पीएम मोदी की कहानी: चाय-कोयले से अब तक ऐसा रहा का सफर

डिस्कवरी के मशहूर प्रोग्राम मैन वर्सेज वाइल्ड में प्रधानमंत्री मोदी शो के होस्ट बेयर ग्रिल्स के साथ नजर आये। इस एपिसोड का 12 अगस्त को 180 देशों में प्रीमीयर था।

पीएम मोदी की कहानी: चाय-कोयले से अब तक ऐसा रहा का सफर

पीएम मोदी की कहानी: चाय-कोयले से अब तक ऐसा रहा का सफर

डिस्कवरी के मशहूर प्रोग्राम मैन वर्सेज वाइल्ड में प्रधानमंत्री मोदी शो के होस्ट बेयर ग्रिल्स के साथ नजर आये। इस एपिसोड का 12 अगस्त को 180 देशों में प्रीमीयर था। इस एपिसोड को उत्तराखंड के जिम कॉर्बेट नेशनल पार्क के जंगलों में शूट किया गया है। जहां प्रधानमंत्री मोदी ने अपने लाइफ से जुड़े कई किस्से सांझा किये हैं।

प्रकृति से हमेशा जुड़ा रहा परिवार-

प्रधानमंत्री मोदी ने बताया कि 18 सालों में ये मेरी पहली छुट्टी है। साथ ही पीएम मोदी ने बचपन के दिनों को याद करते हुए बताया कि गरीब होने के बावजूद उनका परिवार को प्रकृति से बहुत लगाव रहा है। उनके पिताजी पोस्टकार्ड के जरिए अपने रिश्तेदारों से को पहले बारिश की जानकारी देते थे। साथ ही प्रधानमंत्री मोदी ने ये भी कहा कि हमें प्रकृति कभी डरना नहीं चाहिए। अगर हमने ऐसा करना शुरु कर दिया तो समस्या शुरु हो जाती है।

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चाय और कोयले के प्रेस की यादें-

बचपन की यादों को सांझा करते हुए पीएम मोदी ने बताया कि उनके पिता रेलवे स्टेशन पर चाय बेचते थे और वो स्कूल से आने के बाद अपनी पिता की मदद करते थे। वहीं बेयर ग्रिल्स के पूछने पर कि वो कैसे स्टूडेंट रहे हैं। इस पर उन्होंने बोला कि मैं ये तो नहीं बता सकता पर मुझे बचपन में साफ-सुथरे यूनिफॉर्म पहनना अच्छा लगता था। जिसके लिए वो तांबे के बर्तन में कोयला रखकर कपड़ों को प्रेस किया करते थे।

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हिमालय का अनुभव रहा खास-

अपने प्रधानमंत्री बनने के सफर को सांझा करते हुए मोदी ने कहा कि पहले मुझे गुजरात का सीएम बनने का मौका मिला और बाद में मुझे देश की सेवा करने का मौका मिल गया। पीएम मोदी ने बताया कि ये उनकी पहली छुट्टी है। साथ ही अपना करियर चुनने की बात बताते हुए पीएम मोदी ने बताया कि मुझे अपने जिंदगी का फैसला करना था लेकिन उससे पहले मैं आध्यात्म से जुड़ना चाहता था। जिसके लिए मैं काफी समय तक हिमालय में रहा और वहां का अनुभव बहुत ही प्यारा है।