पनामा पेपर्स लीक: PM मोदी ने दिए जांच के आदेश, विशेषज्ञों की टीम गठित

Published by Admin Published: April 4, 2016 | 1:44 pm
Modified: August 10, 2016 | 4:04 am

पीएम नरेंद्र मोदी

नई दिल्ली:केंद्र सरकार ने कहा कि खोजी पत्रकारों के एक अंतरराष्ट्रीय समूह की ओर से उजागर सूचना का वह स्वागत करती है। पीएम नरेंद्र मोदी के आदेश पर टैक्स और विदेशी मुद्रा लेन-देन मामले के विशेषज्ञों की एक टीम गठित की गई है, जो कि वित्तीय अपराध की जांच करने वाली एजेंसियों के साथ मिलकर इनमें से प्रत्येक मामले में प्राप्त सूचना की जांच करेगी।

अंग्रेज़ी दैनिक ‘इंडियन एक्सप्रेस’ सहित मीडिया कंपनियों के समूह ने उन दस्तावेज़ों की गहरी छानबीन की, जो किसी अज्ञात सूत्र ने उपलब्ध करवाए थे। जांच से ढेरों फिल्मी तथा खेल हस्तियों के अलावा लगभग 140 राजनेताओं की छिपी संपत्ति का भी खुलासा हुआ है।

पनामा पेपर्स लीक में टैक्स बचाने के लिए दूसरे देशों में पैसा छिपाने के मामले में भारत समेत दुनियाभर की कई सेलेब्रिटीज और दिग्गज नेताओं का नाम सामने आया है। इस खुलासे पर वित्त मंत्री अरुण जेटली ने सोमवार को विदेशों में कालाधन छिपाने वालों को चेतावनी दी।

महंगा पड़ेगा कानून से ख‍िलवाड़
कई भारतीयों द्वारा विदेशों में कालाधन छुपाने की ताजा खबरों के बीच वित्त मंत्री ने कहा कि जिन लोगों ने विदेशों में अपनी अघोषित आय और संपत्तियों का हिसाब देने के लिए सरकार द्वारा पिछले साल उपलब्ध कराए गए अवसर का लाभ नहीं उठाया उन्हें उनका यह खिलवाड़ बहुत महंगा पड़ेगा। उन्होंने कहा कि विदेशों में कालाधन छुपाने वालों के खिलाफ वैश्विक पहल के तहत की जा रही बहुपक्षीय व्यवस्था 2017 तक प्रभावी हो जाएगी। उसके बाद लोगों के लिए अपनी गैर कानूनी संपत्ति बाहर छुपाना मुश्किल होगा।

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बरसे वित्त मंत्री
जेटली उद्योग मंडल सीआईआई के सालाना अधिवेशन के उद्घाटन सत्र को संबोधित कर रहे थे। कहा, ‘जी-20 की पहल, एफएटीसीए (अमेरिका का कानून) तथा द्विपक्षीय संधियों के तहत नई व्यवस्थाएं 2017 से प्रभावी हो जाएंगी। उसके बाद दुनिया में वित्तीय लेन-देन की संस्थागत व्यवस्था अपेक्षाकृत काफी पारदर्शी होगी। इसलिए इस तरह का खिलवाड़ उन लोगों के लिए बेहद महंगा होगा जो इसमें लिप्त हैं’।

बिग बी से लेकर पाक पीएम तक ने की टैक्स चोरी
पनामा की एक कंपनी मोसाक फोंसेका के एक करोड़ से ज्यादा खुफिया टैक्स डॉक्यूमेंट्स लीक हो गए हैं। इन डॉक्यूमेंट्स के आंकड़े लीक होने से एक बड़ा खुलासा हुआ है। इसमें रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के एक बिजनेसमैन दोस्त और पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के अलावा करीब 150 ऐसे बड़े राजनेता शामिल हैं, जिन्होंने बड़ी दौलत टैक्स हैवन देशों में छुपाई है। भारत से इस लिस्ट में बॉलीवुड के शंहशाह अमिताभ बच्चन और उनकी बहू ऐश्वर्या राय बच्चन शामिल हैं।

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भारत के 500 लोग शामिल
अंग्रेजी अखबार इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, टैक्स हैवन में दौलत छुपाने वालों की सूची में नेता, अभिनेता, खिलाड़ी, व्यापार से जुड़ी कई नामचीन हस्तियों के नाम हैं। इस लिस्ट में 500 भारतीयों के नाम शामिल हैं। भारतीयों में अमिताभ और ऐश्वर्या राय बच्चन के अलावा डीएलफ के मालिक केपी सिंह और गौतम अडानी के बड़े भाई विनोद अडानी भी शामिल हैं। साथ ही इसमें पाकिस्तान के पीएम नवाज शरीफ, बेनजीर भुट्टो, चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग, मिस्र के पूर्व राष्ट्रपति होस्नी मुबारक, सीरिया के राष्ट्रपति बशर अल असद का नाम भी सामने आया है।

पनामा सरकार ने दिया सहयोग का भरोसा
पनामा सरकार ने पनामा पेपर्स के आंकड़े लीक होने के बाद सहयोग करने का भरोसा दिया है। पनामा सरकार ने एक बयान में कहा कि सरकार कोई कानूनी कदम उठाए जाने की स्थिति में हर प्रकार की आवश्यक सहायता या हर प्रकार के अनुरोध में पूरी तरह सहयोग करेगी।

क्या है मोसाका फोंसेका
मोसाका फोंसेका एक लॉ फर्म है। इसका हैडक्वार्टर पनामा में है। यह दुनियाभर के कंपनियों या लोगों को मोटी फीस लेकर फाइनेंशियल मैटर्स पर सलाह देती है और इससे जुड़े कानूनी मसले भी देखती है। 35 से ज्यादा देशों में इस फर्म के दफ्तर हैं। इस मामले पर मोसाका फोंसेका ने कहा कि यह जुर्म है और इसे हम अपने देश पनामा पर हमला मानते हैं। कंपनी के मुताबिक कुछ देशों को हमारी कामयाबी पसंद नहीं हा रही है। वहीं पनामा सरकार का कहना है कि वह संदिग्ध डील्स को लेकर जीरो टॉलरेंस की पॉलिसी पर चलती है और अगर कोई देश कानूनी तौर पर जांच करेगा तो वह उसकी मदद करेगी। लीक हुए दस्तावेज वर्श 1975 से 2015 तक के हैं।

 

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