जानिए क्यों CBI ने पूर्व सीएम हरीश रावत और एक पत्रकार पर किया केस दर्ज?

उत्तराखंड की राजनीति से जुड़ी बड़ी खबर सामने आई है। विधायकों की ख़रीद-फ़रोख़्त के आरोप में सीबीआई ने उत्तराखंड के पूर्व सीएम हरीश रावत के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है।

देहरादून: उत्तराखंड की राजनीति से जुड़ी बड़ी खबर सामने आई है। विधायकों की ख़रीद-फ़रोख़्त के आरोप में सीबीआई ने उत्तराखंड के पूर्व सीएम हरीश रावत के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है।

ये मामला साल 2016 का बताया जा रहा है। इतना ही नहीं इस मामले में त्रिवेंद्र सरकार में कैबिनेट मंत्री रहे हरक सिंह रावत और स्टिंग में शामिल टीवी पत्रकार के ख़िलाफ़ भी मुकदमा दर्ज किया गया है।

बताते चले कि नैनीताल हाईकोर्ट ने पिछले महीने की 30 तारीख को ही सीबीआई को इस मामले में एफ़आईआर दर्ज करने की छूट दी थी।

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क्या है आरोप?

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हरीश रावत के खिलाफ विधायकों की कथित खरीद-फरोख्त का आरोप है। साल 2016 में एक निजी समाचार चैनल ने हरीश रावत का स्टिंग ऑपरेशन किया था।

इसके बाद उत्तराखंड में कांग्रेस सरकार गिर गई और सरकार गिरने के बाद राज्यपाल की संस्तुति से हरीश रावत के खिलाफ सीबीआई ने जांच शुरू की थी।

सीबीआई ने विधायक खरीद-फरोख्त मामले में पिछले दिनों नैनीताल हाई कोर्ट में मॉडिफिकेशन एप्लीकेशन दायर की थी, जिसमें कहा गया कि इस मामले में सीबीआई की प्रारंभिक जांच पूरी हो चुकी है। अब इस मामले में हरीश रावत की गिरफ्तारी करना चाहती है।

दिल्ली में कांग्रेस के बागी विधायकों ने एक स्टिंग की सीडी जारी की थी। हरीश रावत ने कहा था कि बीजेपी सीबीआई जांच के बहाने उन्हें जेल भेजना चाहती है। हरीश रावत ने स्टिंग में दिखाए गए बागी विधायकों की खरीद-फरोख्त के आरोपों खारिज किया है ।

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