प्रमोद तिवारी व आराधना का बड़ा बयान, CAA भाजपा सरकार के लिए हिमायलन ब्लंडर

प्रमोद तिवारी व आराधना मिश्रा ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केन्द्रीय गृह मन्त्री अमित शाह से अपील की कि वे तत्काल इस कानून को वापस लें, तथा जनता से संवाद करें और उन्हें संतुष्ट करें, और यह आग जो देश- प्रदेश में लगी है उसे बुझायें ।

लखनऊ। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता प्रमोद तिवारी एवं कांग्रेस विधान मण्डल दल नेता आराधना मिश्रा ‘‘मोना’’ ने कहा है कि नागरिकता संशोधन कानून भाजपा सरकार के लिए ‘‘हिमालयन ब्लंडर’’ साबित होगा।

प्रमोद तिवारी व आराधना मिश्रा ने कहा है कि उत्तर प्रदेश में पिछले 3- 4 दिनों में नागरिकता संशोधन कानून का विरोध करते हुये नौ से अधिक लोगों की मृत्यु दुःखद और दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केन्द्रीय गृह मन्त्री अमित शाह से अपील की कि वे तत्काल इस कानून को वापस लें, तथा जनता से संवाद करें और उन्हें संतुष्ट करें, और यह आग जो देश- प्रदेश में लगी है उसे बुझायें ।

मुद्दों से ध्यान हटाने की कोशिश

प्रमोद तिवारी व आराधना मिश्रा ने आरोप लगाया कि पिछले 3- 4 महीने से लगातार देश में अपने आर्थिक मोर्चे पर असफलता को छिपाने के लिये ‘‘मोदी सरकार’’ असामयिक निर्णय ले रही है जिससे जनता का ध्यान पिछले 45 सालों में सबसे ज्यादा बेरोजगारी, विगत 3 सालों में सर्वाधिक महंगाई, अराजकता और आर्थिक बर्बादी से हट सके, यह अत्यंत खतरनाक रास्ता है ।
प्रमोद तिवारी व आराधना मिश्रा ने आम जनता से अपील की है कि हर हाल में अमन और शांति बनाये रखें तथा आन्दोलन जो भारत देश के पवित्र संविधान की रक्षा के लिये हो रहा है उसे किसी भी परिस्थिति में, किसी भी स्तर पर हिंसक न होने दें, और शांति – सौहार्द तथा अमन चैन बनाये रखें ।

संविधान के विपरीत

प्रमोद तिवारी व आराधना मिश्रा  ने कहा यह संशोधन भारतीय संविधान के अनुच्छेद 14, 15 और 21 के विपरीत है, यही नहीं संविधान के प्रथम पृष्ठ पर अंकित पस्तावना (प्रियेम्बल की ‘‘मूल भावना’’ के विरुद्ध है, जो समानता की गारण्टी तथा आम आदमी के मौलिक अधिकारों का हनन है । इसके खिलाफ आन्दोलन भारतीय संविधान की उसी मूल भावना की रक्षा के लिये है, और इसकी रक्षा संविधान की मूल भावना के अनुरूप ही होनी चाहिए, हिंसा किसी भी स्तर पर ठीक नहीं है ।

हम ‘‘गंगा -जमुनी तहजीब’’ के ‘‘गांधीवादी आन्दोलन’’, जो नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ है, और संविधान की रक्षा के लिये है, उसके लिये अपना समर्थन व्यक्त करते हैं ।

लड़ाई अमीर गरीब की

प्रमोद तिवारी व आराधना मिश्रा ने कहा है कि सीएए और एनआरसी का मुद्दा ‘‘बहुसंख्यक बनाम अल्पसंख्यक’’ का विवाद नहीं है बल्कि ये ‘‘अमीर बनाम गरीब’’ का विवाद है । अपनी नागरिकता को साबित करने के लिये अमीर के पास सैकड़ों हथकण्डे है परन्तु गरीब, अशिक्षित, दलित, पीडि़त और पिछड़े लोगों के लिये अपनी नागरिकता साबित करना मुश्किल तथा कष्टप्रद रास्ता है, इसीलिए यह नागरिकता संशोधन कानून लाया गया तो जब एनआरसी लागू होगी तो सबसे अधिक नुकसान गरीब लोगों का ही होगा, अतः ये लड़ाई अमीर बनाम गरीब की है ।

हिंसक न बनाएं आंदोलन

नेता द्वय ने कहा है कि भारतीय जनतापार्टी की हर कोशिश है कि इस आन्दोलन को हिंसक बनाया जाय- परन्तु आन्दोलनकारी इसे हिंसक न होने दें, और गांधी जी के बताये राह पर चलकर अहिंसा के दामन को न छोंड़े । संविधान की रक्षा भी करें, पूरी शक्ति के साथ गांधीवादी तरीके से आन्दोलन चलायें, और शांति भी बनाये रखें, तथा हिंसा किसी भी स्तर पर न होने दें ओर न ही करें ।

भाजपा ने शुरू से ही पिछड़ों को ठगने का काम कियाः अजय कुमार लल्लू

उप्र कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अजय कुमार लल्लू ने कहा है कि कांग्रेस ने हमेशा पिछड़ों का सम्मान रखा है और वर्तमान प्रदेश कांग्रेस कमेटी में पिछड़े वर्ग को सम्मानजनक प्रतिनिधित्व दिया गया है। आने वाले समय में प्रदेश में पिछड़ों को संगठन व सत्ता में भागीदारी दिलाई जाएगी। उन्होने वर्तमान सरकार को कठघरे में खड़ा करते हुए कहा कि भारतीय जनता पार्टी ने शुरू से ही पिछड़ों को ठगने का काम किया है।

पिछड़ा वर्ग कांग्रेस के साथ

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष मुख्यालय में प्रदेश के विभिन्न मंडलों के पिछड़ा एवं अतिपिछड़ा (अल्पसंख्यक पिछड़ा वर्ग) के प्रतिनिधियों की बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होने कहाकि देश व प्रदेश में बेरोजगारी, महिला उत्पीड़न, बलात्कार, हत्या जैसे जघन्य घटनाओं और अपनी विफलताओं को छिपाने के लिए भारतीय जनता पार्टी की सरकार तरह-तरह के हथकण्डे अपना रही है। उन्होंने कहा कि पिछड़ा वर्ग भाजपा की कुत्सित चाल को समझ चुका है और वह अब इनके बहकावे में आने वाला नहीं है। प्रदेश में पिछड़ा वर्ग कांग्रेस पार्टी के पक्ष में लामबन्द हो रहा है।

बैठक की अध्यक्षता कर रहे कार्यक्रम के संयोजक एवं पूर्व सांसद राजा राम पाल राष्ट्रीय सचिव ने कहा कि पिछड़ों और अतिपिछड़ों को जोड़कर उन्हें मुख्य धारा में लाने का काम किया जायेगा जिसके तहत 26 दिसम्बर 2019 से 13 जनवरी 2020 तक प्रदेश के सभी मंडलों में मंडलवार बैठकें, नुक्कड़ सभाएं करके पिछड़ों व अतिपिछड़ों को कांग्रेस संगठन से जोड़ने का काम किया जायेगा।

शैलेश कांग्रेस विधि प्रकोष्ठ के उपाध्यक्ष मनोनीत

कांग्रेस संगठन के प्रति अभिरूचि, कार्यकुशलता एवं अधिवक्ता समाज में अच्छा प्रभाव को देखते हुए उ0प्र0 कांग्रेस विधि विभाग के चेयरमैन गंगा सिंह एडवोकेट ने शैलेष त्रिपाठी एडवोकेट को उप्र कांग्रेस विधि विभाग का उपाध्यक्ष मनोनीत किया है। इसी के साथ किरन बाजपेयी को वरिष्ठ उपाध्यक्ष एवं हरिश्चन्द्र त्रिपाठी को उपाध्यक्ष मनोनीत किया है।