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गए थे हरी भजन को ओटन लगे कपास : टीका लगवाने आए युवक की कर दी 'नसबंदी'

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RishiBy Rishi

Published on 2 April 2017 3:28 PM GMT

गए थे हरी भजन को ओटन लगे कपास : टीका लगवाने आए युवक की कर दी नसबंदी
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गोरखपुर : पैसे के लालच में जनाब टीका लगवाने को क्या तैयार हुए, उनकी तो नसबंदी ही हो गयी। अपने गांव से गोरखपुर शहर घूमने आए एक युवक को अज्ञात महिला ने टीका लगवाने के बदले पैसे देने का झांसा दिया, और एक नर्सिंग होम में ले जाकर नसबंदी करा दी।

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पीड़ित रामू यादव बड़हलगंज थाना क्षेत्र के महुआपार गांव में शैलेंद्र दुबे के घर में पिछले 15 वर्षों से काम कर रहा है। शैलेंद्र ने बताया कि रामू 29 मार्च को मेरे बाबा से पैसे लेकर घूमने के लिए शहर आया था। 31 मार्च को इसका फोन आया तो हम लोग शहर आए तो इसकी स्थिति खराब थी। पूछने पर उसने बताया कि एक महिला इस से मिली और इंजेक्शन लगवाने के बदले पैसे देने की बात कह कर अस्पताल ले गई थी।

शैलेन्द्र के मुताबिक रामू के हाथ में एक कार्ड था, जो नसबंदी का था। जिस पर रायगंज प्रकाश सर्जिकल क्लीनिक लिखा था। मामले की शिकायत हम लोगों ने मुख्यमंत्री और डीएम के व्हाट्स एप्प पर की, लेकिन कोई जवाब न मिलने पर हमने डीएम को को फोन किया और पूरी बात बताई। डीएम के कहने पर हम लोग रामू को लेकर सीएमओ के पास गए। उनके आनाकानी करने पर हम राजघाट पहुंचे। वहां से हमें कोतवाली का मामला बताकर कोतवाली भेजा गया। रविवार को एसएसपी ने मामला संज्ञान में आने पर जांच के आदेश दे दिए हैं।

एसएसपी रामलाल वर्मा ने कहा कि इस प्रकार का एक प्रार्थना पत्र मिला है, जाँच कराई जा रही है अगर आरोप सही मिलता है तो विधिक कार्यवाही की जाएगी।

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आशीष शर्मा ऋषि वेब और न्यूज चैनल के मंझे हुए पत्रकार हैं। आशीष को 13 साल का अनुभव है। ऋषि ने टोटल टीवी से अपनी पत्रकारीय पारी की शुरुआत की। इसके बाद वे साधना टीवी, टीवी 100 जैसे टीवी संस्थानों में रहे। इसके बाद वे न्यूज़ पोर्टल पर्दाफाश, द न्यूज़ में स्टेट हेड के पद पर कार्यरत थे। निर्मल बाबा, राधे मां और गोपाल कांडा पर की गई इनकी स्टोरीज ने काफी चर्चा बटोरी। यूपी में बसपा सरकार के दौरान हुए पैकफेड, ओटी घोटाला को ब्रेक कर चुके हैं। अफ़्रीकी खूनी हीरों से जुडी बड़ी खबर भी आम आदमी के सामने लाए हैं। यूपी की जेलों में चलने वाले माफिया गिरोहों पर की गयी उनकी ख़बर को काफी सराहा गया। कापी एडिटिंग और रिपोर्टिंग में दक्ष ऋषि अपनी विशेष शैली के लिए जाने जाते हैं।

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