महिला सशक्तिकरण के बारे में बोलने वाली मेनका गांधी ने मीडिया कर्मी को दिया ये जवाब

पूर्व केंद्रीय मंत्री व सांसद मेनका गांधी ने बुधवार को कहा कि मैं बहुत खुश हूं, पिछले पांच सालों में बहुत तेजी से महिला सशक्तिकरण बढ़ा है।

सुल्तानपुर: पूर्व केंद्रीय मंत्री व सांसद मेनका गांधी ने बुधवार को कहा कि मैं बहुत खुश हूं, पिछले पांच सालों में बहुत तेजी से महिला सशक्तिकरण बढ़ा है। इस सशक्तिकरण में हम लोगो ने सुल्तानपुर में सखी केंद्र शुरू किया है। मेनका ने अपने शब्दों से पुलिस की भी पीठ थपथपाई, कहा कि किसी औरत के साथ मारा-मारी, कोई धमकी या बलात्कार चलाए पुलिस भी मदद करती है।

हालांकि महिला सशक्तिकरण और महिलाओं के साथ पुलिस की मदद के दावों की पोल चंद सेकेंड बाद ही फुस हो गई जब मीडिया कर्मी उनसे बताया कि देहात कोतवाली क्षेत्र में पखवारे भर पूर्व एक नाबालिक बालिका की दुष्कर्म के बाद हत्या की गई थी। आज तक पुलिस ने उसमें एक आरोपी को भी गिरफ्तार नही किया। इस पर मेनका गांधी ने ये कहकर पल्ला झाड़ लिया के मामला उनके संज्ञान में नही है। मैं अभी पूछती हूं।

ये भी पढ़ें:कांग्रेस कार्यालय में घुसे भाजपाई, जमकर चले लात घूंसे, कई जख्मी

दरअस्ल बुधवार को जिला पंचायत सभागार में पत्रकारों की कार्यशाला का आयोजन किया गया था। यहां पत्रकारों को संबोधित करते हुए मेनका गांधी ने कहा कि मीडिया हमारी सबसे बड़ी मददगार, ताकि हम जाने क्षेत्र में क्या हो रहा है। उन्होंने कहा होम्योपैथ हास्पिटल जर्जर अवस्था में हैं, मैं आरोग्य के इन्पेक्शन में गई तब पता चला। इसौली में पता चला की एक पीएचसी में एक डाक्टर हैं, आए-आए नही आए कुछ पता नही। हमारे जो वरिष्ठ कर्मचारी हैं वो इतने व्यस्त हो गए हैं के उनको देखने की फुरसत नही। वो तब देखेगे जब आप बढ़ा-चढ़ा कर असलियत दिखा दें।

मेनका गांधी ने कहा कि राजनीति में किसने किसको क्या कहा, और कौन आया कौन गया, इसके बजाए हमे ये बताए के कौन चीज अच्छी बनी और हमे क्या करना चाहिए। लेकिन बिना लाक्षण लगाए। आरोप लगाएं व्यक्तिगत लड़ाई न बनाएं। मेरी सुल्तानपुर में ऐसी कार्यशैली है जैसे एक औरत घर चलाती है। मैं हर चीज में दिलचस्पी रखती हूं और छोटी से छोटी चीजें मेरे लिए बहुत माने रखती हैं। मेरा लक्ष्य है हर एक खुश रहे।

वहीं मीडिया से बात करते हुए मेनका ने महिला सशक्तिकरण के मुद्दे पर सरकार की तारीफ किया। कहा सरकार ने बहुत जोर लगाया, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ हमारे प्रधानमंत्री का स्लोगन था। उन्होंने कमाल करके दिखाया है, पांच साल के अंदर-अंदर जो 870 का एक हजार मर्दों पर वो बढ़ाकर के 940 से भी ऊपर हो गया है। जो अपने आपमें एक करिश्मा है। मुझे पूरा यकीन है के ये मुहिम बढ़ती जाएगी।

बीते फरवरी माह के शुरुआत में शहर के स्टार नर्सिंग होम में इलाज में बरती गई लापरवाही में प्रसूता रुचि पाठक की मौत हो गई थी। गंभीर मामला और वर्ग विशेष से जुड़ा था इसलिए खूब तूल पकड़ा। अधिकारी एक्शन में आए और मुकदमा दर्ज कराया। अड़तालीस घंटों के भीतर मामले को राजनैतिक हवा दी गई और सांसद से लेकर मंत्री तक पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने के लिए उतर आए थे। इस संदर्भ में आज जब मीडिया कर्मी ने रुचि पाठक हत्याकांड पर मेनका गांधी से सवाल किया तो उन्होंने कहा के अस्पताल तो बंद करा दिया गया है। उसका लाइसेंस कैंसिल हुआ है, आरोपी जेल में हैं। और धाराएं बढ़ाने के लिए मैं पुलिस से बात करती हूं।

लेकिन काबिले गौर बात ये है कि रुचि पाठक हत्याकांड में तत्परता दिखाने और महिला सशक्तिकरण की बात करने वाली सांसद पखवारे भर पूर्व कोतवाली देहात थाना क्षेत्र के एक गांव में नाबालिग बालिका की रेप के बाद हत्या किए जाने के मामले से अंजान हैं। पंद्रह दिनो में उनके प्रतिनिधि ने रुचि पाठक केस की तरह सांसद को इस मामले का संज्ञान नही दिलाया। न ही कुड़वार थाना क्षेत्र के एक गांव मे नाबालिग बालिका के रेप के बाद भाजपाईयों ने जिस तरह मेनका गांधी को न केवल केस से अवगत कराया था बल्कि पीड़िता से मिलवाने तक अहम भूमिका निभाई थी उस प्रकार कोतवाली देहात केस में किसी एक ने तत्परता दिखाई।

ये भी पढ़ें:प्रकाश जावड़ेकर- एअर इंडिया में 100 फीसदी हिस्सेदारी खरीद सकेंगे NRI

यही कारण है के आज जब उनसे मीडिया कर्मी ने सवाल किया कि, देहात कोतवाली क्षेत्र में पखवारे भर पूर्व एक नाबालिग बालिका की दुष्कर्म के बाद हत्या की गई थी, आज तक पुलिस ने उसमें एक आरोपी को भी गिरफ्तार नही किया। तो मेनका ने ये कहकर पल्ला झाड़ लिया के मामला उनके संज्ञान में नही है। मैं अभी पूछती हूं। हालांकि मामले के खबर पाकर सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के निर्देश पर सपा का एक डेलीगेशन यहां आया था। जिसका प्रतिनिधित्व नेता प्रतिपक्ष राम गोविंद चौधरी ने किया था।

दोस्तों देश दुनिया की और खबरों को तेजी से जानने के लिए बनें रहें न्यूजट्रैक के साथ। हमें फेसबुक पर फॉलों करने के लिए @newstrack और ट्विटर पर फॉलो करने के लिए @newstrackmedia पर क्लिक करें।