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सपा के टिकट पर मैनपुरी से लड़ेंगे मुलायम, सियासी अटकलों पर लगा विराम

लोकसभा चुनाव नजदीक आने के साथ ही हर कोई यह जानना चाहता है कि सपा के संस्थापक और पूर्व सीएम मुलायम सिंह यादव का आशीर्वाद किसे मिलता है। ऐसे में सपा नेता रामगोपाल यादव ने बड़ा ऐलान किया है।

Anoop Ojha

Anoop OjhaBy Anoop Ojha

Published on 5 Jan 2019 10:55 AM GMT

सपा के टिकट पर मैनपुरी से लड़ेंगे मुलायम, सियासी अटकलों पर लगा विराम
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इटावा: लोकसभा चुनाव नजदीक आने के साथ ही हर कोई यह जानना चाहता है कि सपा के संस्थापक और पूर्व सीएम मुलायम सिंह यादव का आशीर्वाद किसे मिलता है। ऐसे में सपा नेता रामगोपाल यादव ने बड़ा ऐलान किया है। उन्होंने कहा कि मुलायम सिंह यादव अगले लोकसभा चुनाव में सपा के टिकट पर मैनपुरी सीट से चुनाव मैदान में उतरेंगे।

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शिवपाल के सपा से अलग होकर नया दल प्रगतिशील समाजवादी मोर्चा बनाने के बाद मुलायम के रुख को लेकर ऊहापोह की स्थिति रही है मगर रामगोपाल के इस ऐलान के बाद बादल छंटने लगे हैं। इससे स्पष्ट है कि आखिरकार उनका आशीर्वाद भाई को नहीं बल्कि बेटे को ही मिलेगा। मीडिया से बातचीत में रामगोपाल ने मुलायम के सपा के टिकट पर चुनाव लडऩे की बात कही। सपा-बसपा गठबंधन के बारे सवाल करने पर रामगोपाल ने कहा कि इस बाबत सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव और बसपा मुखिया मायावती ही ऐलान कर सकते हैं। कांग्रेस को गठबंधन से बाहर रखने के सवाल पर श्री यादव ने कहा कि आप कल्पनात्मक चीजों के बारे में सवाल मत करिए। आप सूबे के दो प्रमुख दलों के गठबंधन का मतलब समझिए।

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रामगोपाल का बयान ऐसी खबरों के बीच महत्वपूर्ण है कि सपा मुखिया अखिलेश और बसपा मुखिया मायावती ने यूपी में सीटों के बंटवारे पर फैसला ले लिया। सपा के सूत्रों के मुताबिक अखिलेश ने इस बाबत मायावती से उनके दिल्ली स्थित आवास पर मुलाकात की थी। हालांकि अभी तक दोनों दलों की ओर से इस बाबत कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है मगर जानकार सूत्रों का कहना है कि दोनों दल यूपी की 37-37 सीटों पर चुनाव लड़ेंगे। यूपी में लोकसभा की 80 सीटें हैं। बाकी छह सीटों को राष्ट्रीय लोकदल और अन्य दलों के लिए छोड़ा गया है। रालोद को तीन सीटें देने की बात कही जा रही है। वैसे यह माना जा रहा है कि सपा-बसपा का गठबंधन भाजपा के लिए ही नहीं बल्कि कांग्रेस के लिए झटका साबित होगा।

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जानकारों का मानना है कि अखिलेश यादव और मायावती के बीच जल्द ही फिर मुलाकात हो सकती है। संभव है कि तब सीटों को लेकर अंतिम रूप दिया जाए। इस मुलाकात में यह तय किया जा सकता है कि किस पार्टी के खाते में कौन सी सीट होगी। वैसे सपा-बसपा दोनों अमेठी और रायबरेली में प्रत्याशी उतारने के मूड में नही हैं। इन दोनों सीटों से क्रमश: कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी व सोनिया गांधी सांसद हैं। भाजपा की ओर से अमेठी में इन दिनों स्मृति ईरानी काफी सक्रिय हैं। सपा-बसपा के इस गठबंधन में निषाद पार्टी को भी लिए जाने की संभावना है। भाजपा से नाराज चल रहे ओमप्रकाश राजभर को भी इसमें शामिल किया जा सकता है।

Anoop Ojha

Anoop Ojha

Excellent communication and writing skills on various topics. Presently working as Sub-editor at newstrack.com. Ability to work in team and as well as individual.

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