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इस्लाम की संवेदनशीलता : मलेशिया में 'पद्मावत' की रिलीज पर रोक

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RishiBy Rishi

Published on 29 Jan 2018 12:51 PM GMT

इस्लाम की संवेदनशीलता : मलेशिया में पद्मावत की रिलीज पर रोक
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कुआलालंपुर : भारत में काफी जद्दोजहद के बाद रिलीज हुई विवादित फिल्म 'पद्मावत' को अब 'इस्लाम की संवेदनशीलताओं' की चिंताओं के मद्देनजर मलेशिया के सिनेमाघरों में प्रदर्शित होने से रोक दिया गया है। मलेशिया के नेशनल फिल्म सेंसरसिप बोर्ड (एलपीएफ) ने फिल्मकार संजय लीला भंसाली की फिल्म 'पद्मावत' की देश में रिलीज पर रोक लगा दी है।

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वेबसाइट 'वेराइटी डॉट कॉम' की रिपोर्ट के मुताबिक, एलपीएफ के अध्यक्ष मोहम्मद जामबेरी अब्दुल अजीज ने एक बयान में कहा कि फिल्म की कहानी अपने आप में चिंता का एक बड़ा विषय है क्योंकि 'मलेशिया एक मुस्लिम बहुल मुल्क है।'

अजीज ने कहा, "फिल्म की कहानी इस्लाम की संवेदनशीलता को छूती है। यह अपने आप में मलेशिया, एक मुस्लिम बहुल मुल्क, में एक बड़ी चिंता का विषय है।"

16वीं सदी के कवि मलिक मुहम्मद जायसी की रचना 'पद्मावत' पर आधारित इस फिल्म का देश में राजपूत संगठन राजपूत करणी सेना ने ऐतिहासिक तथ्यों से खिलवाड़ करने का आरोप लगाते हुए काफी विरोध किया था। काफी मशक्कत के बाद फिल्म 25 जनवरी को रिलीज हो पाई।

रिलीज के बाद फिल्म को मिलीजुली प्रतिक्रिया मिल रही है। कुछ वगोर्ं द्वारा जौहर का महिमामंडन करने और अलाउद्दीन खिलजी को राक्षस जैसा क्रूर व्यवहार करते दिखाए जाने पर फिल्म की आलोचना की गई है।

एलपीएफ के फैसले को लेकर मलेशिया के वितरकों द्वारा मंगलवार को अलग से गठित फिल्म अपील समिति में अपील किए जाने की उम्मीद है।

फिल्म 'पद्मावत' में दीपिका पादुकोण, शाहिद कपूर और रणवीर सिंह मुख्य भूमिका में हैं।

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आशीष शर्मा ऋषि वेब और न्यूज चैनल के मंझे हुए पत्रकार हैं। आशीष को 13 साल का अनुभव है। ऋषि ने टोटल टीवी से अपनी पत्रकारीय पारी की शुरुआत की। इसके बाद वे साधना टीवी, टीवी 100 जैसे टीवी संस्थानों में रहे। इसके बाद वे न्यूज़ पोर्टल पर्दाफाश, द न्यूज़ में स्टेट हेड के पद पर कार्यरत थे। निर्मल बाबा, राधे मां और गोपाल कांडा पर की गई इनकी स्टोरीज ने काफी चर्चा बटोरी। यूपी में बसपा सरकार के दौरान हुए पैकफेड, ओटी घोटाला को ब्रेक कर चुके हैं। अफ़्रीकी खूनी हीरों से जुडी बड़ी खबर भी आम आदमी के सामने लाए हैं। यूपी की जेलों में चलने वाले माफिया गिरोहों पर की गयी उनकी ख़बर को काफी सराहा गया। कापी एडिटिंग और रिपोर्टिंग में दक्ष ऋषि अपनी विशेष शैली के लिए जाने जाते हैं।

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