ बंधे थे, रेप की आशंका

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Published on 28 Aug 2016 1:35 AM GMT

बरेलीः लापता तीन बहनों की लाशें मिलीं, दो के हाथ बंधे थे, रेप की आशंका
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बरेलीः मीरगंज इलाके में तीन चचेरी बहनों की हत्या कर उनकी लाशें भाखड़ा नदी में बहा दी गईं। पुलिस ने तीनों की लाशें बरामद की है। दो लाशों पर तेजाब डालकर उनकी पहचान छिपाने की कोशिश भी की गई। सभी के हाथ कपड़ों से बांधे गए थे। ग्रामीणों ने तीनों से रेप की आशंका जताई है। ये तीनों शौच करने एक दिन पहले घर से निकली थीं और उसके बाद से लापता थीं।

लाशें

क्या है मामला?

सैंजना गांव में 14 साल और 13 साल की तीन बहनें शुक्रवार को शौच करने निकली थीं। शाम तक वापस न आने पर घरवालों ने उनकी काफी तलाश की, लेकिन कुछ पता नहीं चला। मीरगंज थाने में तीनों के लापता होने की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी।

शनिवार सुबह शाही के बलेही गांव में भाखड़ा नदी के किनारे एक बहन की लाश मिली। शाम को नदी के पुल से कुछ दूर दूसरी बहन की भी लाश तेजाब से झुलसी हुई मिली। बाद में तीसरी बहन की तेजाब से झुलसी लाश मिल गई। दो बहनों के हाथ बंधे हुए थे। दोनों की पहचान छिपाने की कोशिश की गई थी।

लाशें

क्या कहती है पुलिस?

बरेली के एसएसपी आरके भारद्वाज के मुताबिक परिवार वालों ने अज्ञात लोगों के खिलाफ केस दर्ज कराया है। हत्या की वजह का पता नहीं है। पोस्टमॉर्टम के बाद एफआईआर में धाराएं बढ़ाई जाएंगी। आरोपियों की तलाश के लिए कोशिश तेज की गई है। गांव में पुलिस और पीएसी लगाई गई है।

कब क्या हुआ

घटनाक्रम :- तीन बहनों की हत्या

• 10:45 बजे शुक्रवार को करीब तीनों चचेरी बहनें घर से बाहर निकली।

• 5:00 बजे शाम शुक्रवार को परिजनों को किशोरियों के गायब होने का पता चला।

• 9:00 बजे रात खोजबीन करने के बाद घरवालों ने थाने में दी सूचना।

• 12:30 बजे रात परिजनों की तहरीर पर पुलिस ने लिखा मुकदमा।

• 8:30 बजे सुबह शनिवार को बेलही के लोगों ने एक बहन का शव नदी में देखा।

• 10:00 बजे शनिवार को सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस।

• 10:15 बजे नदी से निकाला गया शव।

• 10:45 बजे पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा।

• 11:00 बजे सीओ मीरगंज बलेही गांव पहुंचे।

• 11:30 बजे शनिवार को पुलिस तफ्तीश के लिए सैंजना गांव पहुंची,

• 12:00 बजे दोपहर एसपी ट्रैफिक और सीओ बहेड़ी मौके पर पहुंचे।

• 12:30 बजे उपजिलाधिकारी और सीओ मीरगंज ने की कांबिग।

• 12:45 बजे फील्ड यूनिट और खोजी कुत्ता पहुंचा,

• 5:30 बजे शनिवार शाम को परिजनों ने दूसरी बहन शव नदीं से निकाला।

• 7:00 बजे शाम एसएसपी आरके भारद्वाज मौके पर पहुंचे।

घर में नहीं था शौचालय

सैंजना गांव में हुई वारदात में सामने आया कि तीनों किशोरी घर में शौचालय ना होने की वजह से बाहर शौच के लिए गईं थी। अंतिम बार उन्हें गांव के करीबखेत की तरफ जाते हुए देखा गया था। उनकी मौत के बाद अब पूरे गांव में चर्चा है कि यदि घर में ही शौचालय होता तो उन्हें बाहर निकलने की क्या जरूरत थी।

दुष्कर्म की आशंका से स्लाइड सुरक्षित

मृतकों में एक बहन के पोस्टमार्टम रिपोर्ट में न तो आंतरिक चोट और ना ही दुष्कर्म की पुष्टि हुई है। हालांकि पोस्टमार्टम के बाद स्लाइड सुरक्षित की गई है। अभी शेष दो बहनों का पोस्टमार्टम रिपोर्ट आना अभी बाकी है।

पुलिस जांच 'लव एंगल' पर भी

पुलिस के आलाधिकारियों के अनुसार किशोरियों के साथ दुष्कर्म नहीं हुआ है। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या सिर्फ जमीनी विवाद में तीन बहनों की हत्या की गई है। गांव वालों का कहना है कि सिर्फ जमीनी विवाद में इस तरह तीनों बहनों की हत्या नहीं की जा सकती। एेसे में पुलिस की जांच 'लव एंगल' पर जा टिकी है।

बढ़ी राजनीतिक सरगर्मी

तीन लड़कियों की हत्या की खबर फैलते ही राजनीतिक सरगर्मी भी बढ़ने लगी है। शारदा के पोस्टमार्टम के दौरान पूर्व सांसद प्रवीण सिंह ऐरन पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे। उन्होंने परिवार के सदस्यों को दिलासा दिया। वहीं आंवला सांसद धर्मेन्द्र कश्यप भी सैंजना गांव पहुंचे। लड़कियों के परिवार वालों को हरसंभव मदद दिलवाने का आश्वासन दिया। इसके अतिरिक्त शीशगढ़ नगर पंचायत अध्यक्ष हाजी गुड्डू और सपा के प्रदेश कार्यकारिणी के सुरेश गंगवार ने भी पीड़ित परिवार से मिलकर सीएम कोष से मदद दिलाने की बात कही।

राजधानी तक मामले की गूंज

तीन बहनों की मौत। फिर लाश की बरामदगी के लिए दिनभर चले इस मामले की राजधानी तक हलचल रही। सरकार और डीजीपी कार्यालय बरेली में मौजूद अफसरों से लगातार प्रकरण की पूरी जानकारी ले रही है।

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