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Shammi Kapoor तुम सा नहीं देखा..., एक एक्टर जिसने सबको नचाया

Shammi Kapoor Death Anniversary: वह 14 अगस्त 2011 का दिन था जब शम्मी कपूर जैसा लीजेंड इस दुनिया से रुखसत हुआ। बॉलीवुड (Bollywood) में किसी के अंतिम संस्कार में इतनी बड़ी भीड़ देखना दुर्लभ है, लेकिन कपूर एक अपवाद थे।

Ramkrishna Vajpei
Written By Ramkrishna VajpeiPublished By Shreya
Updated on: 13 Aug 2021 7:13 AM GMT
Shammi Kapoor तुम सा नहीं देखा..., एक एक्टर जिसने सबको नचाया
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शम्मी कपूर (फोटो साभार- सोशल मीडिया) 

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Shammi Kapoor Death Anniversary: शम्मी कपूर एक ऐसा एक्टर जिस का अंग अंग अभिनय (Acting) करता था या यों कहा जाए वह सीधे, स्ट्रेट खड़े ही नहीं रह सकते थे। तभी को उनका नाम लो तो एक ऐसे एक्टर का ध्यान आता है जिसके लटके झटके उस दौर में सबसे अलग थे जब हीरो स्ट्रेट हुआ करते थे। बाद के दौर में तमाम अभिनेता हुए जिनमें जितेंद्र, मिथुन चक्रवर्ती, गोविंदा तक एक लंबी कतार शामिल है लेकिन शम्मी कपूर अपने आप में बेजोड़ थे।

उन पर फिल्माया गीत तारीफ करूं क्या उसकी (Taarif Karoon Kya Uski...) इस कदर सुपरहिट रहा कि आज भी प्रेमी अपनी प्रेमिका को रिझाने के लिए कह उठते हैं तारीफ करूं क्या उसकी...। शम्मी कपूर के बारे में यही कहा जा सकता है कि आज वह स्वर्ग में रह कर सबको नचा रहे होंगे।

शम्मी कपूर (फाइल फोटो साभार- सोशल मीडिया)

14 अगस्त को ही दुनिया को कहा अलविदा

वह 14 अगस्त 2011 का दिन था जब शम्मी कपूर जैसा लीजेंड इस दुनिया से रुखसत हुआ। बॉलीवुड (Bollywood) में किसी के अंतिम संस्कार में इतनी बड़ी भीड़ देखना दुर्लभ है, लेकिन कपूर एक अपवाद थे। क्योंकि फिल्म इंडस्ट्री (Film Industry) में और इसके बाहर भी वह हरदिल अजीज थे सबने उन्हें प्यार किया और प्यार दिया।

शम्मी कपूर के बारे में अभिनेता ऋतिक रोशन (Hrithik Roshan) ने बहुत साफ कहा "शम्मी कपूर जैसे महापुरूष मरते नहीं हैं... वह रहते हैं, हमारे अंदर... हमारे आसपास... उनके जैसी यात्रा का आनंद लिया जाना चाहिए... शोक नहीं... बेशक हम' मैं उनकी भौतिक उपस्थिति को बहुत याद करूंगा...लेकिन उनका जादू आपके और मेरे भीतर रहता है... मैं यह सुनिश्चित करूंगा कि मेरे बेटे उस सुपरस्टार को जानें, जिसे उनके पिता सबसे ज्यादा पसंद करते हैं और सबसे ज्यादा प्यार करते हैं...धन्यवाद शम्मी अंकल...और तुम्हारे लिए, मैं RIP नहीं कहना चाहता, बल्कि DIH ... अब स्वर्ग में नाच रहा हूं... मैं तुमसे प्यार करता हूँ..."

(फोटो साभार- सोशल मीडिया)

लगातार कई फिल्में हुई थीं फ्लॉप

कपूर खानदान के चश्मोचिराग के रूप में शम्मी ने अपने कैरियर की शुरुआत 1953 में फ्लॉप फिल्म जीवन ज्योति से की थी। इसके बाद उनकी कई फिल्में लगातार बॉक्स-ऑफिस पर पिटीं, लेकिन जब इन्हें फ्लॉप हीरो माना जा रहा था उसी दौरान 1957 में आई फिल्म तुमसा नहीं देखा ने शम्मी के करियर को दिशा दे दी, इस फिल्म ने उन्हें एक स्टाइलिश प्लेबॉय और डांसर की इमेज दे दी।

इसके बाद दिल देके देखो (1959) के साथ इन्होंने अपने इमेज और अधिक मजबूत कर ली। 1961 में ब्लॉकबस्टर हिट जंगली के साथ शम्मी कपूर छा गए और 1960 के दशक में सबसे अधिक डिमांड वाले बॉलीवुड सितारों में से एक बन गए। इसके बाद वह तमाम सफल फिल्मों में नजर आए जिनमें प्रोफेसर (1962), कश्मीर की कली (1064), काली (1964), तीसरी मंजिल (1966), एन इवनिंग इन पेरिस (1967), ब्रह्मचारी (1968) और प्रिंस (1969)। अंदाज़ (1971) में अपनी यादगार भूमिकाओं में दिखायी दिये। इसके बाद वह मुख्य रूप से सहायक भूमिकाओं में दिखाई देने लगे।

2011 में रॉकस्टार शम्मी कपूर की आखिरी फिल्म थी। शम्मी ने 1955 में अभिनेत्री गीता बाली से शादी की थी, जिनसे उन्हें एक बेटा और एक बेटी हुई। 1965 में चेचक के कारण बाली की मृत्यु हो गई और इसके चार साल बाद उन्होंने नीला देवी के साथ दूसरी शादी की। और 80वें जन्मदिन से महज 2 महीने पहले किडनी फेल होने के कारण 14 अगस्त 2011 को उनका निधन हो गया।

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Shreya

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